फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kannauj News ›   The delay in getting money from the bank took the lives of the elderly

बैंक से रुपये निकलने में देरी ने ले ली बुजुर्ग की जान

Tue, 13 Dec 2016 11:44 PM IST
अमर उजाला ब्यूराो/कन्नौज
अमर उजाला ब्यूराो/कन्नौज Updated Tue, 13 Dec 2016 11:44 PM IST
विज्ञापन
The delay in getting money from the bank took the lives of the elderly
देशराज - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो

नोटबंदी ने बुजुर्ग की जान ले ली। वह बैंक से पैसा निकालकर आगरा इलाज कराने के लिए घर से निकला था, लेकिन बैंक की लंबी लाइन में घंटों बीत गए। किसी तरह वह कैश काउंटर पर पहुंचा। रुपये मिलने के चंद मिनट बाद ही उसकी मौत हो गई। इससे गुस्साए लोगों ने किशनी- बिधूना मार्ग जाम कर दिया। बैंक कर्मचारियों के विरुद्ध नारेबाजी कर प्रदर्शन किया।

विज्ञापन


कन्नौज जिले के सौरिख थाना क्षेत्र के दिलावरपुर निवासी देशराज (70) पुत्र हिमांचल की तबीयत खराब चल रही है। उसे बुखार था। परिजनों के मुताबिक वह अपने बेटे विमलेश के साथ सोमवार को बिजनौरा गांव स्थित बैंक आफ इंडिया की शाखा पर गया, लेकिन लाइन लंबी होने की वजह से पैसे नहीं निकाल पाया। मंगलवार को निजी गाड़ी से वह बेटे के साथ दोबारा बैंक पहंचा। योजना थी कि बैंक से पैसे निकालने के बाद इलाज कराने आगरा जाएंगे।
विज्ञापन


देशराज के पुत्र विमलेश ने बताया कि किराये पर गाड़ी लेकर वह पिता के साथ 10 बजे से पहले ही बैंक पहंच गया था। उसने कई बार पिता की बीमारी की बात कहकर 20 हजार  रूपये देने की गुहार लगाई, लेकिन उनकी सुनवाई नहीं हुई। करीब दो घंटे बाद वह पिता को लेकर कैश काउंटर पर पहंचा। कैशियर ने उसे रुपये दिए। रुपये लेकर वह बाहर निकला ही था कि उसके पिता की मौत हो गई। यह बात वहां मौजूद लोगों को पता चली तो वे आक्रोशित हो गए। बैंक कर्मचारियों के खिलाफ नारेबाजी करते हुए किशनी - बिधूना मार्ग को जाम कर दिया।
विज्ञापन
विज्ञापन


एक घंटे के जाम के बाद गांव के कुछ अन्य लोग मौके पर पहुंचे और नारेबाजी कर रहे लोगों को समझाया। इसके बाद परिजन शव को लेकर गांव लौटे। बैंक शाखा प्रबंधक श्याम लाल ने बताया कि बैंक में सुबह से ही भीड़ उमड़ रही है। ऐसे में यह पहचानना मुश्किल होता है कि कौन बीमार है, कौन नहीं। लाइन में लगाए लोग भी किसी दूसरे व्यक्ति को कैश देने पर ऐतराज करते हैं। व्यवस्था बनाए रखने के लिए ही लाइन लगवाई गई थी। देशराज की तबीयत खराब होने के बारे में जानकारी नहीं थी।


पैसे के अभाव में इलाज न होने से गुस्सा थे लोग
चपुन्ना । क्षेत्र के ग्राम दिलावरपुर निवासी किसान देशराज राजपूत की मौत के बाद वहां मौजूद लोगों का धैय जवाब दे गया। जैसे ही उन्हें पता चला कि समय से पैसा नहीं मिलने की वजह से देशराज की मौत हुई है तो वे बैंक प्रबंधन के खिलाफ नारेबाजी करने लगे। इसके बाद किशनी- बिधूना मार्ग जाम कर दिया। हालांकि बाद में स्थानीय लोगों के समझाने पर घंटेभर बाद रास्ता खुला। मृतक के पुत्र ने पुलिस को तहरीर देते हुए शव का पोस्टमार्टम कराने से मना कर दिया।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed