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कोरोना: पता करेंगे वैक्सीन के बाद कैसे आता है बदलाव, ब्लड ट्रांसफ्युजन विभाग ने 118 सैंपल एम्स भेजे
Mon, 05 Apr 2021 08:14 PM IST
प्रभापुंज मिश्रा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: प्रभापुंज मिश्रा
Updated Mon, 05 Apr 2021 08:14 PM IST
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कोरोना सैंपल
- फोटो : अमर उजाला
कोरोना की वैक्सीन लगवाने के बाद शरीर के अंदर प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने वाली प्रक्रिया कैसे चलती है? इस संबंध में जीएसवीएम मेडिकल कालेज के ट्रांसफ्युजन विभाग ने शोध शुरू कर दिया है।
वैक्सीनेशन करवा चुके 118 लाभार्थियों के सैंपल एम्स दिल्ली की लैब भेजे गए हैं। इनकी रिपोर्ट से एंटी बॉडीज की संख्या के साथ ही प्रतिरोधक क्षमता के संबंध में और भी राज का खुलासा हो जाएगा।
मेडिकल कालेज के ब्लड ट्रांसफ्युजन विभाग की नोडल अधिकारी डॉ. लुबना खान की अगुवाई में शोध शुरू किया गया है।
इसमें पैथोलॉजी विभाग की डॉ. गरिमा शर्मा, फार्माकोलॉजी विभाग के डॉ. हिमांशु, नेत्र रोग विभागाध्यक्ष डॉ. परवेज खान भी शामिल हैं। डॉ. लुबना खान ने बताया कि शोध के लिए वैक्सीनेटेड लाभार्थियों के सैंपल अलग-अलग समय लिए गए हैं।
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वैक्सीन की पहली और दूसरी डोज के बीच के अंतराल में अलग-अलग समयावधि पर लिए गए सैंपल की जांच से वैक्सीन से होने वाले फायदे के संबंध में पता चलेगा। यह भी पता लग जाएगा कि वैक्सीन से कितनी प्रतिरोधक क्षमता विकसित हो सकती है।
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वैक्सीनेशन करवा चुके 118 लाभार्थियों के सैंपल एम्स दिल्ली की लैब भेजे गए हैं। इनकी रिपोर्ट से एंटी बॉडीज की संख्या के साथ ही प्रतिरोधक क्षमता के संबंध में और भी राज का खुलासा हो जाएगा।
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मेडिकल कालेज के ब्लड ट्रांसफ्युजन विभाग की नोडल अधिकारी डॉ. लुबना खान की अगुवाई में शोध शुरू किया गया है।
इसमें पैथोलॉजी विभाग की डॉ. गरिमा शर्मा, फार्माकोलॉजी विभाग के डॉ. हिमांशु, नेत्र रोग विभागाध्यक्ष डॉ. परवेज खान भी शामिल हैं। डॉ. लुबना खान ने बताया कि शोध के लिए वैक्सीनेटेड लाभार्थियों के सैंपल अलग-अलग समय लिए गए हैं।
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वैक्सीन की पहली और दूसरी डोज के बीच के अंतराल में अलग-अलग समयावधि पर लिए गए सैंपल की जांच से वैक्सीन से होने वाले फायदे के संबंध में पता चलेगा। यह भी पता लग जाएगा कि वैक्सीन से कितनी प्रतिरोधक क्षमता विकसित हो सकती है।