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जंगल गश्त के दौरान धारदार हरियार से वन रक्षक की हत्या

Sat, 20 Oct 2018 06:48 PM IST
न्यूज डेस्क,अमर उजाला,लखीमपुर खीरी
न्यूज डेस्क,अमर उजाला,लखीमपुर खीरी Updated Sat, 20 Oct 2018 06:48 PM IST
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जंगल गश्त के दौरान धारदार हरियार से वन रक्षक की हत्या
murder
 दुधवा टाइगर रिजर्व बफर जोन मैलानी रेंज की महुरेना और जटपुरा बीट में तैनात वन रक्षक सुखपाल सिंह की जंगल गश्त के दौरान अज्ञात हमलावरों ने धारदार हथियार से हत्या कर दी। शनिवार सुबह राहगीरों ने गन्ने खेत किनारे शव पड़ा देखकर वन विभाग और पुलिस को सूचना दी। प्रथम दृष्टया हत्या में वन माफिया का हाथ होने की आशंका जताई जा रही है। मृतक के बेटे विजय की तहरीर पर अज्ञात के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है।
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दुधवा टाइगर रिजर्व बफरजोन के मैलानी रेंज अंतर्गत महुरेना और जटपुरा बीट में तैनात 52 वर्षीय वनरक्षक सुखपाल सिंह शुक्रवार शाम करीब सात बजे अपनी बाइक से जंगल गश्त पर निकले थे। सुखपाल सिंह थाना गोला क्षेत्र के गांव पिपरिया डीह के मूल निवासी थे। उनके पुत्र विजय ने बताया कि रात में करीब डेढ़ बजे घर पर फोन जरूर करते थे। शुक्रवार की रात में फोन नहीं आया तो उसने पिता से बात करने की कोशिश की, लेकिन फोन नाट रिचेबल मिला। इस पर उसने फॉरेस्टर मोहम्मद उमर और राजेंद्र वर्मा को फोन कर सारी बात बताई। दोनों फॉरेस्टर ने विजय को जटपुरा बीट के रामानंदी पुल पर बुला लिया और तलाश की, लेकिन उनका कोई पता नहीं चला। शनिवार सवेरे राहगीरों ने सुखपाल सिंह के शव को बांकेगंज से पसियापुर और सुभानपुर मार्ग पर गन्ने के एक खेत किनारे पड़ा देखा। बाइक उनके शव पर पड़ी थी, जबकि सरकारी राइफल, हेलमेट और चश्मा अलग-अलग स्थानों पर पड़े मिले। सुखपाल के सिर पर धारदार हथियार का वार मिलने और लहूलुहान चेहरे को देखने से लग रहा था की उनकी हत्या की गई है। घटनास्थल पर साक्ष्य बयां कर रहे हैं कि वन रक्षक सुखपाल ने हत्यारों से काफी देर तक संघर्ष किया। सूचना मिलते ही पुलिस और जंगल के अधिकारी-कर्मचारी मौके पर पहुंच गए।
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वन रक्षक सुखपाल सिंह नियमित पेट्रोलिंग करने वाला था। वह वन अपराधियों को लेकर काफी संजीदा रहता था और पेट्रोलिंग रिपोर्ट उन्हें भी देता था। इससे लगता है कि वह वन अपराधियों की आंख की किरकरी बना होगा। इस पहलू पर वन विभाग भी जांच करेगा और हत्यारों को सजा दिलाएगा।
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- रमेश कुमार पांडे, एफडी, दुधवा टाइगर रिजर्व।

फॉरेस्ट गार्ड की हत्या की वजह अभी सामने नहीं आ सकी है। फिलहाल जिस तरह से हत्या की गई है, उससे लगता है कि सुनियोजित ढंग से कई लोगों ने मिलकर घटना को अंजाम दिया है। धारदार हथियार का प्रयोग किया गया है। इससे जंगल के अपराधों से जुड़े लोगों की ओर शक जता है। फिलहाल तीन टीमें गठित की गई हैं। मामले में हर पहलू पर जांच की जा रही है।
- रामलाल वर्मा, एसपी
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