गोला गोकर्णनाथ। बृहस्पतिवार की दोपहर बाद तहसील प्रशासन अचानक शिव मंदिर कॉरिडोर निर्माण में दो घरों के ध्वस्तीकरण के लिए पहुंच गया। इससे परिवार वालों में हड़कंप मच गया। एक घर के अधिग्रहित हिस्से को ध्वस्त कर दिया गया, वहीं जेसीबी खराब होने से दूसरे घर के हिस्से का ध्वस्तीकरण नहीं कराया जा सका।
शिव मंदिर कॉरिडोर निर्माण में तीन माह बाद एकाएक तहसील प्रशासन ने ध्वस्तीकरण की कार्रवाई शुरू कर दी है। नायब तहसीलदार सर्वेश यादव के नेतृत्व में राजस्व निरीक्षक अरुणेश मिश्र, लेखपाल जयप्रकाश वर्मा और अनंत त्रिपाठी के साथ राजस्व टीम शिव मंदिर के निकट प्राचीन कैमी वृक्ष से सटे हुए दो घरों के अधिग्रहित हिस्से को ढहाने के लिए पहुंच गई।
इसमें एक घर के परिवार वालों में बाटू तिवारी और राजन तिवारी ने विवश होकर अनमने ढंग से रजामंदी दे दी। इससे उनके घर का हिस्सा ध्वस्त कर दिया गया। दूसरे घर में जितेंद्र कुमार गुप्ता, वीरेंद्र कुमार गुप्ता, आनंद गुप्ता, और उनके माता-पिता सहित चार परिवार रहते हैं। सभी ने प्रशासन पर मनमानी करने का आरोप लगाते हुए कार्रवाई का विरोध किया। हालांकि जेसीबी खराब होने के कारण तहसील प्रशासन ने कार्रवाई रोक दी है।