Delhi Blast: डॉ. शाहीन की ऊंची ख्वाहिशों ने तोड़ा परिवार, डॉ. जफर बोले- विदेश गई…लौटकर नहीं आई और तलाक हो गया
Kanpur News: दिल्ली विस्फोट मामले से जुड़ी जीएसवीएम की पूर्व प्रवक्ता डॉ. शाहीन सईद (के तलाकशुदा पति डॉ. हयात जफर ने बताया कि डॉ. शाहीन की विदेश में बसने की ऊंची ख्वाहिशें उनके तलाक का कारण बनीं। वह एक दिन उन्हें छोड़कर चली गईं और तलाक के बाद उनका कोई संपर्क नहीं रहा।
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दिल्ली विस्फोट मामले फंसी डॉ. शाहीन सईद की ऊंची ख्वाहिशों ने न सिर्फ उसका परिवार तोड़ा बल्कि गलत राह पर लाकर खड़ा कर दिया। इन ख्वाहिशों को पूरा करने के लिए उसने अपनी शादीशुदा जिंदगी की बलि दे दी। उनके तलाकशुदा पति डॉ. हयात जफर का कहना है वह विदेश चली गई, फिर लौटकर नहीं आई और तलाक हो गया।
तलाक के बाद तो हमें उसका पता नहीं है कि कहां है। डॉ. शाहीन ने जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज वर्ष 2006 में ज्वाइन किया था। उसी दौरान उसकी मुलाकात डॉ. हयात जफर से हुई। डॉ. हयात उससे सीनियर रहे हैं और शहर में प्रैक्टिस किया करते थे। मुलाकात के कुछ दिनों के बाद दोनों ने शादी कर ली।
रिश्तेदार हैं, दोस्त हैं और खुशहाल जिंदगी
डॉ. हयात कहते हैं कि वह अक्सर यूरोप में बसने के लिए कहा करती थी। इसके जवाब में उससे कहते थे कि यहां सब कुछ तो अपना है। रिश्तेदार हैं, दोस्त हैं और खुशहाल जिंदगी है। अपना देश अपना है, यह सब विदेश में तो नहीं मिलेगा। वह बताते हैं कि परिवार में लड़ाई-झगड़ा नहीं होता रहा है। बस सोच अलग रही।
वाकई में उसने ऐसा रास्ता अपनाया है
इसी में एक दिन छोड़कर चली गई। उसके बाद कोई संपर्क नहीं हुआ। यह भी पता नहीं है कि वह विदेश में है या फिर कहीं और। तलाक होने पर तो सब खत्म ही हो गया है। डॉ. शाहीन के फंस जाने के मामले में बोले कि उन्हें कुछ खास जानकारी नहीं है। फिर हैरत से सवाल करने लगे कि वाकई में उसने ऐसा रास्ता अपनाया है। बोले कि छोड़िए जब उससे कोई वास्ता ही नहीं रहा। इसके बाद बात खत्म कर दी। डॉ. हयात इस वक्त केपीएम हॉस्पिटल में तैनात हैं।
नौकरी छोड़ने के बाद खाड़ी देशों में भी रही डॉ. शाहीन
दिल्ली बम ब्लास्ट में डॉ. शाहीन सईद का नाम आने के बाद जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज के चिकित्सा शिक्षक स्तब्ध रह गए। वरिष्ठ चिकित्सा शिक्षकों में चर्चा रही कि वर्ष 2013 में कॉलेज छोड़ने के बाद डॉ. शाहीन ने खाड़ी देशों में भी काम किया। वर्ष 2021 में डॉ. शाहीन समेत पांच और चिकित्सा शिक्षक बर्खास्त हुए थे।
नियुक्ति पत्र और दूसरे अभिलेख अपने साथ ले गई टीम
उन डॉक्टरों ने भी बिना सूचना नौकरी छोड़ी और नोटिसों का जवाब नहीं दिया। डॉ. शाहीन के मामले में मंगलवार को एटीएस की टीम जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज आई। इसके बाद कॉलेज के चिकित्सा शिक्षकों से संबंधित सेक्शन में जाकर अभिलेख देखे। इसके बाद नियुक्ति पत्र और दूसरे अभिलेख अपने साथ ले गई।
खाड़ी देश सऊदी या कुवैत चली गई
टीम ने कॉलेज के प्राचार्य डॉ. संजय काला समेत अन्य अधिकारियों से भी बात की। बाद में प्राचार्य डॉ. काला ने डॉ. शाहीन की फाइल को मंगवाकर देखा। इस मौके पर कॉलेज के अन्य चिकित्सा शिक्षक भी रहे। चिकित्सा शिक्षकों का कहना था कि डॉ. शाहीन के अचानक नौकरी छोड़कर जाने के बाद पता किया जाता रहा कि वह कहां है। इस पर लोगों ने बताया कि खाड़ी देश सऊदी या कुवैत चली गई है।
कुछ पूछने पर चुप्पी साध लेते रहे
बर्खास्तगी के बाद शाहीन का अनुभव प्रमाणपत्र के लिए आवेदन आया, तो पता चला कि अभी लखनऊ में है। उनका कहना था कि डॉ. शाहीन का मिजाज वैसे गंभीर किस्म का रहा है। कॉलेज में सबसे बातचीत रही। सीनियर होने की वजह से वह विभागाध्यक्ष भी रही। निजी जीवन में विवाद के कारण तलाक की नौबत आई। फार्माकोलॉजी विभाग के चिकित्सा शिक्षक डॉ. शाहीन के संबंध में कुछ पूछने पर चुप्पी साध लेते रहे।