चंद्रयान के नाम से कानपुर में होगी सड़क: नगर निगम सदन की बैठक में हुई घोषणा, भाजपा और सपा पार्षदों में कहासुनी
Kanpur News: जलकल जीएम केपी आनंद के सही जवाब न देने और जीएम द्वारा आउटसोर्स कर्मियों की डिमांड करने पर महापौर का पारा चढ़ गया। महापौर ने फटकार लगाते हुए कहा कि 250 कर्मचारी नगर निगम में खाली बैठे रहते हैं।
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कानपुर नगर निगम सदन की शनिवार को हुई बैठक में पानी और सीवर समस्या के लिए पार्षदों ने जलकल और जल निगम अफसर को घेरा। महापौर प्रमिला पांडेय ने जल निगम के सहायक अभियंता सहावेज इकबाल को कमरे में बंद करने की धमकी दी। चंद्रयान के नाम से शहर की एक सड़क के नामकरण का ऐलान किया।
पहले बोलने के लिए भाजपा और सपा पार्षदों में कहासुनी भी हुई। इस पर भाजपा पार्षद दल के उप नेता नवीन पंडित ने सपा पार्षद दल के नेता अभिषेक गुप्ता मोनू को माइक देकर मामला शांत कराया। 3:45 सदन की बैठक 10 मिनट के लिए स्थगित कर दी गई।
बता दें कि शनिवार को कानपुर नगर निगम सदन की कार्रवाई दोपहर दो बजे अशोक नगर चौराहे पर लगी अमर जवान ज्योति को शिव जेल की तरफ से बंद करने के मुद्दे से हुई। कांग्रेस पार्षद दल के नेता हाजी सुहैल ने शहीदों के अपमान का मुद्दा उठाते हुए निशाना साधा।
लौ जलाने की जिम्मेदारी सीयूजीएल की थी
उन्होंने बताया कि अशोक नगर चौराहा पर लगी शहीदों की लौ जलाने की जिम्मेदारी सीएनजी गैस सप्लाई कंपनी सीयूजीएल की थी, लेकिन कंपनी की लापरवाही से लौ बंद हो गई। ये हमारे शहीदों का अपमान है। महापौर प्रमिला पांडेय ने कड़ी कार्रवाई के आदेश देते हुए कहा कि शहीदों के अपमान को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
अपने खर्च पर शहीदों की लौ जलाएगा निगम
उन्होंने नगर आयुक्त को आदेश दिए कि शहर में सीयूजीएल गैस कंपनी काम न कर सके। महापौर ने कहा कि यह कंपनी अब नगर निगम की एक इंच जमीन भी प्रयोग न कर सके। महापौर ने कहा कि नगर निगम अब अपने खर्च पर शहीदों की लौ जलाएगा। जब तक नगर निगम रहेगा, तब तक शहीदों की लौ बुझने नहीं दी जाएगी।
महापौर बोलीं- तुमको कमरे में बंद करा दूंगी
सीवर सफाई के मुद्दे पर पूरे सदन में पार्षदों ने हंगामा कर दिया। मामले में जवाब देने के लिए जल निगम सहायक अभियंता को बुलाया गया। सहायक अभियंता एस इकबाल से महापौर ने कहा कि तुमको कमरे में बंद कर दूंगी। तुम लोगों की वजह से हम लोगों को सुनने को मिलता है। महापौर ने तत्काल उच्च अधिकारी को बुलाने को कहा।
नगर निगम में खाली बैठते हैं 250 कर्मी
जलकल जीएम केपी आनंद के सही जवाब न देने और जीएम द्वारा आउटसोर्स कर्मियों की डिमांड करने पर महापौर का पारा चढ़ गया। महापौर ने फटकार लगाते हुए कहा कि 250 कर्मचारी नगर निगम में खाली बैठे रहते हैं। उनको जलकल में क्यों नहीं तैनात किया जाता है। उनको तैनात कर वाटर टैक्स की वसूली कराई जाए।