फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kanpur News ›   Deadly attack on monk in Kanpur, police claim attempted suicide, forensics gathered evidence

साधु पर जानलेवा हमला: पुलिस का दावा- खुदकुशी का किया प्रयास, घायल बोला- मुझे कुछ नहीं पता क्या हो गया

Fri, 02 Sep 2022 07:30 AM IST
हिमांशु अवस्थी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर Published by: हिमांशु अवस्थी Updated Fri, 02 Sep 2022 07:30 AM IST
सार

मैनावती मार्ग पर स्थित गोपालेश्वर धाम में खून से लथपथ साधु मिला था। घायल साधु का कहना है कि क्या हुआ कुछ नहीं पता। वहीं, पुलिस का दावा है कि साधु ने खुदकुशी का किया प्रयास, लेकिन वजह का पता नहीं है।

विज्ञापन
Deadly attack on monk in Kanpur, police claim attempted suicide, forensics gathered evidence
घायल साधु और गोपालेश्वर धाम मंदिर - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

कानपुर मैनावती मार्ग पर स्थित गोपालेश्वर धाम मंदिर में गुरुवार सुबह किचन में एक साधु खून से लथपथ पड़ा मिला। साधु की गर्दन और पैर पर गहरा जख्म था। मंदिर में रहने वाले अन्य साधु व सेवादारों ने उनको हैलट पहुंचाया, जहां उनका इलाज जारी है। घटनास्थल से खून से सना एक चाकू भी बरामद हुआ है। पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि साधु ने खुदकुशी का प्रयास किया था। हालांकि पुलिस साजिश के बिंदु पर भी तफ्तीश कर रही है। कुछ लोगों से पूछताछ भी की है।

विज्ञापन

एसीपी स्वरूपनगर व्रजनारायण सिंह ने बताया कि गंगा बैराज के पास स्थित एक आश्रम में 70 वर्षीय नरेशानंद रहते हैं। वह गोपालेश्वर धाम में आते जाते रहते हैं। दो दिन से वह गोपालेश्वर धाम में रह रहे थे। गुरुवार सुबह करीब साढ़े नौ बजे वह किचन में बर्तन धुल रहे थे। तभी अचानक गिरने की आवाज आई, तो वहां मौजूद अन्य साधु व सेवादार वहां पहुंचे। खून से लथपथ नरेशानंद को अस्पताल पहुंचाया। एसीपी ने बताया कि इलाज जारी है। डॉक्टरों ने उनकी हालत खतरे से बाहर बताई है।

विज्ञापन

मुझे कुछ नहीं पता क्या हो गया
जब जमीन पर नरेशानंद पड़े थे तब वहां मौजूद लोगों ने उनके कई वीडियो बनाए। जिसमें उनसे सभी पूछ रहे थे कि यह कैसे हो गया। किसी ने हमला कर दिया? इस पर नरेशानंद बार-बार यही बोल रहे थे कि उनको नहीं पता क्या हो गया। बीच-बीच में वह अस्पष्ट जवाब दे रहे थे। जब यह पूछा गया कि क्या खुद ही मार लिया तो भी सही जवाब नहीं दे रहे थे। हालांकि एसीपी का कहना है कि जांच के दौरान जब नरेशानंद से बातचीत की गई तो उन्होंने कहा कि दिमाग में कुछ हो गया था, इसलिए मार लिया।

फोरेंसिक ने जुटाए साक्ष्य, लिए फिंगर प्रिंट
मंदिर के किचन, बरामदे में खून फैला हुआ था। फोरेंसिक टीम ने खून से सना चाकू कब्जे में लिया। उससे फिंगर प्रिंट भी लिए। नरेशानंद के फिंगर प्रिंट लेकर उससे मैच कराए जाएंगे। जिससे स्पष्ट हो जाएगा कि खुद अपने आप गर्दन रेती या किसी अन्य ने।

विज्ञापन

बोले थे, उलझन हो रही है...
गोपालेश्वर धाम में महंत कृपालदास, गिल्लनदास, कालिदास, सव्वन, अनिलदास और सेवादास रहते हैं। महंत ने बताया कि गुरुवार सुबह नरेशानंद उनके पास आए थे। कहा था कि उनको उलझन हो रही है। थोड़ी देर बाद कहा कि उनको भूख लगी है। तब वह किचन में गए। बर्तन धुल ही रहे थे कि उसी दौरान घटना हुई।

बता दें कि कानपुर में पुजारी पर जानलेवा हमले का मामला सामने आया है। गोपालेश्वर धाम के पुजारी नरेशानंद घायल हालत में मिले। हमलावरों ने धारदार हथियार से उनकी गर्दन रेती दी। गंभीर हालत में उन्हें हैलट अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घटना की जानकारी मिलते ही संबंधित थाने की पुलिस मौके पर पहुंची और छानबीन में जुट गई। पुलिस ने दो लोगों को हिरासत में लिया है। उनसे पूछताछ की जा रही है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed