Farrukhabad: बहनोई की गोली मारकर हत्या, दोषी साले को उम्रकैद की सजा, 15 हजार जुर्माना भी ठोका
Farrukhabad Crime: मुकदमे की सुनवाई कर रहे न्यायाधीश ने गुरुवार को गवाह व साक्ष्य के आधार पर नन्हें भुर्जी को दोषी करार किया। साक्ष्य के अभाव में बहनोई देशराज को बरी कर दिया।
विस्तार
फर्रुखाबाद जिले में बहनोई की हत्या में दोषी साले को न्यायाधीश ने उम्रकैद की सजा सुनाई। उन्होंने दोषी को 15 हजार रुपये जुर्माना जमा करने का आदेश दिया। जुर्माना नहीं देने पर दोषी को दो वर्ष का अतिरिक्त कारावास भोगना होगा।
कंपिल थाना क्षेत्र के गांव दारापुर निवासी बेचेलाल ने 14 दिसंबर 2006 को कायमगंज कोतवाली के गांव बरझाला निवासी नन्हें भुर्जी व नवाबगंज थाना क्षेत्र के गांव करनपुर निवासी नन्हें के बहनोई देशराज के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था।
इसमें आरोप लगाया कि पुत्र तौला उर्फ विवेक कायमगंज कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला लालबाग निवासी जोधा खां के यहां ट्रक पर हेल्परी करता था। उनके गोदाम पर नन्हें की बहन कमला काम करती थी। तौला उर्फ विवेक की कमला से वर्ष 2004 में शादी की गई थी।
शादी में जेवर कम लाने पर हुआ था विवाद
शादी के दौरान जेवर कम लाने को लेकर नन्हें ने विवाद कर मारपीट की थी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने पुत्र तौला की शादी करवाई थी। कमला कुछ दिन ससुराल में रुकने के बाद मायके चली गई। इसी रंजिश में नन्हें भुर्जी व देशराज ने पुत्र तौला उर्फ विवेक की गोली मारकर हत्या कर दी थी।
साक्ष्य के अभाव में बहनोई बरी
विवेचक ने दोनों आरोपियों के खिलाफ कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की थी। मुकदमे की सुनवाई कर रहे न्यायाधीश ने गुरुवार को गवाह व साक्ष्य के आधार पर नन्हें भुर्जी को दोषी करार किया। साक्ष्य के अभाव में बहनोई देशराज को बरी कर दिया।
कोर्ट ने सुनाई आजीवन कैद की सजा
शुक्रवार को न्यायाधीश ने दोषी नन्हें को आजीवन कैद की सजा सुनाई। 15 हजार रुपये जुर्माना जमा करने के आदेश दिए। जुर्माना नहीं जमा करने पर दोषी को दो वर्ष का अतिरिक्त कारावास भोगना होगा। मामले में कोर्ट के फैसले से मृतक के परिजनों ने खुशी जाहिर की है।