{"_id":"69e664c863564b8f670f2d61","slug":"protest-held-by-placing-dilshads-body-on-the-highway-lakhimpur-news-c-120-1-lkh1008-173347-2026-04-20","type":"story","status":"publish","title_hn":"Lakhimpur Kheri News: दिलशाद का शव हाईवे पर रखकर किया प्रदर्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Lakhimpur Kheri News: दिलशाद का शव हाईवे पर रखकर किया प्रदर्शन
Mon, 20 Apr 2026 11:09 PM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
Updated Mon, 20 Apr 2026 11:09 PM IST
विज्ञापन
निघासन क्षेत्र में मौके पर लगी भीड़ व मौजूद पूर्व विधायक आरएस कुशवाहा। स्रोत: वीडियो ग्रैब
निघासन। नयापुरवा गांव में तेंदुए के हमले में चार वर्षीय मासूम की मौत के बाद शाम को माहौल तनावपूर्ण हो गया। पोस्टमाॅर्टम के बाद शव घर पहुंचते ही आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने हाईवे किनारे शव रखकर प्रदर्शन शुरू कर दिया।
उम्मेद अली शनिवार को परिवार के साथ गेहूं की कटाई के लिए मजदूरी पर गए थे। उनके साथ उनका चार वर्षीय पुत्र दिलशाद भी था। खेत में काम के दौरान तेंदुआ मासूम को उठाकर ले गया था।
रविवार देर शाम पोस्टमाॅर्टम के बाद शव गांव पहुंचा तो परिजन और ग्रामीण भड़क उठे। उन्होंने हाईवे किनारे शव रखकर वन विभाग और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। सूचना पर पूर्व विधायक आरएस कुशवाहा मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों को शांत कराने का प्रयास किया। प्रदर्शनकारियों ने मुआवजे और सुरक्षा की मांग को लेकर जमकर हंगामा किया।
विज्ञापन
करीब दो घंटे बाद डिप्टी रेंजर हरिलाल ने मृतक के पिता के खाते में 10 दिन के भीतर पांच लाख रुपये की सहायता राशि दिलाने और परिवार के एक सदस्य को नर्सरी में रोजगार देने का आश्वासन दिया। इसके बाद परिजन और ग्रामीण मान गए और जाम समाप्त कर दिया। मामला शांत होने के बाद देर शाम मासूम के शव को सुपुर्द-ए-खाक कर दिया गया।
विज्ञापन
उम्मेद अली शनिवार को परिवार के साथ गेहूं की कटाई के लिए मजदूरी पर गए थे। उनके साथ उनका चार वर्षीय पुत्र दिलशाद भी था। खेत में काम के दौरान तेंदुआ मासूम को उठाकर ले गया था।
विज्ञापन
रविवार देर शाम पोस्टमाॅर्टम के बाद शव गांव पहुंचा तो परिजन और ग्रामीण भड़क उठे। उन्होंने हाईवे किनारे शव रखकर वन विभाग और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। सूचना पर पूर्व विधायक आरएस कुशवाहा मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों को शांत कराने का प्रयास किया। प्रदर्शनकारियों ने मुआवजे और सुरक्षा की मांग को लेकर जमकर हंगामा किया।
विज्ञापन
करीब दो घंटे बाद डिप्टी रेंजर हरिलाल ने मृतक के पिता के खाते में 10 दिन के भीतर पांच लाख रुपये की सहायता राशि दिलाने और परिवार के एक सदस्य को नर्सरी में रोजगार देने का आश्वासन दिया। इसके बाद परिजन और ग्रामीण मान गए और जाम समाप्त कर दिया। मामला शांत होने के बाद देर शाम मासूम के शव को सुपुर्द-ए-खाक कर दिया गया।