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आत्मरक्षा के लिए हाथ बने हथियार
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 08 May 2016 01:08 AM IST
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carete camp, jhansi news
- फोटो : amar ujala
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झांसी। अब वुड्स हेरीटेज स्कूल की छात्राओं का आत्मविश्वास सर चढ़कर बोलने लगा है। वह बुरी नियत और बुरी निगाह रखने वालों को सबक सिखाने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। सभी छात्राएं एक सुर में बोल रही हैं कि अब हाथ ही उनके हथियार हैं। आत्मरक्षा के लिए किसी और की जरूरत नहीं। जोश, उत्साह से लबरेज छात्राओं को यह आत्मविश्वास मिला है ‘अमर उजाला’ की बेटी ही बचाएगी मुहिम के तहत लगाए गए दस दिवसीय कराटे कैंप से।
ठीक दस दिन पहले ‘अमर उजाला’ के साथ वुड्स हेरीटेज की छात्राओं ने कराटे कैंप से आत्मरक्षा के गुर सीखने का जो सफर शुरू किया था, वो मंजिल तक पहुंचकर ही रुका। दस दिवसीय इस कैंप में कराटे विशेषज्ञ मेवालाल राजपूत और उनकी टीम की शाहीन परवीन व पिंकी रायकवार ने छात्राओं को पेन, किताब, चुनरी, चाबी जैसी छोटी-छोटी चीजों से आत्मरक्षा की ट्रेनिंग दी।
शनिवार को कैंप के समापन अवसर पर छात्राओं ने ट्रेनिंग के दौरान सीखी आत्मरक्षा की विधियां का अतिथियों को डेमो दिखाया। महज दस में छात्राओं की कला का जौहर देखकर सभी हक्के-बक्के रह गए। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि आरटीओ संजय सिंह ने अमर उजाला की मुहिम की तारीफ करते हुए कहा कि इसी की वजह से छात्राओं शैक्षिक के साथ-साथ आत्मरक्षा के गुर सिखाना का मौका मिला रहा है।
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छात्राओं को इससे बहुत फायदा मिलेगा। उन्होंने छात्राओं को ‘मैं हूं तो दुनिया है’ का मंत्र सुझाते हुए कहा कि उन्हें ट्रैफिक नियमों का भी पालन करना चाहिए। खुद हेल्मेट लगाएं, साथ ही इस बार रक्षाबंधन पर
भाइयों को भी हेलमेट लगाने की शपथ दिलाने की अपील की। स्कूल के चेयरमैन नीरज खत्री ने कहा कि कराटे कैंप ने छात्राओं को सशक्त बना दिया है।
उन्होंने इसके लिए ‘अमर उजाला’ का आभार जताया। कैंप के समापन पर स्कूल निदेशक तबरेज खान ने सभी का आभार जताया। इस दौरान प्रिंसिपल कांती मार्क्स, वाइस प्रिंसिपल मिली पंजवानी आदि मौजूद रहे।
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ठीक दस दिन पहले ‘अमर उजाला’ के साथ वुड्स हेरीटेज की छात्राओं ने कराटे कैंप से आत्मरक्षा के गुर सीखने का जो सफर शुरू किया था, वो मंजिल तक पहुंचकर ही रुका। दस दिवसीय इस कैंप में कराटे विशेषज्ञ मेवालाल राजपूत और उनकी टीम की शाहीन परवीन व पिंकी रायकवार ने छात्राओं को पेन, किताब, चुनरी, चाबी जैसी छोटी-छोटी चीजों से आत्मरक्षा की ट्रेनिंग दी।
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शनिवार को कैंप के समापन अवसर पर छात्राओं ने ट्रेनिंग के दौरान सीखी आत्मरक्षा की विधियां का अतिथियों को डेमो दिखाया। महज दस में छात्राओं की कला का जौहर देखकर सभी हक्के-बक्के रह गए। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि आरटीओ संजय सिंह ने अमर उजाला की मुहिम की तारीफ करते हुए कहा कि इसी की वजह से छात्राओं शैक्षिक के साथ-साथ आत्मरक्षा के गुर सिखाना का मौका मिला रहा है।
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छात्राओं को इससे बहुत फायदा मिलेगा। उन्होंने छात्राओं को ‘मैं हूं तो दुनिया है’ का मंत्र सुझाते हुए कहा कि उन्हें ट्रैफिक नियमों का भी पालन करना चाहिए। खुद हेल्मेट लगाएं, साथ ही इस बार रक्षाबंधन पर
भाइयों को भी हेलमेट लगाने की शपथ दिलाने की अपील की। स्कूल के चेयरमैन नीरज खत्री ने कहा कि कराटे कैंप ने छात्राओं को सशक्त बना दिया है।
उन्होंने इसके लिए ‘अमर उजाला’ का आभार जताया। कैंप के समापन पर स्कूल निदेशक तबरेज खान ने सभी का आभार जताया। इस दौरान प्रिंसिपल कांती मार्क्स, वाइस प्रिंसिपल मिली पंजवानी आदि मौजूद रहे।