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जालौन: फसल की कम उपज और कर्ज से परेशान किसान ने की खुदकुशी
Sun, 03 Nov 2019 12:47 PM IST
शिखा पांडेय
यूपी डेस्क, अमर उजाला, जालौन
यूपी डेस्क, अमर उजाला, जालौन
Published by: शिखा पांडेय
Updated Sun, 03 Nov 2019 12:47 PM IST
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मृतक की फाइल फोटो व मौके पर मौजूद परिजन
- फोटो : अमर उजाला
यूपी के जालौन जिले में कर्ज से परेशान किसान ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। इस घटना से परिजनों में कोहराम मच गया। यह घटना सिरसा कलार की है। यहां किसान गोविंद सिंह (55) पुत्र हरनारायण ने शनिवार रात लगभग आठ बजे अपने निजी टियूबबेल पर फांसी लगा ली।
बता दें कि कल रात आठ बजे गोविंद सिंह का भतीजा सौरभ खाना देने गया था। वहां जाकर चाचा को फांसी पर लटका देखा। गोविंद सिंह के दो पुत्र इंद्रजीत (30), अजीत (19) हैं। पत्नी विमल देवी ने
बताया कि खरीफ की फसल में तिल व बाजरा था। बारिश ज्यादा होने से तिल की उपज कम हुई और बाजरा कुछ पानी में सड़ गया कुछ अन्ना जानवरों से नुकसान हुआ।
बैंक से भी किसान क्रेडिट कार्ड बना था जिसका कर्ज नहीं जमा हो पाया। इससे आये दिन वह तनाव में रहते थे। इंस्पेक्टर सौरभ सिंह का कहना है कि इनके पास 16 बीघा जमीन है। 2012 का बैंक का कर्ज है। ग्राम प्रधान रामकरन यादव का कहना है कि खरीफ की फसल की पैदावारी न होना और बैंक कर्ज का जिक्र हमेशा किया करते थे। फसल व कर्ज का सदमा ज्यादा था।
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बता दें कि कल रात आठ बजे गोविंद सिंह का भतीजा सौरभ खाना देने गया था। वहां जाकर चाचा को फांसी पर लटका देखा। गोविंद सिंह के दो पुत्र इंद्रजीत (30), अजीत (19) हैं। पत्नी विमल देवी ने
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बताया कि खरीफ की फसल में तिल व बाजरा था। बारिश ज्यादा होने से तिल की उपज कम हुई और बाजरा कुछ पानी में सड़ गया कुछ अन्ना जानवरों से नुकसान हुआ।
बैंक से भी किसान क्रेडिट कार्ड बना था जिसका कर्ज नहीं जमा हो पाया। इससे आये दिन वह तनाव में रहते थे। इंस्पेक्टर सौरभ सिंह का कहना है कि इनके पास 16 बीघा जमीन है। 2012 का बैंक का कर्ज है। ग्राम प्रधान रामकरन यादव का कहना है कि खरीफ की फसल की पैदावारी न होना और बैंक कर्ज का जिक्र हमेशा किया करते थे। फसल व कर्ज का सदमा ज्यादा था।
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