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मुकदमा वापस नहीं लेने पर युवक को मारी गोली
अमर उजाला, ब्यूरो
Updated Fri, 19 Feb 2016 02:28 AM IST
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गैंगरेप के प्रयास का मुकदमा वापस नहीं लेने पर आरोपी के परिजनों ने चकेरी में युवक को गोली मार दी। घायल युवक को राहगीरों ने काशीराम ट्रामा सेंटर में भर्ती कराया है। हालत गंभीर होने पर उसे हैलट रेफर कर दिया गया। चकेरी इंस्पेक्टर ने हैलट पहुंचकर घायल का बयान दर्ज किया।
मोती नगर जाजमऊ निवासी मोहम्मद जफर अपने बेटों मुफीद, खुर्शीद के साथ बेल्ट का कारोबार करते हैं। मुफीद (25) ने बताया कि गुरुवार शाम को वह जगईपुरवा मिलेट्री फॉर्म के पास स्थित मजार पर गया था। आरोप है कि वहां से लौटते वक्त बाबूपुरवा निवासी आजम, सोनू सहित चार लोगों ने उसे गोली मार दी।
गोली उसकी कमर में लग गई। घायल मुफीद ने बताया कि दस महीने पहले आजम के बेटे अकरम ने अपने दोस्त आरिफ, टेंगन के साथ बाबूपुरवा में गैंगरेप का प्रयास किया था। विरोध करने पर युवती को तीसरी मंजिल से नीचे फेंक दिया। तीनों आरोपी तब से जेल में बंद हैं और मुफीद मामले की पैरवी कर रहा है।
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बेटे के जेल में बंद होने के चलते आजम काफी दिनों से मुकदमा वापस लेने के लिए दबाव बना रहा था। धमकियों के चलते मुफीद परिवार सहित बाबूपुरवा से जाजमऊ मोतीनगर में शिफ्ट हो गया। चकेरी इंस्पेक्टर ने चार संदिग्धों को उठाया है। जांच चल रही है।
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मोती नगर जाजमऊ निवासी मोहम्मद जफर अपने बेटों मुफीद, खुर्शीद के साथ बेल्ट का कारोबार करते हैं। मुफीद (25) ने बताया कि गुरुवार शाम को वह जगईपुरवा मिलेट्री फॉर्म के पास स्थित मजार पर गया था। आरोप है कि वहां से लौटते वक्त बाबूपुरवा निवासी आजम, सोनू सहित चार लोगों ने उसे गोली मार दी।
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गोली उसकी कमर में लग गई। घायल मुफीद ने बताया कि दस महीने पहले आजम के बेटे अकरम ने अपने दोस्त आरिफ, टेंगन के साथ बाबूपुरवा में गैंगरेप का प्रयास किया था। विरोध करने पर युवती को तीसरी मंजिल से नीचे फेंक दिया। तीनों आरोपी तब से जेल में बंद हैं और मुफीद मामले की पैरवी कर रहा है।
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बेटे के जेल में बंद होने के चलते आजम काफी दिनों से मुकदमा वापस लेने के लिए दबाव बना रहा था। धमकियों के चलते मुफीद परिवार सहित बाबूपुरवा से जाजमऊ मोतीनगर में शिफ्ट हो गया। चकेरी इंस्पेक्टर ने चार संदिग्धों को उठाया है। जांच चल रही है।