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कोरोना काल में रखें व्रत, डायबिटीज रहेगी कंट्रोल, खाली पेट रहने से शरीर में होता है अच्छे रसायनों का रिसाव
Sun, 23 Aug 2020 03:21 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Sun, 23 Aug 2020 03:21 PM IST
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डायबिटीज और कोरोना
- फोटो : अमर उजाला
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जिनकी ब्लड शुगर हाई रहती है, उनको कोरोना का संक्रमण जल्द होता है। यह जानलेवा हो सकता है। संक्रमण के बाद भी हाई ब्लड शुगर हो सकती है। इस स्थिति से निपटने के लिए सबसे सुरक्षित तरीका है कि सप्ताह में कम से कम एक दिन व्रत रहें या फिर दिन में 14-15 घंटे पेट खाली रखें।
कानपुर डायबिटीज एसोसिएशन के बैनर तले आयोजित पांचवीं वार्षिक कॉन्फ्रेंस वर्चुअल केडीएकॉन-2020 में बताया गया कि पेट खाली रहने पर शरीर में डायबिटीज नियंत्रित करने वाले रसायनों का रिसाव होता है। इस दो दिवसीय आयोजन में यूपी मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया ने आठ क्रेडिट आवर्स दिए हैं।
इसमें देश-विदेश के विशेषज्ञों ने ऑनलाइन हिस्सा लिया। दिल्ली के पद्मश्री डॉ. अनूप मिश्र ने बताया कि शोधों से साबित हो चुका है कि करेला, दालचीनी, लहसुन, अदरक आदि के इस्तेमाल से मोटापा और मधुमेह से बचा जा सकता है। इम्युनिटी बेहतर होने से संक्रमण से भी बचाव होता है।
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कानपुर डायबिटीज एसोसिएशन के बैनर तले आयोजित पांचवीं वार्षिक कॉन्फ्रेंस वर्चुअल केडीएकॉन-2020 में बताया गया कि पेट खाली रहने पर शरीर में डायबिटीज नियंत्रित करने वाले रसायनों का रिसाव होता है। इस दो दिवसीय आयोजन में यूपी मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया ने आठ क्रेडिट आवर्स दिए हैं।
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इसमें देश-विदेश के विशेषज्ञों ने ऑनलाइन हिस्सा लिया। दिल्ली के पद्मश्री डॉ. अनूप मिश्र ने बताया कि शोधों से साबित हो चुका है कि करेला, दालचीनी, लहसुन, अदरक आदि के इस्तेमाल से मोटापा और मधुमेह से बचा जा सकता है। इम्युनिटी बेहतर होने से संक्रमण से भी बचाव होता है।
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अहमदाबाद के डॉ. बंशी बाबू ने मधुमेह में इंजेक्शन के रूप में इस्तेमाल होने वाली दवा जीएलपी के संबंध में जानकारी दी। कोलकाता के डॉ. सुजॉय घोष ने मधुमेह में इस्तेमाल होने वाली डीपीपी-4 इंहेबिटर पर 25 साल के शोध के संबंध में बताया। इसमें अचानक शुगर लेवल गिरने का खतरा नहीं रहता है। मुंबई के हारमोंस रोग विशेषज्ञ डॉ. शशांक जोशी ने बताया कि मधुमेह रोगियों को थायरॉयड होने की संभावना अधिक रहती है। इससे रोगी को थायरॉयड की जांच कराते रहनी चाहिए।
टीबी हो तो सतर्कता बरतें
प्रयागराज की मधुमेह रोग विशेषज्ञ डॉ. सरिता बजाज ने बताया कि टीबी रोगियों को कोरोना संक्रमण से अधिक खतरा रहता है। ऐसे में अगर किसी को टीबी है तो कोरोना से बचाव के लिए ब्लड शुगर नियंत्रित होनी जरूरी है। नहीं तो खतरा दोगुना हो जाता है। डायबिटीज से टीबी पर भी ढंग से नियंत्रण नहीं हो पाता।
डायबिटिक के दिल, गुर्दे का रखें ख्याल
अमेरिका के डॉ. जब्बार सर्ज ने कहा कि डायबिटीज का इलाज करते वक्त रोगी के हृदय और गुर्दों का ध्यान रखना जरूरी है। रोगियों को ऐसी दवाएं दी जाएं जो डायबिटीज कंट्रोल करने के साथ ही उसके हृदय और गुर्दों को सुरक्षित रखें। वहीं, अमेरिकी डॉ. वीवी फोसिंका ने डायबिटीज की नई दवाओं के बारे में जानकारी दी।
टीबी हो तो सतर्कता बरतें
प्रयागराज की मधुमेह रोग विशेषज्ञ डॉ. सरिता बजाज ने बताया कि टीबी रोगियों को कोरोना संक्रमण से अधिक खतरा रहता है। ऐसे में अगर किसी को टीबी है तो कोरोना से बचाव के लिए ब्लड शुगर नियंत्रित होनी जरूरी है। नहीं तो खतरा दोगुना हो जाता है। डायबिटीज से टीबी पर भी ढंग से नियंत्रण नहीं हो पाता।
डायबिटिक के दिल, गुर्दे का रखें ख्याल
अमेरिका के डॉ. जब्बार सर्ज ने कहा कि डायबिटीज का इलाज करते वक्त रोगी के हृदय और गुर्दों का ध्यान रखना जरूरी है। रोगियों को ऐसी दवाएं दी जाएं जो डायबिटीज कंट्रोल करने के साथ ही उसके हृदय और गुर्दों को सुरक्षित रखें। वहीं, अमेरिकी डॉ. वीवी फोसिंका ने डायबिटीज की नई दवाओं के बारे में जानकारी दी।