{"_id":"59b970b84f1c1b20688b45f6","slug":"41505325240-hapur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"बिजलीघर में घुसे चूहे ने ठप की 22 गांवों की बती","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बिजलीघर में घुसे चूहे ने ठप की 22 गांवों की बती
Updated Wed, 13 Sep 2017 11:24 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
चूहे ने काटी 22 गांवों की बिजली
- उबारपुर के बिजलीघर में चूहे ने मचाया उत्पात
- बिजलीघर की इनकमिंग में फाल्ट से बनी समस्या
-15 दिन में दूसरी बार ठप हुआ बिजलीघर
- बुलंदशहर की टेक्नीशियन टीम ने की मरम्मत
अमर उजाला ब्यूरो
हापुड़। उबारपुर बिजलीघर की इनकमिंग में घुसे चूहे ने 22 गांवों की बिजली काट दी। फाल्ट इतना जोरदार था कि उसे दुरुस्त करने में 16 घंटे लग गए। बुलंदशहर की टेक्नीशियन टीम को बुलाकर फाल्ट को दुरुस्त कराया गया। इस दौरान हजारों लोग उमस भरी गर्मी में पानी के लिए परेशान रहे। 15 दिन के अंदर यह दूसरी घटना है कि चूहे ने बिजलीकर्मियों के पसीने निकाल दिए।
उबारपुर बिजलीघर से रढ़ावली, कुराना, मीरपुर, ह्दयपुर, अकबरपुर, पड़ाव, अब्दुल्लापुर मोडी, मोडी कला, चचौई, सिरोधन, नया बांस, छज्जुपुर, नवादा, खेड़ा, घुंघराला, हुमांयुपुर, सांवई, हसनपुर, कांकर, महमूदपुर, मुर्शदरपुर को बिजली आपूर्ति दी जाती है। मंगलवार रात करीब 2 बजे चूहा बिजलीघर की इनकमिंग में घुस गया। इससे इनकमिंग बॉक्स में धमाका हो गया। रात के समय फाल्ट को दुरुस्त करने का प्रयास किया गया। लेकिन सफलता नहीं मिली। दिन निकलने पर फिर से टीम राहत कार्य में जुट गई, लेकिन फाल्ट पकड़ में नहीं आया। आनन-फानन में बुलंदशहर से टेक्नीशियन टीम को बुलाया गया। इसके बाद बुधवार को शाम करीब 6 बजे आपूर्ति बहाल की जा सकी। 16 घंटे तक हजारों लोगों को भीषण उमस के बीच काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। बता दें कि 15 दिन पहले भी चूहे की हरकत से आपूर्ति ठप हो गई थी।
अधिशासी अभियंता सचिन कुमार का कहना है कि चूहे के इनकमिंग में घुसने के कारण फाल्ट हुआ था। इसे दुरुस्त कराकर लोगों को राहत दिला दी गई है।
.................................................................
फोटो फाइल संख्या 13एचपीआर पीएच-01
टूटा तार, कुचेसर रोड चौपला के सैकड़ों घरों की बत्ती गुल
- गुस्साए लोगों ने निगम अफसरों के खिलाफ किया प्रदर्शन
अमर उजाला ब्यूरो
हापुड़। कुचेसर चौपला के रेलवे रोड इलाके में एलटी लाइन का तार टूटने से सैकड़ों घरों की बत्ती गुल हो गई। निगम कर्मियों की लापरवाही का आलम यह रहा कि फाल्ट को ठीक करने में 20 घंटे लग गए। इस दौरान लोगों को उमस और पानी किल्लत से परेशान होना पड़ा। गुस्साए लोगों ने निगम के खिलाफ प्रदर्शन किया।
विज्ञापन
कुचेसर रोड चौपला के रेलवे रोड को आपूर्ति उपैड़ा बिजलीघर से दी जाती है। मंगलवार रात करीब 9 बजे रेलवे रोड पर एलटी लाइन का तार टूट गया। इससे इलाके की बत्ती गुल हो गई। आनन फानन में उपभोक्ता ने सूचना निगम अफसरों को दी। लेकिन कोई कर्मचारी मौके पर नहीं पहुंच सका।
लापरवाही का आलम यह रहा कि उक्त तार को जोड़ने में कर्मियों ने 20 घंटे का समय लगा दिया। इस अव्यवस्था के चलते लोगों को भयंकर उमस में पानी किल्लत से परेशान होना पड़ा। इसके विरोध में लोगों ने जोरदार प्रदर्शन कर, अफसरों के खिलाफ रोष जताया।
प्रदर्शन करने वालों में व्यापारी नेता देवेंद्र शर्मा, नेत्रपाल सिंह, प्रवीण गोयल, पवन गोयल, डा.कमल सिंह, छोटू कंसल, उर्मित गोयल, डा.नाजिम, बल्ले, योगेंद्र पाल, प्रमोद, सुमित महता मौजूद रहे। अधिशासी अभियंता सचिन कुमार का कहना है कि एक तार को जोडने में इतना समय लगाना गंभीर मामला है। इसकी जांच करा, संबंधित कर्मियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करेंगे।
....................................................................................
