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हंगामा के बाद शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया
कुशीनगर (ब्यूरो)
Updated Wed, 05 Apr 2017 12:21 AM IST
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हंगामा के बाद शव भेजा
- फोटो : अमर उजाला
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दुदही/बरवापट्टी। अमवा दीगर गांव के सुभाष सिंह की मौत का कारण जानने के लिए प्रशासन ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मौत का कारण बीमारी बताए जाने से नाराज महिलाओं ने हंगामा किया। मौके पर पहुंचे तहसीलदार ने लोगों को समझा बुझाकर शांत कराया। क्षेत्रीय विधायक ने भी पीड़ित पक्ष को हर संभव मदद का आश्वासन दिया।
दुदही ब्लाक के गांव अमवा दीगर निवासी सुभाष सिंह कुल 12 डिस्मिल जमीन के मालिक थे। बड़ी बेटी ज्योति की शादी के लिए यह जमीन उन्होंने कुछ वर्ष पहले बेच दी थी। भूमिहीन होने के बाद तीन बच्चों व पत्नी का पेट पालने के लिये मजदूरी करते थे। परंतु स्वास्थ्य खराब होने के कारण मजदूरी भी बंद हो गई। जिंदगी दूसरों के रहमो करम पर कटने लगी। भर पेट भोजन नहीं मिलने के कारण पति-पत्नी कई अन्य बीमारियों की चपेट में आ गए। करीब एक सप्ताह पहले सुभाष कोटेदार के यहां राशन के लिए गए तो उसने सूची में नाम न होने पर राशन देने से मना कर दिया। इस चिंता में सुभाष की हालत और बिगड़ गई। सोमवार को इलाज के दौरान मेडिकल कॉलेज में मौत हो गई। रात में शव गांव आया। मंगलवार को सुबह इस मामले को लेकर गांव में माहौल गरमाने लगा। ग्राम प्रधान राजकुमार ने जब मौत की वजह बीमारी बताई तो तमाम महिलाओं ने हंगामा शुरू कर दिया। इसकी जानकारी होने पर पहुंचे तहसीलदार ने कोटेदार व अन्य दोषियों के विरुद्घ जांच कराकर कार्रवाई का आश्वासन दिया। इसके अलावा बरवापट्टी पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मामले की जानकारी पाकर तमकुहीराज के विधायक अजय कुमार लल्लू भी मौके पर पहुंचे और पीड़ित परिवार को सांत्वना देते हुए हर संभव मदद का भरोसा दिलाया।
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दुदही ब्लाक के गांव अमवा दीगर निवासी सुभाष सिंह कुल 12 डिस्मिल जमीन के मालिक थे। बड़ी बेटी ज्योति की शादी के लिए यह जमीन उन्होंने कुछ वर्ष पहले बेच दी थी। भूमिहीन होने के बाद तीन बच्चों व पत्नी का पेट पालने के लिये मजदूरी करते थे। परंतु स्वास्थ्य खराब होने के कारण मजदूरी भी बंद हो गई। जिंदगी दूसरों के रहमो करम पर कटने लगी। भर पेट भोजन नहीं मिलने के कारण पति-पत्नी कई अन्य बीमारियों की चपेट में आ गए। करीब एक सप्ताह पहले सुभाष कोटेदार के यहां राशन के लिए गए तो उसने सूची में नाम न होने पर राशन देने से मना कर दिया। इस चिंता में सुभाष की हालत और बिगड़ गई। सोमवार को इलाज के दौरान मेडिकल कॉलेज में मौत हो गई। रात में शव गांव आया। मंगलवार को सुबह इस मामले को लेकर गांव में माहौल गरमाने लगा। ग्राम प्रधान राजकुमार ने जब मौत की वजह बीमारी बताई तो तमाम महिलाओं ने हंगामा शुरू कर दिया। इसकी जानकारी होने पर पहुंचे तहसीलदार ने कोटेदार व अन्य दोषियों के विरुद्घ जांच कराकर कार्रवाई का आश्वासन दिया। इसके अलावा बरवापट्टी पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मामले की जानकारी पाकर तमकुहीराज के विधायक अजय कुमार लल्लू भी मौके पर पहुंचे और पीड़ित परिवार को सांत्वना देते हुए हर संभव मदद का भरोसा दिलाया।
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