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Kanpur News: जियोटैगिंग आधारित ऑनलाइन व्यवस्था को लिया जाए वापस
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कानपुर। भारतीय कृषि उत्पाद उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल की ओर से शनिवार को नौबस्ता गल्ला मंडी में व्यापारी संवाद कार्यक्रम हुआ। इस दौरान एक जुलाई से मंडी समिति की ओर से प्रस्तावित जियोटैगिंग एप आधारित ऑनलाइन व्यवस्था को वापस लेने की मांग उठाई गई। तय हुआ कि 22 से 30 जून तक प्रदेशव्यापी व्यापारी आंदोलन किया जाएगा। बताया गया कि दो दिवसीय बुंदेलखंड दौरे में मंडी एवं कृषि उत्पाद व्यापारियों व उद्यमियों से संवाद भी किया जाएगा।
राष्ट्रीय अध्यक्ष ज्ञानेश मिश्रा ने कहा कि वर्ष 2020 से मंडियों में नौ आर, छह आर, गेट पास, प्रवेश पर्ची और स्टॉक सीमा जैसी ऑनलाइन व्यवस्थाएं संचालित हैं। ऐसे में समानांतर नई ऑनलाइन व्यवस्था लागू करना ईज ऑफ डूइंग बिजनेस की अवधारणा के विपरीत है। उन्होंने बताया कि गेट पास जारी होने के बाद निर्धारित समय सीमा बेहद कम रखी गई है जिसके कारण अधिकांश वाहन समय से गंतव्य तक नहीं पहुंच पाते और उन पर जुर्माना लगाया जा रहा है।
मंडी समिति के लाइसेंस नवीनीकरण के दौरान पहले से गारंटर दे चुके व्यापारियों से दोबारा गारंटर मांगे जाने का भी विरोध किया जाएगा। उन्होंने कहा कि नौ क्विंटल से अधिक और पूरे ट्रक से कम कृषि उत्पाद ट्रांसपोर्टनगर भेजने की स्थिति में वाहनों की दोहरी टैगिंग व्यावहारिक नहीं है। इसलिए प्रस्तावित व्यवस्था को तत्काल वापस लिया जाना चाहिए। मौके पर रोशन गुप्ता, मनोज गुप्ता, अर्जित गुप्ता, राजेंद्र मिश्र, मनोज द्विवेदी, शिवकुमार गुप्ता, अनीस शुक्ला सहित कई व्यापारी मौजूद रहे।
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राष्ट्रीय अध्यक्ष ज्ञानेश मिश्रा ने कहा कि वर्ष 2020 से मंडियों में नौ आर, छह आर, गेट पास, प्रवेश पर्ची और स्टॉक सीमा जैसी ऑनलाइन व्यवस्थाएं संचालित हैं। ऐसे में समानांतर नई ऑनलाइन व्यवस्था लागू करना ईज ऑफ डूइंग बिजनेस की अवधारणा के विपरीत है। उन्होंने बताया कि गेट पास जारी होने के बाद निर्धारित समय सीमा बेहद कम रखी गई है जिसके कारण अधिकांश वाहन समय से गंतव्य तक नहीं पहुंच पाते और उन पर जुर्माना लगाया जा रहा है।
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मंडी समिति के लाइसेंस नवीनीकरण के दौरान पहले से गारंटर दे चुके व्यापारियों से दोबारा गारंटर मांगे जाने का भी विरोध किया जाएगा। उन्होंने कहा कि नौ क्विंटल से अधिक और पूरे ट्रक से कम कृषि उत्पाद ट्रांसपोर्टनगर भेजने की स्थिति में वाहनों की दोहरी टैगिंग व्यावहारिक नहीं है। इसलिए प्रस्तावित व्यवस्था को तत्काल वापस लिया जाना चाहिए। मौके पर रोशन गुप्ता, मनोज गुप्ता, अर्जित गुप्ता, राजेंद्र मिश्र, मनोज द्विवेदी, शिवकुमार गुप्ता, अनीस शुक्ला सहित कई व्यापारी मौजूद रहे।
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