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सरहद पर दुश्मनों को दी मात, कैंसर से हार गए, पार्थिव शरीर पहुंचा घर, नम आंखों के साथ दी गई अंतिम विदाई
Wed, 01 Jul 2020 12:53 PM IST
शिखा पांडेय
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जालौन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जालौन
Published by: शिखा पांडेय
Updated Wed, 01 Jul 2020 12:53 PM IST
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बीमारी से बीएसएफ के जवान की मौत
- फोटो : अमर उजाला
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जालौन जिले में रामपुरा थाना क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम पुरानपुरा निवासी बीएसएफ के जवान रिकपाल (55) पुत्र दशरथ सिंह की बीमारी के चलते मौत हो गई। नम आंखों से उन्हें गांव में श्रद्धांजलि दी गई। जानकारी के अनुसार पुरानपुरा निवासी रिकपाल पुत्र दशरथ सिंह बीएसएफ में सूबेदार के पद पर तैनात थे।
घर के बाहर मौजूद लोग
- फोटो : अमर उजाला
वर्तमान में उनकी पोस्टिंग जम्मू कश्मीर के राजौरी बॉर्डर पर थी। उन्होंने 33 वर्ष सेना में रहकर देश की सेवा की। रिकपाल लंबे समय से कैंसर की गम्भीर बीमारी से जंग लड़ रहे थे। 2 वर्षों से उनका इलाज दिल्ली में चल रहा था।
बिलखते परिजन
- फोटो : अमर उजाला
रिकपाल की दो संताने हैं। जिसमें पुत्री प्रीति सिंह व पुत्र राघवेंद्र हैं। रिकपाल का पार्थिव शरीर गांव पहुंचने पर पूरा गांव शोक में डूब गया। ग्रामीणों ने बताया कि रिकपाल स्वभाव से बड़े ही मिलनसार व्यक्ति थे।
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गमगीन बैठे परिजन
- फोटो : अमर उजाला
देश प्रेम की भावना उनके मन में कूट-कूट कर भारी हुई थी। बॉर्डर पर रहकर कई बार आंतकवादियों से दो-दो हाथ भी किये। रिकपाल के बेटे राघवेंद्र ने बताया कि पिता जी हमेशा उनको भी सेना में भेजने की बात करते रहते थे।
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बिलखते परिजन
- फोटो : अमर उजाला
सेना के जवान के दिवंगत होने की खबर सुनते ही थाना पुलिस के प्रभारी निरीक्षक संजय मिश्रा, उप निरीक्षक हीरा सिंह, उप निरीक्षक मिथलेश कुमार आदि ने पहुंचकर श्रद्धांजलि देते हुए जवान को अंतिम सलामी दी।