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खुले में शौच पर टोके जाने से प्रधान के ससुर ने सफाईकर्मी को पीटा
Updated Thu, 12 Jul 2018 10:32 PM IST
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प्रधान के ससुर ने सफाईकर्मी को पीटा
खुले में शौच को जाने पर रोका तो बौखला गए प्रधान के परिवार वाले
नकहा ब्लाक के गांव गुलरिया रैगवां का मामला
अमर उजाला ब्यूरो
लखीमपुर खीरी। नकहा ब्लाक की ग्राम पंचायत गुलरिया रैगवां में शौचालय बना होने के बावजूद प्रधान के परिवार वाले खुले में शौच करने की आदत से मजबूर हैं। फॉलोअप कर रही टीम ने प्रधान के ससुर समेत अन्य लोगों को खुले में शौच करने से रोका, प्रधान के ससुर समेत तीन लोगों ने सफाईकर्मी को अपने घर बुलाकर पीट दिया। साथ ही मारकर नदी में फेंक देने की धमकी दी। इस घटना की जानकारी मिलते ही संगठन ने लामबंद होकर सीडीओ को प्रार्थना पत्र दिया है, जिसमें प्रधान के ससुर समेत तीन नामजदों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के तहत गांवों को खुले में शौच मुक्त (ओडीएफ) करने के लिए निगरानी टीमें लगाई गई हैं, जो सुबह-शाम फॉलोअप कर खुले में शौच जान वालों को शौचालय बनवाने के लिए प्रेरित करती है। नकहा ब्लाक के गुलरिया रैगवां में निगरानी टीम बुधवार को फॉलोअप कर रही थी, तो ग्राम प्रधान आरती के ससुर मेवालाल, उनके भाई त्रिजुगी नारायन सुबह लोटा लेकर खुले में शौच के लिए जाते दिखे। जबकि उनके घर पर सरकारी मदद से शौचालय बना है। टीम में शामिल सफाईकर्मी प्रदीप प्रसाद ने प्रधान के ससुर को खुले में शौच जाने से मना करते हुए घर में बने शौचालय का प्रयोग करने के लिए कहा। इस दौरान हाथ में लोटा लिए मेवालाल की फोटो भी खींच ली गई।
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सदर कोतवाली में दी तहरीर
सीडीओ ने मामले की जांच करने के निर्देश एसडीएम सदर को दिए हैं। इसके साथ ही पीड़ित सफाईकर्मी प्रदीप प्रसाद ने प्रधान के ससुर मेवालाल, त्रिजुगी नारायन और वारिस अली के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए तहरीर दी है। कोतवाल अशोक कुमार पांडेय ने बताया कि तहरीर के आधार पर आरोपियों के खिलाफ सुसंगत धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की गई है।
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गांवों को दो ख्नअक्तूबर 2018 तक ओडीएफ किया जाना है, जिसके लिए निगरानी टीमें दिन-रात काम में लगी। उनके साथ ऐसी घटना कतई बर्दाश्त नहीं की जाएगी। दोषियों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
-रवि रंजन, सीडी
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प्रधान के ससुर ने सफाईकर्मी को पीटा
खुले में शौच को जाने पर रोका तो बौखला गए प्रधान के परिवार वाले
नकहा ब्लाक के गांव गुलरिया रैगवां का मामला
अमर उजाला ब्यूरो
लखीमपुर खीरी। नकहा ब्लाक की ग्राम पंचायत गुलरिया रैगवां में शौचालय बना होने के बावजूद प्रधान के परिवार वाले खुले में शौच करने की आदत से मजबूर हैं। फॉलोअप कर रही टीम ने प्रधान के ससुर समेत अन्य लोगों को खुले में शौच करने से रोका, प्रधान के ससुर समेत तीन लोगों ने सफाईकर्मी को अपने घर बुलाकर पीट दिया। साथ ही मारकर नदी में फेंक देने की धमकी दी। इस घटना की जानकारी मिलते ही संगठन ने लामबंद होकर सीडीओ को प्रार्थना पत्र दिया है, जिसमें प्रधान के ससुर समेत तीन नामजदों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के तहत गांवों को खुले में शौच मुक्त (ओडीएफ) करने के लिए निगरानी टीमें लगाई गई हैं, जो सुबह-शाम फॉलोअप कर खुले में शौच जान वालों को शौचालय बनवाने के लिए प्रेरित करती है। नकहा ब्लाक के गुलरिया रैगवां में निगरानी टीम बुधवार को फॉलोअप कर रही थी, तो ग्राम प्रधान आरती के ससुर मेवालाल, उनके भाई त्रिजुगी नारायन सुबह लोटा लेकर खुले में शौच के लिए जाते दिखे। जबकि उनके घर पर सरकारी मदद से शौचालय बना है। टीम में शामिल सफाईकर्मी प्रदीप प्रसाद ने प्रधान के ससुर को खुले में शौच जाने से मना करते हुए घर में बने शौचालय का प्रयोग करने के लिए कहा। इस दौरान हाथ में लोटा लिए मेवालाल की फोटो भी खींच ली गई।
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सदर कोतवाली में दी तहरीर
सीडीओ ने मामले की जांच करने के निर्देश एसडीएम सदर को दिए हैं। इसके साथ ही पीड़ित सफाईकर्मी प्रदीप प्रसाद ने प्रधान के ससुर मेवालाल, त्रिजुगी नारायन और वारिस अली के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए तहरीर दी है। कोतवाल अशोक कुमार पांडेय ने बताया कि तहरीर के आधार पर आरोपियों के खिलाफ सुसंगत धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की गई है।
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गांवों को दो ख्नअक्तूबर 2018 तक ओडीएफ किया जाना है, जिसके लिए निगरानी टीमें दिन-रात काम में लगी। उनके साथ ऐसी घटना कतई बर्दाश्त नहीं की जाएगी। दोषियों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
-रवि रंजन, सीडी