देहात में चेकिंग के नाम पर उपभोक्ताओं से लूट
हापुड़। बिजली निगम के कर्मचारी चेकिंग अभियान की आड़ में देहात में लूटखसोट मचाए हुए हैं। जिम्मेदार अधिकारियों की सह पर वह कटिया डालकर चोरी करते उपभोक्ताओं को पकड़ते हैं और सुविधा शुल्क लेकर छोड़ देते हैं। ऐसे में लाइन लॉस घटाने की योजना खटास में पड़ रही है।
जिले में लाइन लॉस 35 फीसदी से अधिक है। देहात में स्थिति और भी बदतर है। इसकी रोकथाम के लिए शासन के निर्देश पर जिलेभर में सघन छापेमारी कार्रवाई चल रही है लेकिन बिजलीघरों के कुछ जिम्मेदार अधिकारियों की सह पर संविदा पर लगे कर्मचारी देहात में लूट खसोट का धंधा शुरू कर दिए हैं। आलम यह है कि छापेमार कार्रवाई के दौरान संबंधित अधिकारी तो गांव में कैंप लगाकर बैठ जाता है। उसके अंडर में कार्य कर रहे संविदा कर्मचारी गांवभर में बिजली चोरों को तलाश करते हैं। पकड़ में आने पर उपभोक्ता को एफआईआर का डर दिखाया जाता है।
पुलिस तक मामला पहुंचने के डर से उपभोक्ता उक्त कर्मचारी से राहत दिलाने की बात कहते हैं तो उनसे हजारों रुपये ऐंठ कर छोड़ दिया जाता है। ऐसे में न तो निगम का राजस्व बढ़ रहा है और न ही लाइन लॉस घट रहा है। गांव सलाई, मौड़ी समेत कई गांवों के लोगों ने नाम न छापने की शर्त पर यह खुलासा किया है।
अधिशासी अभियंता सचिन कुमार का कहना है कि सघन चैकिंग अभियान में इस तरह की कार्यप्रणाली बर्दाश्त नहीं की जाएगी। वह ग्रामीणों से वार्ता करेंगे, जांच में सत्यता मिलने पर कठोर कार्रवाई होगी।
विज्ञापन
- उबारपुर के बिजलीघर में चूहे ने मचाया उत्पात
- बिजलीघर की इनकमिंग में फाल्ट से बनी समस्या
-15 दिन में दूसरी बार ठप हुआ बिजलीघर
- बुलंदशहर की टेक्नीशियन टीम ने की मरम्मत
अमर उजाला ब्यूरो
हापुड़। उबारपुर बिजलीघर की इनकमिंग में घुसे चूहे ने 22 गांवों की बिजली काट दी। फाल्ट इतना जोरदार था कि उसे दुरुस्त करने में 16 घंटे लग गए। बुलंदशहर की टेक्नीशियन टीम को बुलाकर फाल्ट को दुरुस्त कराया गया। इस दौरान हजारों लोग उमस भरी गर्मी में पानी के लिए परेशान रहे। 15 दिन के अंदर यह दूसरी घटना है कि चूहे ने बिजलीकर्मियों के पसीने निकाल दिए।
उबारपुर बिजलीघर से रढ़ावली, कुराना, मीरपुर, ह्दयपुर, अकबरपुर, पड़ाव, अब्दुल्लापुर मोडी, मोडी कला, चचौई, सिरोधन, नया बांस, छज्जुपुर, नवादा, खेड़ा, घुंघराला, हुमांयुपुर, सांवई, हसनपुर, कांकर, महमूदपुर, मुर्शदरपुर को बिजली आपूर्ति दी जाती है। मंगलवार रात करीब 2 बजे चूहा बिजलीघर की इनकमिंग में घुस गया। इससे इनकमिंग बॉक्स में धमाका हो गया। रात के समय फाल्ट को दुरुस्त करने का प्रयास किया गया। लेकिन सफलता नहीं मिली। दिन निकलने पर फिर से टीम राहत कार्य में जुट गई, लेकिन फाल्ट पकड़ में नहीं आया। आनन-फानन में बुलंदशहर से टेक्नीशियन टीम को बुलाया गया। इसके बाद बुधवार को शाम करीब 6 बजे आपूर्ति बहाल की जा सकी। 16 घंटे तक हजारों लोगों को भीषण उमस के बीच काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। बता दें कि 15 दिन पहले भी चूहे की हरकत से आपूर्ति ठप हो गई थी।
विज्ञापन
अधिशासी अभियंता सचिन कुमार का कहना है कि चूहे के इनकमिंग में घुसने के कारण फाल्ट हुआ था। इसे दुरुस्त कराकर लोगों को राहत दिला दी गई है।
.................................................................
