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शुद्ध वातावरण है स्वस्थ जीवन की कुंजी : एडीजे
Tue, 06 Jan 2026 11:22 PM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
Updated Tue, 06 Jan 2026 11:22 PM IST
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लखीमपुर खीरी। आज की रक्षा, कल की सुरक्षा के संदेश के साथ जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से तहसील सभागार में पर्यावरण संरक्षण पर जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में लोगों को स्वच्छ और शुद्ध पर्यावरण के महत्व से अवगत कराया गया।
मुख्य अतिथि विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव एवं एडीजे वीरेंद्र नाथ पांडेय ने बताया कि पर्यावरण संरक्षण अधिनियम वर्ष 1986 में लागू हुआ। स्वच्छ वातावरण में रहना, साफ-सफाई, शुद्ध वायु और शुद्ध जल का सेवन प्रत्येक नागरिक का अधिकार है।
नगर पालिका निरीक्षक मुरारी लाल सूर्यवंशी ने बताया कि नगर में नालियों की नियमित सफाई कराई जा रही है। प्रतिदिन करीब 53 मीट्रिक टन कूड़ा निकलता है, जिसे सूखे और गीले कचरे के रूप में अलग-अलग एकत्र किया जाता है।
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संभागीय परिवहन विभाग के निरीक्षक संजय कुमार ने कहा कि वाहनों के प्रदूषण की नियमित जांच की जा रही है, इसके लिए जिले में 45 प्रदूषण जांच केंद्र संचालित हैं। नायब तहसीलदार सुनील कुमार ने पराली जलाने पर होने वाली कार्रवाई की जानकारी दी। कार्यक्रम का संचालन अधिवक्ता मो. सईद खान ने किया। शिविर में सभी लेखपाल, राजस्व कर्मी और शहर के तमाम लोग मौजूद रहे।
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मुख्य अतिथि विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव एवं एडीजे वीरेंद्र नाथ पांडेय ने बताया कि पर्यावरण संरक्षण अधिनियम वर्ष 1986 में लागू हुआ। स्वच्छ वातावरण में रहना, साफ-सफाई, शुद्ध वायु और शुद्ध जल का सेवन प्रत्येक नागरिक का अधिकार है।
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नगर पालिका निरीक्षक मुरारी लाल सूर्यवंशी ने बताया कि नगर में नालियों की नियमित सफाई कराई जा रही है। प्रतिदिन करीब 53 मीट्रिक टन कूड़ा निकलता है, जिसे सूखे और गीले कचरे के रूप में अलग-अलग एकत्र किया जाता है।
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संभागीय परिवहन विभाग के निरीक्षक संजय कुमार ने कहा कि वाहनों के प्रदूषण की नियमित जांच की जा रही है, इसके लिए जिले में 45 प्रदूषण जांच केंद्र संचालित हैं। नायब तहसीलदार सुनील कुमार ने पराली जलाने पर होने वाली कार्रवाई की जानकारी दी। कार्यक्रम का संचालन अधिवक्ता मो. सईद खान ने किया। शिविर में सभी लेखपाल, राजस्व कर्मी और शहर के तमाम लोग मौजूद रहे।