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कानपुर जल संकट: बर्तनों में पानी जमा कर काम चला रहे दक्षिणवासी, नहर से पानी आने में लगेगें तीन दिन
Sat, 30 May 2020 10:42 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Sat, 30 May 2020 10:42 PM IST
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पानी की किल्लत से जूझते लोग
- फोटो : amar ujala
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कानपुर की दादा नगर नहर में पानी आने में अभी तीन दिन का समय और लग सकता है। ऐसे में दक्षिणवासी इस किल्लत से निपटने के लिए घरों के छोटे बर्तनों से लेकर बड़े ड्रमों तक में पानी जमा कर रहे हैं।
करीब पांच दिनों से जलकल शास्त्री चौक के पास स्थित जलनिगम के वॉल्व की मदद से तीन लाख की आबादी में से करीब 40 प्रतिशत लोगों को ही एक वक्त का पानी मुहैया करा पा रहा है। बाकी लोग आसपास मोहल्लों में लगे हैंडपंप और सबमर्सिबल के सहारे हैं।
कन्नौज में निर्माण कार्य के चलते सिंचाई विभाग ने सप्ताह भर पहले नहर का पानी रोक दिया। इससे गुजैनी वाटर वर्क्स को पानी न मिलने से दक्षिण की बड़ी आबादी के सामने पानी का संकट खड़ा हो गया है। 24 घंटे में एक बार पानी मिलने से लोग पानी जमा करने लगे हैं।
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करीब पांच दिनों से जलकल शास्त्री चौक के पास स्थित जलनिगम के वॉल्व की मदद से तीन लाख की आबादी में से करीब 40 प्रतिशत लोगों को ही एक वक्त का पानी मुहैया करा पा रहा है। बाकी लोग आसपास मोहल्लों में लगे हैंडपंप और सबमर्सिबल के सहारे हैं।
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कन्नौज में निर्माण कार्य के चलते सिंचाई विभाग ने सप्ताह भर पहले नहर का पानी रोक दिया। इससे गुजैनी वाटर वर्क्स को पानी न मिलने से दक्षिण की बड़ी आबादी के सामने पानी का संकट खड़ा हो गया है। 24 घंटे में एक बार पानी मिलने से लोग पानी जमा करने लगे हैं।
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पानी के लिए परेशान हुए लोग
- फोटो : amar ujala
इससे कपड़े, बर्तन और नहाने की समस्या तो कुछ हद तक दूर हुई है लेकिन पेयजल संकट बरकरार है। जलकल के जेई अनिल यादव के अनुसार नहर में पानी आने में करीब तीन दिन लग सकते हैं। इसके बाद ही जलापूर्ति सही हो पाएगी।
हर बार गर्मी में पानी की समस्या खड़ी हो जाती है। इस बार नहर में पानी नहीं है। कभी पाइपलाइन लीकेज तो कभी गंदा पानी आने से लोगों को परेशानी उठानी पड़ती है। इसके बाद भी अधिकारी ध्यान नहीं दे रहे।
संजय कुमार
मोहल्ले के कुछ घरों में सबमर्सिबल पंप लगे हैं। इन्हीं से मदद लेकर लोगों का काम चल रहा है। बर्रा-सात में लगे हैंडपंप से मटमैला पानी आने से इसका कोई इस्तेमाल नहीं हो पाता।
गीतादेवी
पानी की समस्या बरकरार है। घरों में बर्तनों में पानी जमाकर काम चल रहा है। भ्रष्टाचार की वजह से लाइन में जगह-जगह लीकेज है।
पदमादेवी
हर बार गर्मी में पानी की समस्या खड़ी हो जाती है। इस बार नहर में पानी नहीं है। कभी पाइपलाइन लीकेज तो कभी गंदा पानी आने से लोगों को परेशानी उठानी पड़ती है। इसके बाद भी अधिकारी ध्यान नहीं दे रहे।
संजय कुमार
मोहल्ले के कुछ घरों में सबमर्सिबल पंप लगे हैं। इन्हीं से मदद लेकर लोगों का काम चल रहा है। बर्रा-सात में लगे हैंडपंप से मटमैला पानी आने से इसका कोई इस्तेमाल नहीं हो पाता।
गीतादेवी
पानी की समस्या बरकरार है। घरों में बर्तनों में पानी जमाकर काम चल रहा है। भ्रष्टाचार की वजह से लाइन में जगह-जगह लीकेज है।
पदमादेवी