फोटो फाइल संख्या 13एचपीआर पीएच-01
टूटा तार, कुचेसर रोड चौपला के सैकड़ों घरों की बत्ती गुल
- गुस्साए लोगों ने निगम अफसरों के खिलाफ किया प्रदर्शन
अमर उजाला ब्यूरो
हापुड़। कुचेसर चौपला के रेलवे रोड इलाके में एलटी लाइन का तार टूटने से सैकड़ों घरों की बत्ती गुल हो गई। निगम कर्मियों की लापरवाही का आलम यह रहा कि फाल्ट को ठीक करने में 20 घंटे लग गए। इस दौरान लोगों को उमस और पानी किल्लत से परेशान होना पड़ा। गुस्साए लोगों ने निगम के खिलाफ प्रदर्शन किया।
विज्ञापन
कुचेसर रोड चौपला के रेलवे रोड को आपूर्ति उपैड़ा बिजलीघर से दी जाती है। मंगलवार रात करीब 9 बजे रेलवे रोड पर एलटी लाइन का तार टूट गया। इससे इलाके की बत्ती गुल हो गई। आनन फानन में उपभोक्ता ने सूचना निगम अफसरों को दी। लेकिन कोई कर्मचारी मौके पर नहीं पहुंच सका।
लापरवाही का आलम यह रहा कि उक्त तार को जोड़ने में कर्मियों ने 20 घंटे का समय लगा दिया। इस अव्यवस्था के चलते लोगों को भयंकर उमस में पानी किल्लत से परेशान होना पड़ा। इसके विरोध में लोगों ने जोरदार प्रदर्शन कर, अफसरों के खिलाफ रोष जताया।
प्रदर्शन करने वालों में व्यापारी नेता देवेंद्र शर्मा, नेत्रपाल सिंह, प्रवीण गोयल, पवन गोयल, डा.कमल सिंह, छोटू कंसल, उर्मित गोयल, डा.नाजिम, बल्ले, योगेंद्र पाल, प्रमोद, सुमित महता मौजूद रहे। अधिशासी अभियंता सचिन कुमार का कहना है कि एक तार को जोडने में इतना समय लगाना गंभीर मामला है। इसकी जांच करा, संबंधित कर्मियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करेंगे।
....................................................................................
देहात में चेकिंग के नाम पर उपभोक्ताओं से लूट
हापुड़। बिजली निगम के कर्मचारी चेकिंग अभियान की आड़ में देहात में लूटखसोट मचाए हुए हैं। जिम्मेदार अधिकारियों की सह पर वह कटिया डालकर चोरी करते उपभोक्ताओं को पकड़ते हैं और सुविधा शुल्क लेकर छोड़ देते हैं। ऐसे में लाइन लॉस घटाने की योजना खटास में पड़ रही है।
जिले में लाइन लॉस 35 फीसदी से अधिक है। देहात में स्थिति और भी बदतर है। इसकी रोकथाम के लिए शासन के निर्देश पर जिलेभर में सघन छापेमारी कार्रवाई चल रही है लेकिन बिजलीघरों के कुछ जिम्मेदार अधिकारियों की सह पर संविदा पर लगे कर्मचारी देहात में लूट खसोट का धंधा शुरू कर दिए हैं। आलम यह है कि छापेमार कार्रवाई के दौरान संबंधित अधिकारी तो गांव में कैंप लगाकर बैठ जाता है। उसके अंडर में कार्य कर रहे संविदा कर्मचारी गांवभर में बिजली चोरों को तलाश करते हैं। पकड़ में आने पर उपभोक्ता को एफआईआर का डर दिखाया जाता है।
पुलिस तक मामला पहुंचने के डर से उपभोक्ता उक्त कर्मचारी से राहत दिलाने की बात कहते हैं तो उनसे हजारों रुपये ऐंठ कर छोड़ दिया जाता है। ऐसे में न तो निगम का राजस्व बढ़ रहा है और न ही लाइन लॉस घट रहा है। गांव सलाई, मौड़ी समेत कई गांवों के लोगों ने नाम न छापने की शर्त पर यह खुलासा किया है।
अधिशासी अभियंता सचिन कुमार का कहना है कि सघन चैकिंग अभियान में इस तरह की कार्यप्रणाली बर्दाश्त नहीं की जाएगी। वह ग्रामीणों से वार्ता करेंगे, जांच में सत्यता मिलने पर कठोर कार्रवाई होगी।