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बेटा नहीं मिला तो यहीं जान दे दूंगी

Fri, 16 Jun 2017 12:42 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
अमर उजाला ब्यूरो Updated Fri, 16 Jun 2017 12:42 AM IST
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Son can not get it here
chield, jhansi news - फोटो : demo
झांसी।
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रेलवे स्टेशन से 13 जून की रात चोरी गए भोपाल के गांधीनगर निवासी रामकुमार धाकड़ के तीन साल का बेटे प्रिंस का दो दिन बाद भी पता नहीं चल सका। घटना के बाद से ही प्रिंस की याद में बेसुध मां रीना अपनी दो बेटियों के साथ प्लेटफार्म पर बैठी हुई है, वह बेटा मिलने तक घर जाने को तैयार नहीं है। वहीं, जीआरपी और आरपीएफ प्रिंस की तलाश में दिनभर हाथ पैर मारती रही, लेकिन कोई सफलता हाथ नहीं लग सकी।

13 जून की रात करीब 11 बजे रामकुमार धाकड़ पत्नी रीना, बेटी तारणी, समीक्षा और तीन साल के बेटे प्रिंस के साथ पैसेंजर ट्रेन से पुखरायां से झांसी आए। यहां से उनको ट्रेन बदलकर भोपाल जाना था। ट्रेन के इंतजार में वे प्लेटफार्म तीन पर परिवार के साथ बैठे थे। बच्चे खाना खाने लगे और रामकुमार पास में नल पर पानी लेने चले गए, तभी उनका बेटा प्रिंस चोरी हो गया। उस समय प्लेटफार्म दो पर श्रीधाम एक्सप्रेस और तीन पर जम्मूतवी दुर्ग एक्सप्रेस खड़ी थी। रामकुमार को जैसे की प्रिंस दिखाई नहीं पड़ा, उन्होंने आसपास उसका तलाशना शुरू किया। इस बीच थोड़े-थोड़े समय के बाद दोनों ट्रेनें भी प्लेटफार्म से चली गईं। काफी तलाश के बाद भी जब प्रिंस का पता नहीं चला तो रामकुमार ने उसके चोरी होने की जानकारी जीआरपी को दी। जीआरपी ने आरपीएफ की मदद से सीसीटीवी फुटेज में बच्चे की तलाश शुरू की, लेकिन उसमें रामकुमार नल पर पानी ले जाते तो दिखाई पड़ रहे है लेकिन प्रिंस को ले जाता कोई दिखाई नहीं दे रहा है।
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जीआरपी अनुमान लगा रही है कि बच्चे को घटना के समय प्लेटफार्म पर खड़ी दोनों ट्रेनों में किसी एक में कोई लेकर चला गया या वह खुद चढ़ गया। बृहस्पतिवार को आरपीएफ और जीआरपी दोनों ट्रेनें जिस-जिस स्टेशन पर रुकती हैं, उन स्टेशनों की सुरक्षा एजेंसियों से बच्चे के बारे में पता करते रहे। शाम को करारी में एक बच्चा मिलने की खबर भी जीआरपी मौके पर पहुंची, लेकिन खबर झूठी निकली। परिवार के लोग भी प्रिंस की तलाश में अलग-अलग स्टेशनों और महानगर की झोपड़ पट्टियों में उसकी तलाश में भटकते रहे।
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घटना के बाद से ही प्रिंस की याद में बेसुध रीना अपनी दोनों बेटियों के साथ प्लेटफार्म से हटने को तैयार नहीं है। उनका रो-रोकर बुरा हाल है। जबकि, खबर लगने पर झांसी आए कई रिश्तेदार रीना को मनाते रहे।

बहन की शादी में शामिल होकर लौटा था रामकुमार
कानपुर देहात के पुखरायां क्षेत्र के थाना सट्टी क्षेत्र के शाहजहांपुर निवासी रामकुमार पिछले पांच साल से भोपाल के गांधीनगर में अपनी ससुराल में रह रहे हैं। वे एक प्राइवेट विद्यालय में इलेक्ट्रिशियन हैं। उनकी चार बेटियां सानिया (11), साक्षी (09), तारणी (07), समीक्षा (05) और बेटा प्रिंस (03) हैं। छह और 12 जून को रामकुमार की दो बहनों की शादी गांव में थी, जिसमें वह परिवार के साथ शामिल होने गए थे। 13 जून को विदा के बाद वह परिवार के साथ भोपाल जा रहे थे।


पिछले माह चोरी हुआ था अभिषेक
16 मई को तड़के टीकमगढ़ के टेहरका थानाक्षेत्र के गांव जीओर उपड़ार निवासी राजमिस्त्री रामकिशोर का छह माह का बेटा अभिषेक प्लेटफार्म छह से चोरी हो गया था। जीआरपी ने उसको दतिया जिले से बरामद कर लिया था तथा चार लोगों को गिरफ्तार किया था।
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