फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Jhansi News ›   100 carore rupees increased

Jhansi News: झांसी से बढ़ा निर्यात, आठ महीने में आंकड़ा 100 करोड़ के पार

Fri, 30 Dec 2022 11:54 PM IST
Jhansi Bureau झांसी ब्यूरो
Updated Fri, 30 Dec 2022 11:54 PM IST
विज्ञापन
100 carore rupees increased
झांसी। औद्योगिक रूप से पिछड़ा होने के बाद भी झांसी से निर्यात लगातार बढ़ता जा रहा है। पिछले आठ माह के दरम्यान 100 करोड़ रुपये से अधिक के उत्पाद यहां से निर्यात किए जा चुके हैं। विद्युत उपकरण, किताबें, आयुर्वेदिक दवाओं के साथ-साथ अन्य कई उत्पाद यहां से दुनिया के कई देशों में भेजे गए हैं।
विज्ञापन

झांसी समेत पूरे बुंदेलखंड की गिनती देश और प्रदेश के औद्योगिक रूप से पिछड़े इलाकों में होती है। बावजूद, यहां के कुछ कारोबारी दुनिया के कई देशों में अपनी पहचान बना रहे हैं। इसका अंदाजा निर्यात के बढ़ते आंकड़ों को देखकर लगाया जा सकता है। जनवरी 2021 से मार्च 2022 तक 15 महीनों के दरम्यान यहां से 89 करोड़ रुपये का माल निर्यात किया गया था। जबकि, इस साल के आठ महीनों में ही एक अरब पांच करोड़ रुपये का माल यहां से दुनिया के कई देशों में भेजा जा चुका है। कारोबारियों के निर्यात के यह ऑर्डर ग्लोबल टेंडर के जरिये हासिल किए हैं।
विज्ञापन

यह माल हो रहा है एक्सपोर्ट
झांसी। झांसी से बिजली ट्रांसफार्मर व उसके उपकरण, थ्रेसिंग मशीन, गैस ऑपरेटिंग कटिंग मशीन, किताबें, आयुर्वेदिक दवाएं, कपड़ों में लगाई जाने वाली नील बनाने वाला पाउडर, फायर उपकरण, औद्योगिक विस्फोटक सामग्री आदि यहां से एक्सपोर्ट की जा रही है। ये आइटम अफ्रीका, रूस, तंजानिया, जांबिया, मोरक्को समेत गल्फ, यूरोपियन व अमेरिकन देशों तक में भेेेेजे जा रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

यहां के कारोबारियों ने ग्लोबल टेंडर के जरिये निर्यात के ऑर्डर हासिल किए हैं। उत्पाद की उच्च गुणवत्ता की वजह से विदेशी मुल्कों में यहां के उत्पादों की मांग बढ़ रही है। यहां से निर्यात किया जाने वाला माल पहले कानपुर स्थित इनलैंड कंटेनर डिपो भेजा जाता है। वहां से संबंधित देशों के लिए रवाना होता है।
- मनीष चौधरी, उपायुक्त उद्योग
सबसे ज्यादा किताबें हुईं निर्यात
..............................................
- किताबें - 45 करोड़
- बिजली ट्रांसफार्मर व उपकरण - 25 करोड़
- थ्रेसिंग व गैस ऑपरेटिंग कटिंग मशीन - 3.5 करोड़
- औद्योगिक विस्फोटक सामग्री - 03 करोड़
- फायर उपकरण - 06 करोड़
- आयुर्वेदिक दवाएं - 22 करोड़
- कपड़ों में लगाई जाने वाली नील बनाने का पाउडर - 1.5 करोड़
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed