फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Jhansi News ›   स्टार फोर्ट-City

स्टार फोर्ट-City

Mon, 04 Jun 2018 09:16 PM IST
Updated Mon, 04 Jun 2018 09:16 PM IST
विज्ञापन
स्टार फोर्ट-City
फोटो
विज्ञापन

क्रांति के गवाह स्टार फोर्ट को देखने उमडे़ लोग
सब हेड: चित्र प्रदर्शनी में जाना प्रथम स्वतंत्रता संग्राम का इतिहास
क्रासर - आज भी देखने का मौका, फिर अगले साल तक रहेगा बंद
अमर उजाला ब्यूरो
झांसी।
1857 की क्रांति का गवाह स्टार फोर्ट सोमवार को आम लोगों के लिए खोला गया। सदर के छावनी इलाके में मौजूद स्टार फोर्ट को देखने के लिए भारी संख्या में लोग सोमवार को पहुंचे। इनमें विद्यार्थी भी शामिल रहे। लोगों ने स्टार फोर्ट के इतिहास जाना और 1857 की क्रांति की चित्र प्रदर्शनी देखी। स्टार फोर्ट मंगलवार को भी दोपहर 3:30 बजे से शाम 6:30 बजे के मध्य तक खुला रहेगा। इसे देखने के लिए सभी को अपना पहचान पत्र लाना होगा। इसके बाद अगले साल तक के लिए यह बंद हो जाएगा।
सोमवार को दोपहर बाद लोग बच्चों के साथ स्टार फोर्ट के लिए पहुंचे। बच्चों व युवाओं ने स्टार फोर्ट के साथ मोबाइल से खूब सेल्फी ली और कक्षों में भ्रमण किया। विद्यार्थियों व आम नागरिकों ने कोषागार वह कक्ष भी देखे, जिनमें लगान न देने वाले राजाओं व जमींदारों को कैद रखा जाता था। वहीं चित्र प्रदर्शनी के माध्यम से 1857 और 1858 के मध्य अंग्रेजों व भारतीयों के मध्य हुए सैनिक संघर्षों और स्टार फोर्ट की प्रथम स्वतंत्रता संग्राम में भूमिका को जाना। प्रदर्शनी में दस्तावेज भी लगाए गए। जिसमें झांसी क ी प्राचीनता का वर्णन रहा। इस मौके पर पुलिंद कला दीर्घा के अध्यक्ष मुकुंद महरोत्रा ने लोगों को स्टार फोर्ट के बारे में बताया। इस अवसर पर अशोक अग्रवाल, किशन सोनी, डा. वसीम खान आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन

चित्र प्रदर्शनी में 50 चित्र लगाए गए। इनमें कानपुर में नाना साहब की जीत, कोंच में अंग्रेजों से लड़ रही रही रानी लक्ष्मीबाई, कोल्हापुर, ग्वालियर में अंग्रेजों व भारतीयों के युद्ध दृश्यों को दिखाया गया। इसके अलावा अंखड भारत का मानचित्र, जहांगीर नगरी से कैसे बनी झांसी पर लेख, लार्ड डलहौजी का दत्तक पुत्र को उत्तराधिकारी न मानने क ा फरमान की छायाप्रति आदि लगाए गए।
विज्ञापन
विज्ञापन


गंदगी का कब्जा
देश की अनमोल विरासत स्टार फोर्ट पर साफ सफाई नदारद दिखी। उसके कक्षों में लगे मकड़ी के जाले और गर्द आम नागरिकों को अंदर जाने से रोक रहे थे। इसी प्रकार स्टार फोर्ट परिसर में लगी सूखी झाड़ियां भी आम जनता के लिए परेशानी पैदा कर रही थी। कई नागरिकों ने इस पर कहा कि दो दिन में चंद घंटे के लिए यह खुलता है। तो कम से कम झाड़ियों व मकड़ी के जालों को तो हटा देना चाहिए था।

हमेशा साफ रहना चाहिए
एतिहासिक स्थल को हमेशा साफ सुथरा रहना चाहिए। साल में स्टार फोर्ट सिर्फ छह - सात घंटे के लिए खुलता है। लोग काफी दूर से इसे देखने आते है। ऐसे में व्यवस्था ठीक होना चाहिए।

विकास दीप छात्र निवासी होमगार्ड ट्रेनिंग सेंटर

अपने नगर का इतिहास देखने आए है
पहली बार स्टार फोर्ट को देखने आए है। अपने नगर का इतिहास जानना जरूरी है। आवश्यक है कि राष्ट्रीय पर्वों पर भी यह आम जनता को देखने के खोला जाए। इस ओर सभी को पहल करना चाहिए।
वीरेंद्र कुमार छात्र निवासी पठौरिया
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed