{"_id":"5cbe1f57bdec22143b6f29ab","slug":"151555963735-jhansi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"सट्टा खिलाते तीन पकड़े","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम","slug":"crime"}}
सट्टा खिलाते तीन पकड़े
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सट्टा खिलाते तीन गिरफ्तार
झांसी। सोमवार को कोतवाली पुलिस ने सट्टा खिलाते हुए तीन सटोरियों को पकड़ा। यह लोग कोतवाली इलाके मेें बड़े पैमाने पर सट्टा खिला रहे थे। पुलिस ने तीनों के पास से रुपये, सट्टे की पर्चियां व अन्य सामान बरामद किया है।
कोतवाली पुलिस को सूचना मिली कि सूजे खां खिड़की के पास सटोरिए बड़े पैैमाने पर सट्टा खिला रहे हैं। उपनिरीक्षक जितेंद्र सिंह तक्खर और राजीव सिंह ने दबिश देकर मौके से तीन सटोरियों को पकड़ा। पूछताछ में तीनों ने अपने नाम सूजे खां खिड़की निवासी जगदीश वर्मा, छनियापुरा निवासी जीतू उर्फ भूपेंद्र अहिरवार और डरु भौडेंला निवासी राजेंद्र उर्फ गुड्डा बताए। तीनोें के पास से 4325 रुपये, सट्टे की पर्चियां मिलीं।
बताया गया है कि तीनों गैंग बनाकर कोतवाली समेत अन्य इलाकों में बड़े पैमाने पर सट्टा खिलाते थे। तीनों ने बताया कि सट्टा का नंबर बाहर से खुलता था। दांव लगाने वाले कार्बन लिखी दो पर्ची पर रुपये, नाम और नंबर लिखकर एजेंटों को देते हैं। इसके बाद नंबर खुलने के बाद राशि का आदान- प्रदान होता है। सुबह और रात के समय नंबर आता है। बताया गया है कि सट्टेबाजों ने कइयों को फंसा कर रखा है, जो अपनी कमाई इनके हवाले कर कंगाल हो रहे हैं। पूछताछ में तीनों ने कई महत्वपूर्र्ण जानकारियां भी पुलिस को दी हैं। जिसके बाद पुलिस ने शहर से अंदर व बाहर के इलाकोें में भी कार्रवाई की तैयारी कर ली है।
विज्ञापन
विज्ञापन
झांसी। सोमवार को कोतवाली पुलिस ने सट्टा खिलाते हुए तीन सटोरियों को पकड़ा। यह लोग कोतवाली इलाके मेें बड़े पैमाने पर सट्टा खिला रहे थे। पुलिस ने तीनों के पास से रुपये, सट्टे की पर्चियां व अन्य सामान बरामद किया है।
कोतवाली पुलिस को सूचना मिली कि सूजे खां खिड़की के पास सटोरिए बड़े पैैमाने पर सट्टा खिला रहे हैं। उपनिरीक्षक जितेंद्र सिंह तक्खर और राजीव सिंह ने दबिश देकर मौके से तीन सटोरियों को पकड़ा। पूछताछ में तीनों ने अपने नाम सूजे खां खिड़की निवासी जगदीश वर्मा, छनियापुरा निवासी जीतू उर्फ भूपेंद्र अहिरवार और डरु भौडेंला निवासी राजेंद्र उर्फ गुड्डा बताए। तीनोें के पास से 4325 रुपये, सट्टे की पर्चियां मिलीं।
विज्ञापन
बताया गया है कि तीनों गैंग बनाकर कोतवाली समेत अन्य इलाकों में बड़े पैमाने पर सट्टा खिलाते थे। तीनों ने बताया कि सट्टा का नंबर बाहर से खुलता था। दांव लगाने वाले कार्बन लिखी दो पर्ची पर रुपये, नाम और नंबर लिखकर एजेंटों को देते हैं। इसके बाद नंबर खुलने के बाद राशि का आदान- प्रदान होता है। सुबह और रात के समय नंबर आता है। बताया गया है कि सट्टेबाजों ने कइयों को फंसा कर रखा है, जो अपनी कमाई इनके हवाले कर कंगाल हो रहे हैं। पूछताछ में तीनों ने कई महत्वपूर्र्ण जानकारियां भी पुलिस को दी हैं। जिसके बाद पुलिस ने शहर से अंदर व बाहर के इलाकोें में भी कार्रवाई की तैयारी कर ली है।
विज्ञापन