{"_id":"62af7020116ffc3c476a8a03","slug":"crime-sucide-kannauj-kannauj-news-kannauj-news-knp703242490","type":"story","status":"publish","title_hn":"75 फीसदी से कम आए नंबर तो ट्रेन से कटकर दी जान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
75 फीसदी से कम आए नंबर तो ट्रेन से कटकर दी जान
विज्ञापन
सुरजीत की फाइल फोटो।
- फोटो : KANNAUJ
कन्नौज। गुरसहायगंज कोतवाली क्षेत्र के ताखेपुरवा गांव निवासी छात्र ने इंटर में 75 फीसदी से कम नंबर आने पर ट्रेन के आगे कूदकर जान दे दी। रविवार सुबह उसका शव कानपुर-कासगंज रेलवे ट्रैक पर पड़ा मिला।
गुरसहायगंज कोतवाली क्षेत्र के अंतर्गत जसोदा चौकी के ताखेपुरवा गांव निवासी संजीव उर्फ संजय यादव किसान हैं। उनके पुत्र सुरजीत (17) पंडित दीन दयाल उपाध्याय मॉडल इंटर कॉलेज, जसोदा का विद्यार्थी था। उसने इस वर्ष इंटर की परीक्षा दी थी।
शनिवार को परिणाम घोषित हुआ तो उसे साठ फीसदी अंक हासिल हुए। रात लगभग आठ बजे वह घर से बिना बताए निकल गया। गांव के पास ही जसोदा में ट्रेन से कटकर खुदकुशी कर ली। शव पड़ा होने की सूचना पर परिजन मौके पर गए।
विज्ञापन
संजीव ने बताया कि सुरजीत ने 75 फीसदी से अधिक नंबर लाने का वादा किया था। परिजनों और दोस्तों से यह भी किया था कि इससे कम नंबर आए तो आत्महत्या कर लेगा। परिजनों का कहना है कि सुरजीत को साठ फीसदी अंक मिले। इससे हताश होकर उसने खुदकुशी कर ली। छात्र तीन भाई और एक बहन में सबसे बड़ा था। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया।
डॉक्टर बनने का था सपना
सुरजीत डॉक्टर बनना चाहता था। इसी सपने को पूरा करने के लिए सुरजीत ने गणित छोड़ दी और इंटर में बायोलॉजी से परीक्षा दी थी। पंडित दीनदयाल उपाध्याय मॉडल इंटर कॉलेज जसोदा के प्रधानाचार्य शिवमोहन कुशवाहा ने बताया कि सुरजीत पढ़ने में अच्छा था। उसके आत्महत्या करने की जानकारी मिलने के बाद से स्तब्ध हूं।
विज्ञापन
गुरसहायगंज कोतवाली क्षेत्र के अंतर्गत जसोदा चौकी के ताखेपुरवा गांव निवासी संजीव उर्फ संजय यादव किसान हैं। उनके पुत्र सुरजीत (17) पंडित दीन दयाल उपाध्याय मॉडल इंटर कॉलेज, जसोदा का विद्यार्थी था। उसने इस वर्ष इंटर की परीक्षा दी थी।
विज्ञापन
शनिवार को परिणाम घोषित हुआ तो उसे साठ फीसदी अंक हासिल हुए। रात लगभग आठ बजे वह घर से बिना बताए निकल गया। गांव के पास ही जसोदा में ट्रेन से कटकर खुदकुशी कर ली। शव पड़ा होने की सूचना पर परिजन मौके पर गए।
विज्ञापन
संजीव ने बताया कि सुरजीत ने 75 फीसदी से अधिक नंबर लाने का वादा किया था। परिजनों और दोस्तों से यह भी किया था कि इससे कम नंबर आए तो आत्महत्या कर लेगा। परिजनों का कहना है कि सुरजीत को साठ फीसदी अंक मिले। इससे हताश होकर उसने खुदकुशी कर ली। छात्र तीन भाई और एक बहन में सबसे बड़ा था। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया।
डॉक्टर बनने का था सपना
सुरजीत डॉक्टर बनना चाहता था। इसी सपने को पूरा करने के लिए सुरजीत ने गणित छोड़ दी और इंटर में बायोलॉजी से परीक्षा दी थी। पंडित दीनदयाल उपाध्याय मॉडल इंटर कॉलेज जसोदा के प्रधानाचार्य शिवमोहन कुशवाहा ने बताया कि सुरजीत पढ़ने में अच्छा था। उसके आत्महत्या करने की जानकारी मिलने के बाद से स्तब्ध हूं।