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ग्वालियर रोड ओवरब्रिज का खाका तैयार
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 23 May 2017 01:38 AM IST
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ग्वालियर रोड ओवरब्रिज
- फोटो : amar ujala
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ग्वालियर रोड रेलवे क्रासिंग पर प्रस्तावित ओवरब्रिज का खाका तैयार कर लिया गया है। यह 967.51 मीटर (लगभग एक किलोमीटर) लंबा और साढ़े दस मीटर चौड़ा होगा। इसके निर्माण पर एक अरब अट्ठावन करोड़ छियानवे लाख रुपये की धनराशि खर्च होगी। उम्मीद है कि तीन - चार महीने में औपचारिकताएं पूरी करने के बाद मौके पर काम शुरू कर दिया जाएगा।
झांसी - ग्वालियर मार्ग पर रेलवे फाटक संख्या 117 पर यातायात का भारी दबाव रहता है। लगभग हर बीस मिनट बाद क्रासिंग बंद हो जाती है, जिससे सड़क पर दोनों ओर वाहनों की लंबी - लंबी कतारें लग जाती हैं। क्रासिंग खुलने के बाद जाम लग जाता है। इससे लोगों को आवागमन में भारी असुविधा का सामना करना पड़ता है। इस समस्या से छुटकारे के लिए लंबे समय से यहां ओवरब्रिज की मांग की जा रही थी। लोगों को होने वाली समस्या को ‘अमर उजाला’ भी लगातार प्रमुखता से उठा रहा था। इसका खासा असर हुआ है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के झांसी दौरे के दौरान विधायक रवि शर्मा ने ओवरब्रिज निर्माण का प्रस्ताव रखा था, जिसे शासन की स्वीकृति मिल गई है। निर्माण की जिम्मेदारी उत्तर प्रदेश राज्य सेतु निगम को सौंपी गई है। सेतु निगम ने ब्रिज का खाका और एस्टीमेट तैयार कर अपने मुख्यालय भेज दिया है। यहां स्वीकृति मिलने के बाद इसे पीडब्लूडी भेजा जाएगा। इसके बाद रेलवे, जल निगम, जल संस्थान और बिजली विभाग की सहमति ली जाएगी। सभी स्वीकृतियां आने पर गजट प्रकाशित होगा। इस पूरी प्रक्रिया में तीन - चार महीने का समय लगेगा। इसके बाद निर्माण शुरू कर दिया जाएगा।
यह होगा आकार
ओवरब्रिज 967.51 मीटर लंबा बनेगा। क्रासिंग से शहर की ओर इसकी लंबाई लंबाई 516.01 मीटर और ग्वालियर रोड की ओर और 451.50 मीटर लंबा होगा। जबकि, चौड़ाई साढ़े दस मीटर होगी। ब्रिज के दोनों ओर 3.75 मीटर की सर्विस रोड बनेगी। ब्रिज 28 पिलर पर तैयार किया जाएगा। शहर की ओर 16 और ग्वालियर रोड की ओर 12 पिलर बनाए जाएंगे।
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देरी की नहीं है गुंजाइश
सेतु निगम ने ग्वालियर रोड ओवरब्रिज का एस्टीमेट तैयार कर लिया है। विभिन्न विभागों की सहमति मिलने में तीन - चार महीने का समय लगेगा। मुख्यमंत्री से संदर्भित मामला है, जिससे ज्यादा विलंब की गुंजाइश नहीं है। इसके बाद शासनादेश और बजट जारी होगा। तत्पश्चात मौके पर निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा।
- डीपी त्रिपाठी, उप परियोजना प्रबंधक - उप्र राज्य सेतु निगम
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झांसी - ग्वालियर मार्ग पर रेलवे फाटक संख्या 117 पर यातायात का भारी दबाव रहता है। लगभग हर बीस मिनट बाद क्रासिंग बंद हो जाती है, जिससे सड़क पर दोनों ओर वाहनों की लंबी - लंबी कतारें लग जाती हैं। क्रासिंग खुलने के बाद जाम लग जाता है। इससे लोगों को आवागमन में भारी असुविधा का सामना करना पड़ता है। इस समस्या से छुटकारे के लिए लंबे समय से यहां ओवरब्रिज की मांग की जा रही थी। लोगों को होने वाली समस्या को ‘अमर उजाला’ भी लगातार प्रमुखता से उठा रहा था। इसका खासा असर हुआ है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के झांसी दौरे के दौरान विधायक रवि शर्मा ने ओवरब्रिज निर्माण का प्रस्ताव रखा था, जिसे शासन की स्वीकृति मिल गई है। निर्माण की जिम्मेदारी उत्तर प्रदेश राज्य सेतु निगम को सौंपी गई है। सेतु निगम ने ब्रिज का खाका और एस्टीमेट तैयार कर अपने मुख्यालय भेज दिया है। यहां स्वीकृति मिलने के बाद इसे पीडब्लूडी भेजा जाएगा। इसके बाद रेलवे, जल निगम, जल संस्थान और बिजली विभाग की सहमति ली जाएगी। सभी स्वीकृतियां आने पर गजट प्रकाशित होगा। इस पूरी प्रक्रिया में तीन - चार महीने का समय लगेगा। इसके बाद निर्माण शुरू कर दिया जाएगा।
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यह होगा आकार
ओवरब्रिज 967.51 मीटर लंबा बनेगा। क्रासिंग से शहर की ओर इसकी लंबाई लंबाई 516.01 मीटर और ग्वालियर रोड की ओर और 451.50 मीटर लंबा होगा। जबकि, चौड़ाई साढ़े दस मीटर होगी। ब्रिज के दोनों ओर 3.75 मीटर की सर्विस रोड बनेगी। ब्रिज 28 पिलर पर तैयार किया जाएगा। शहर की ओर 16 और ग्वालियर रोड की ओर 12 पिलर बनाए जाएंगे।
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देरी की नहीं है गुंजाइश
सेतु निगम ने ग्वालियर रोड ओवरब्रिज का एस्टीमेट तैयार कर लिया है। विभिन्न विभागों की सहमति मिलने में तीन - चार महीने का समय लगेगा। मुख्यमंत्री से संदर्भित मामला है, जिससे ज्यादा विलंब की गुंजाइश नहीं है। इसके बाद शासनादेश और बजट जारी होगा। तत्पश्चात मौके पर निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा।
- डीपी त्रिपाठी, उप परियोजना प्रबंधक - उप्र राज्य सेतु निगम