{"_id":"6ac7de2076ab83148a05797d","slug":"bank-to-crack-down-on-sellers-of-mortgaged-land-kannauj-news-c-214-1-knj1005-157438-2026-10-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kannauj News: बंधक जमीन बेचने वालों पर बैंक कसेगा शिकंजा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kannauj News: बंधक जमीन बेचने वालों पर बैंक कसेगा शिकंजा
विज्ञापन
तिर्वा। उत्तर प्रदेश ग्रामीण बैंक से जमीन बंधक रखकर ऋण लेने के बाद उसे बेचने के मामलों को लेकर बैंक ने गुरुवार को सख्त रुख अपनाया है। बैंक अधिकारियों के अनुसार तिर्वा तहसील क्षेत्र में ऐसे 20 से अधिक मामले सामने आए हैं। इनमें उपभोक्ताओं ने जमीन को बैंक में बंधक रखकर ऋण लिया और ऋण चुकाए बिना बंधक संपत्ति की बिक्री कर दी।
बैंक के वरिष्ठ प्रबंधक नकुल अवस्थी ने बताया कि ऐसे मामलों में संबंधित उपभोक्ताओं के खिलाफ धोखाधड़ी की कार्रवाई की कवायद शुरू की जा रही है। साथ ही, बंधक जमीन खरीदने वाले लोगों को भी नोटिस जारी कर बकाया ऋण की धनराशि जमा कराने के लिए कहा जाएगा। बैंक स्तर से मामलों की जानकारी जुटाकर आवश्यक कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
उन्होंने बताया कि बैंक में जमीन बंधक होने के बाद राजस्व अभिलेखों में भी बैंक का नाम दर्ज हो जाता है। इसके बावजूद कई मामलों में बंधक संपत्ति की खरीद-फरोख्त किए जाने की बात सामने आई है। इससे बैंक की ऋण वसूली प्रभावित होने के साथ ही जमीन खरीदने वाले लोग भी विवाद में फंस रहे हैं। उन्होंने बताया कि बंधक जमीन की खरीद-फरोख्त पर प्रभावी रोक लगाने के लिए बैंक की ओर से राजस्व विभाग को पत्र भेजा जाएगा। इसमें बंधक संपत्तियों की बिक्री पर रोक लगाने और राजस्व अभिलेखों में दर्ज बैंक के हित को ध्यान में रखते हुए कार्रवाई सुनिश्चित करने का अनुरोध किया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
बैंक के वरिष्ठ प्रबंधक नकुल अवस्थी ने बताया कि ऐसे मामलों में संबंधित उपभोक्ताओं के खिलाफ धोखाधड़ी की कार्रवाई की कवायद शुरू की जा रही है। साथ ही, बंधक जमीन खरीदने वाले लोगों को भी नोटिस जारी कर बकाया ऋण की धनराशि जमा कराने के लिए कहा जाएगा। बैंक स्तर से मामलों की जानकारी जुटाकर आवश्यक कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
विज्ञापन
उन्होंने बताया कि बैंक में जमीन बंधक होने के बाद राजस्व अभिलेखों में भी बैंक का नाम दर्ज हो जाता है। इसके बावजूद कई मामलों में बंधक संपत्ति की खरीद-फरोख्त किए जाने की बात सामने आई है। इससे बैंक की ऋण वसूली प्रभावित होने के साथ ही जमीन खरीदने वाले लोग भी विवाद में फंस रहे हैं। उन्होंने बताया कि बंधक जमीन की खरीद-फरोख्त पर प्रभावी रोक लगाने के लिए बैंक की ओर से राजस्व विभाग को पत्र भेजा जाएगा। इसमें बंधक संपत्तियों की बिक्री पर रोक लगाने और राजस्व अभिलेखों में दर्ज बैंक के हित को ध्यान में रखते हुए कार्रवाई सुनिश्चित करने का अनुरोध किया जाएगा।
विज्ञापन