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यह मेरा कब्रिस्तान है, यहां किसी और को नहीं दफनाने दूंगा
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संवाद न्यूज एजेंसी, सहपऊ।
कस्बे में एक महिला की मौत के बाद उसके शव को दफनाने के लिए एक ही समुदाय के लोगों के मध्य विवाद हो गया। मौके पर पहुंची पुलिस ने किसी तरह मामले को शांत कराया। मामला शांत होने के बाद ही मृतका के शव को दफनाया जा सका।
कस्बा के मोहल्ला कोरियाना निवासी नूर मोहम्मद की 28 वर्षीय विवाहित पुत्री रुखसाना की मंगलवार की रात 11 बजे मौत हो गई। रुखसाना के पति शमशेर खां निवासी गांव गोसना थाना जमुना पार जिला मथुरा ने बताया कि तीन-चार दिन पहले ही वह अपनी पत्नी के साथ कस्बे में आया था। उसकी तबियत कुछ खराब थी।
यहां आने के बाद उसकी तबियत अधिक खराब होती गई और मंगलवार की रात को उसकी मौत हो गई। बुधवार की सुबह परिजन उसके शव को दफनाने के लिए कब्रिस्तान ले गए। वहां उसके परिजनों के पास ही उसे दफनाने के लिए गड्ढा खोदो जा रहा था। आरोप है कि तभी कस्बा निवासी आसिफ खां ने उनको गड्ढा खोदने से मना कर दिया और कहने लगा कि वह उसका कब्रिस्तान है। इस बात को लेकर दोनों के मध्य नोकझोंक होने लगी।
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बात नहीं बनने पर उन्होंने पुलिस को फोन किया, लेकिन पुलिस नहीं आई। जब एसडीएम को फोन पर इसकी सूचना दी गई, तब पुलिस वहां पहुंची। मृतका के परिजनों का आरोप है कि पुलिस ने उनको ही धमकाया और शव को दफनवा दिया। इधर, कोतवाल सत्यप्रकाश का कहना है कि मृतक महिला का शव उसी कब्रिस्तान में दफनवा दिया गया है, जिसमें वह दफनाने को लेकर आए थे। मृतक महिला के परिजनों को अब कोई शिकायत नहीं है।
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कस्बे में एक महिला की मौत के बाद उसके शव को दफनाने के लिए एक ही समुदाय के लोगों के मध्य विवाद हो गया। मौके पर पहुंची पुलिस ने किसी तरह मामले को शांत कराया। मामला शांत होने के बाद ही मृतका के शव को दफनाया जा सका।
कस्बा के मोहल्ला कोरियाना निवासी नूर मोहम्मद की 28 वर्षीय विवाहित पुत्री रुखसाना की मंगलवार की रात 11 बजे मौत हो गई। रुखसाना के पति शमशेर खां निवासी गांव गोसना थाना जमुना पार जिला मथुरा ने बताया कि तीन-चार दिन पहले ही वह अपनी पत्नी के साथ कस्बे में आया था। उसकी तबियत कुछ खराब थी।
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यहां आने के बाद उसकी तबियत अधिक खराब होती गई और मंगलवार की रात को उसकी मौत हो गई। बुधवार की सुबह परिजन उसके शव को दफनाने के लिए कब्रिस्तान ले गए। वहां उसके परिजनों के पास ही उसे दफनाने के लिए गड्ढा खोदो जा रहा था। आरोप है कि तभी कस्बा निवासी आसिफ खां ने उनको गड्ढा खोदने से मना कर दिया और कहने लगा कि वह उसका कब्रिस्तान है। इस बात को लेकर दोनों के मध्य नोकझोंक होने लगी।
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बात नहीं बनने पर उन्होंने पुलिस को फोन किया, लेकिन पुलिस नहीं आई। जब एसडीएम को फोन पर इसकी सूचना दी गई, तब पुलिस वहां पहुंची। मृतका के परिजनों का आरोप है कि पुलिस ने उनको ही धमकाया और शव को दफनवा दिया। इधर, कोतवाल सत्यप्रकाश का कहना है कि मृतक महिला का शव उसी कब्रिस्तान में दफनवा दिया गया है, जिसमें वह दफनाने को लेकर आए थे। मृतक महिला के परिजनों को अब कोई शिकायत नहीं है।