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Jhansi News: अफसरों ने जारी नहीं किया फरमान, टूट रहे छात्रों की फीस वापसी के अरमान

Tue, 14 Mar 2023 11:23 PM IST
Jhansi Bureau झांसी ब्यूरो
Updated Tue, 14 Mar 2023 11:23 PM IST
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Officers did not issue decree, students' hopes for refund of fees are broken
झांसी। कोरोना काल में सत्र 2020-21 में छात्रों से ली गई फीस की 15 फीसदी रकम निजी स्कूलों द्वारा वापस या फिर अगली फीस में समायोजित करने का सरकार का आदेश हवा हो गया है। आदेश का पालन कराने को लेकर शिक्षा विभाग के अधिकारी ही गंभीर नहीं हैं। अब तक अफसरों की ओर से स्कूलों को कोई फरमान जारी नहीं किया गया है। ऐसे में अभिभावकों की फीस वापसी की उम्मीदें टूट रही हैं।
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कोरोना काल में स्कूल बंद होने के बावजूद छात्र-छात्राओं में फीस ली गई थी। परिजनों ने इसका काफी विरोध किया था और स्कूलों से मांग की थी कि महामारी की वजह से रोजगार और कारोबार सब प्रभावित हुआ है। इसलिए स्कूल फीस माफ करें। लेकिन, स्कूलों ने परिजनों की एक न सुनी और हर महीने फीस लेते रहे। जनवरी 2023 में इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कोरोना काल में स्कूलों की ओर से जमा कराई गई फीस में से 15 फीसदी की कटौती करने के निर्देश दिए थे। इसके बाद बीती 16 फरवरी को प्रदेश सरकार ने फीस वापसी अथवा समायोजित करने को लेकर आदेश जारी किया। आदेश में कहा गया कि अगर विद्यार्थी उसी स्कूल में पढ़ रहे हैं तो फीस समायोजित की जाएगी। अगर छात्र ने स्कूल छोड़ दिया है तो उसकी फीस वापस होगी। शासनादेश होने के एक महीने बाद भी इसको लेकर कोई कार्रवाई नहीं हुई है। स्कूलों ने तो बिल्कुल चुप्पी साध ही ली है। शिक्षा विभाग के अधिकारी भी इसको लेकर कोई पहल नहीं कर रहे हैं। जबकि, सरकार के इस फैसले से निजी स्कूलों में पढ़ने वाले 2.56 लाख छात्र-छात्राओं को राहत मिलनी है। वर्ष 2020-21 के आंकड़ों के मुताबिक कक्षा एक में 36,973, दो में 43,086, तीसरी में 43,962, चौथी में 42,590, पांचवीं में 40,915, छठवीं में 32,860, सातवीं में 33,986, आठवीं में 35,398, नवीं में 27,517, 10वीं में 29,960, 11वीं में 24,708, 12वीं में 24,884 विद्यार्थियों ने पढ़ाई की। हालांकि, इसमें बेसिक, माध्यमिक और सहायता प्राप्त राजकीय विद्यालयों में 1.60 लाख छात्र-छात्राएं अध्ययनरत थे। इन छात्रों से कोई फीस नहीं ली जाती है।
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स्कूलों को कोरोना काल की फीस वापसी या समायोजित करने संबंधी आदेश एक-दो दिन में कर दिया जाएगा। शासन का जो आदेश आया है, उसका पालन कराया जाएगा। - ओपी सिंह, डीआईओएस।
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अब तक बोर्ड की तरफ से कोविड काल में ली गई फीस का 15 फीसदी वापस करने का आदेश प्राप्त नहीं हुआ। आदेश मिलते ही उसका पालन किया जाएगा। - प्रीति खत्री, समन्वयक, सीबीएसई बोर्ड।
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