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मरीजों का स्ट्रेचर खींचकर हांफ रहे तीमारदार
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जिला पुरुष अस्पताल में दूसरी मंजिल पर बने वार्ड में भर्ती मरीज।
- फोटो : HAMIRPUR
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हमीरपुर। जिला पुरुष अस्पताल की दूूसरी और तीसरी मंजिल पर बने अलग-अलग वार्डों में 24 घंटे करीब सौ गंभीर मरीज भर्ती रहते हैं। लिफ्ट ना होने के कारण इन मरीजों को नीचे से ऊपर या ऊपर से नीचे लाने में अस्पताल कर्मियों और तीमारदारों को स्ट्रेचर खींचकर हांफना पड़ रहा है।
जिला पुरुष अस्पताल का भर्ती वार्ड दूसरी मंजिल पर हैं। इसमें रोजाना औसतन करीब 60 गंभीर मरीज भर्ती रहते हैं। गुरुवार को वार्ड में महिला, पुरुष और बच्चों समेत 59 मरीज भर्ती मिले। जबकि एक मरीज बर्न वार्ड में भर्ती है। इसी तल पर बने डायलिसिस सेंटर में भी रोज औसतन 5 मरीज आते हैं। अस्पताल भवन की तीसरी मंजिल पर एनआरसी सेंटर है। जिसमें गंभीर कुपोषित बच्चों को भर्ती किया जाता है। यहां वार्ड में हर माह औसतन 10 बच्चों को भर्ती कर इलाज किया जाता है। खास बात यह है कि अस्पताल कर्मियों और तीमारदारों को मरीजों को ऊपरी मंजिलों पर बने भर्ती वार्डों तक ले जाने के लिए स्ट्रेचर खींचकर हांफना पड़ता है। क्योंकि जिला अस्पताल की लिफ्ट खराब है और महिला अस्पताल की नई लिफ्ट बंद पड़ी है। लिफ्ट की समस्या को लेकर सीएमएस व सीएमओ यह बोलकर अपने कर्तव्यों की इतिश्री कर लेते हैं कि महकमे के आलाधिकारियों को लगातार पत्र लिखकर बजट मांगा जा रहा है।
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जिला अस्पताल में बंद पड़ी लिफ्ट के मामले की उन्हें जानकारी नहीं है। कहा सीएमओ से जानकारी करेंगे। साथ ही लिफ्ट को चालू कराए जाने का प्रयास किया जाएगा। -युवराज सिंह, विधायक
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जिला पुरुष अस्पताल का भर्ती वार्ड दूसरी मंजिल पर हैं। इसमें रोजाना औसतन करीब 60 गंभीर मरीज भर्ती रहते हैं। गुरुवार को वार्ड में महिला, पुरुष और बच्चों समेत 59 मरीज भर्ती मिले। जबकि एक मरीज बर्न वार्ड में भर्ती है। इसी तल पर बने डायलिसिस सेंटर में भी रोज औसतन 5 मरीज आते हैं। अस्पताल भवन की तीसरी मंजिल पर एनआरसी सेंटर है। जिसमें गंभीर कुपोषित बच्चों को भर्ती किया जाता है। यहां वार्ड में हर माह औसतन 10 बच्चों को भर्ती कर इलाज किया जाता है। खास बात यह है कि अस्पताल कर्मियों और तीमारदारों को मरीजों को ऊपरी मंजिलों पर बने भर्ती वार्डों तक ले जाने के लिए स्ट्रेचर खींचकर हांफना पड़ता है। क्योंकि जिला अस्पताल की लिफ्ट खराब है और महिला अस्पताल की नई लिफ्ट बंद पड़ी है। लिफ्ट की समस्या को लेकर सीएमएस व सीएमओ यह बोलकर अपने कर्तव्यों की इतिश्री कर लेते हैं कि महकमे के आलाधिकारियों को लगातार पत्र लिखकर बजट मांगा जा रहा है।
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जिला अस्पताल में बंद पड़ी लिफ्ट के मामले की उन्हें जानकारी नहीं है। कहा सीएमओ से जानकारी करेंगे। साथ ही लिफ्ट को चालू कराए जाने का प्रयास किया जाएगा। -युवराज सिंह, विधायक
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