फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kanpur News ›   Advocate said in court, dacoit Mangli Kevat used to commit crimes with illegal weapons, give strict punishment

कोर्ट में अधिवक्ता ने कहा, अवैध असलहों से डकैत मंगली केवट करता था अपराध, दें कड़ी सजा

Wed, 01 Dec 2021 11:39 AM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Wed, 01 Dec 2021 11:39 AM IST
विज्ञापन
Advocate said in court, dacoit Mangli Kevat used to commit crimes with illegal weapons, give strict punishment
कानपुर देहात। माती स्थित अपर जिला सत्र न्यायाधीश फास्ट ट्रैक कोर्ट द्वितीय में डकैत मंगली केवट से अवैध शस्त्र बरामदगी के मामले की सुनवाई हुई। इसमें अभियोजन पक्ष ने अवैध असलहों के बल पर मंगली केवट के अपराध करने की बात रखी और कोर्ट से कड़ी सजा देने की मांग की। वहीं बचाव पक्ष ने बहस के लिए समय मांगा। इस पर कोर्ट ने चार दिसंबर की तारीख दी।
विज्ञापन

डकैत मंगली केवट की निशानदेही पर 17 जुलाई 2006 को एसओजी टीम ने एके 47, सात कारतूस व मैग्जीन महेशपुर गांव के जंगल से बरामद की थी। मामले की सुनवाई अपर जिला सत्र न्यायाधीश फास्ट ट्रैक कोर्ट द्वितीय निजेंद्र कुमार की अदालत में चल रही है। मंगलवार को मामले में बहस हुई। कड़ी सुरक्षा में आरोपी को भी कोर्ट लाया गया था।
विज्ञापन

सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता प्रदीप कुमार पांडेय द्वितीय ने बहस के दौरान कोर्ट को बताया कि कुख्यात डकैत निर्भय गुर्जर के गिरोह में शामिल होकर अपराध की शुरुआत करने वाले मंगली केवट ने कुछ सालों में अपना अलग गिरोह बना लिया था। उसके गिरोह में 24 से अधिक सदस्य थे। उनके पास प्रतिबंधित हथियार भी थे।
विज्ञापन
विज्ञापन

पुलिस ने मंगली केवट की निशानदेही पर एके 47 व कारतूस बरामद किए थे। सहायक शासकीय अधिवक्ता ने मंगली केवट को कड़ी सजा देने की मांग की। वहीं बचाव पक्ष के अधिवक्ता ने इस पर बहस के लिए समय मांगा। कोर्ट ने बहस के लिए चार दिसंबर की तिथि तय की है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed