UP: विधायक ने एसडीएम से कहा- इतनी जल्दबाजी क्यों? जिसकी भी इसमें भूमिका है वह नापेगा, पीड़ित को मदद का आश्वासन
Banda News: विधायक प्रकाश द्विवेदी ने एसडीएम से कहा कि बरसात के सीजन में इतना जल्दी कार्रवाई की क्या जरूरत थी। वैसे आदमी कहता है, तो साहब कब्जा है…तो नहीं हटाते है। इतनी जल्दबाजी क्यों? जिसकी भी इसमें भूमिका है वह नापेगा।
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बांदा जिले में कृषक सेवा समिति के जर्जर भवन को गिराने के दौरान एक मकान भी उसकी जद में आ गया। पीड़ित परिवार ने इसके लिए जिला पंचायत अध्यक्ष को दोषी ठहराया। वहीं शनिवार को सदर विधायक ने पीड़ित परिवार से भेंटकर मदद की दिलासा दी। कस्बे के बांदा रोड स्थित कृषक सेवा सहकारी समिति के भवन पर शुक्रवार को प्रशासन ने बुल्डोजर चलवाया। इसी दौरान भवन में काबिज राजेंद्र पांडेय के आवास पर भी कार्रवाई की गई।
राजेंद्र पांडेय के बहू मंजरी पांडेय, प्रीति पांडेय ने बताया कि उनका कोर्ट में मामला चल रहा था। 2016 में समिति का मामला खारिज हो गया था। कुछ दिनों तक माहौल शांत रहा। शुक्रवार को अचानक जिला सहकारी समिति के अध्यक्ष अरुण तिवारी, सचिव जितेंद्र कुमार भदौरिया व अन्य तीन बुल्डोजर लेकर आए और भवन को गिरा दिया। कहा कि परिवारी जन प्रशासन से गुहार लगाते रहे, लेकिन एक न सुनी गई। मंजरी पांडेय ने कहा कि पूरा घटनाक्रम जिला पंचायत अध्यक्ष सुनील पटेल के निर्देशन पर किया गया है।
पीड़ित परिवार को हरसंभव मदद का आश्वासन
बताया कि सुनील जमीन को हथियाने के प्रयास में थे। न मानने पर कार्रवाई की गई। वहीं घटना के दूसरे दिन शनिवार को सदर विधायक प्रकाश द्विवेदी ने मौके पर पहुंचकर पीड़ित परिवार से भेंट की। उन्होंने सीओ सौरभ सिंह, कोतवाली प्रभारी राजेंद्र सिंह राजावत, सोसाइटी के अध्यक्ष व कर्मचारियों से मामले की जानकारी। विधायक ने कहा कि जिला पंचायत अध्यक्ष ने स्थानीय अधिकारियों को बरगलाकर भाजपा कार्यकर्ता के मकान पर बुल्डोजर चलवाया है। कहा कि घटना की जांच कराकर दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी। इस दौरान उन्होंने पीड़ित परिवार को हरसंभव मदद का आश्वासन दिया।
विधायक ने एसडीएम से कही ये बात
विधायक प्रकाश द्विवेदी ने एसडीएम से कहा कि बरसात के सीजन में इतना जल्दी कार्रवाई की क्या जरूरत थी। वैसे आदमी कहता है, तो साहब कब्जा है…तो नहीं हटाते है। इतनी जल्दबाजी क्यों? जिसकी भी इसमें भूमिका है वह नापेगा। कुछ दिन रुक जाते इसके बाद कार्रवाई करते। सुनिए रजत वर्मा जी गोरखपुर कमिश्नर ने आपके खिलाफ क्या लिखा था, कहे तो आपको कागज दे दूंगा। सब कूड़ा करकट यहीं फेक दिया जाता है। हम यह सब बर्दाश्त नहीं करेंगे।