{"_id":"609036368ebc3e2468655eaa","slug":"three-dead-including-businessman-207-new-infected-gonda-news-lko5767144154","type":"story","status":"publish","title_hn":"व्यापारी समेत तीन लोगों की मौत 207 नए संक्रमित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
व्यापारी समेत तीन लोगों की मौत 207 नए संक्रमित
विज्ञापन
गोंडा। कोरोना संक्रमण का प्रकोप कम नहीं हो रहा है। सोमवार शहर के एक कपड़ा व्यवसायी व मनकापुर के व्यवसायी की पत्नी समेत तीन लोगों की कोरोना से मौत हो गई तथा 207 नए लोगों में कोरोना संक्रमण की पुुष्टि हुई है।
कोरोना संक्रमण का प्रभाव बढ़ता जा रहा है। जिले में कोराना से होने वाली मौतों में भले ही कम आई हो लेकिन संक्रमितों की संख्या कम नहीं हो रही है। सोमवार को शहर सुजीत गारमेंट के मालिक की कोरोना संक्रमण से मौत हो गई।
वहीं निजी नर्सिंगहोम में भर्ती मनकापुर के व्यवसाई जगदीश गुप्ता की पत्नी इंद्रावती व एक अन्य व्यक्ति की मौत कोरोना संक्रमण से हो गई। इसके साथ ही अब तक कोरोना से मरने वालों की संख्या 125 तक पहुंच गई है। वहीं सोमवार को आई रिर्पोट के अनुसार 125 लोग कोरोना संक्रमित मिले।
विज्ञापन
स्वास्थ्य विभाग पर पर्याप्त संसाधन न होने के कारण कोरोना की जांच सही समय पर नहीं आ पा रही है। सैंपल देने के चार से पांच दिन बाद कोरोना की रिपोर्ट नहीं मिल पा रही है। जिससे मरीजों की सांसे अटकी रहती हैं। वहीं, जांच कराने के बाद व्यक्ति सभी स्थानों पर घूमता है, जो रिपोर्ट पॉजिटिव आने तक कई लोगों को संक्रमित कर चुका होता है।
करीब छह दिन पहले दो रेल कर्मचारी सहित दर्जनों लोगों ने समुदाय स्वास्थ्य केंद्र पंडरी कृपाल परस कोविड जांच करवा था। पर रिपोर्ट अभी तक नहीं मिल पाई है । इससे पता चलता है कि स्वास्थ विभाग करोना को लेकर कितना गंभीर है ।
गत 28 अप्रैल को रेलवे स्टेशन पर कार्यरत दो टीटीई जिसमें डॉक्टर अजय सिंह व मोहन कुमार सहित दर्जनों लोग ने समुदाय स्वास्थ्य केंद्र पंडरी कृपाल पर कोराना का जांच करवाया। पर छह दिन के बाद भी रिपोर्ट का कुछ अता पता नहीं चल पा रहा है ।
ऐसे में करोना संक्रमण चेन तोड़ने का स्वास्थ्य विभाग का दावा खोखला साबित हो रहा है । इसी लापरवाही से जनपद में कोरोना संक्रमित केसों की संख्या बढ़ती जा रही है। कोरोना संक्रमण की पहली लहर पूरी तरह काबू में थी।
अब स्थिति बिल्कुल विपरीत दिख रही है। किसी को कोरोना संक्रमण के लक्षण महसूस हो रहे हैं। वह कोरोना की आरटीपीसीआर जांच करा रहा है तो उसकी रिपोर्ट के लिए लंबा इंतजार करना पड़ रहा है।
विज्ञापन
कोरोना संक्रमण का प्रभाव बढ़ता जा रहा है। जिले में कोराना से होने वाली मौतों में भले ही कम आई हो लेकिन संक्रमितों की संख्या कम नहीं हो रही है। सोमवार को शहर सुजीत गारमेंट के मालिक की कोरोना संक्रमण से मौत हो गई।
विज्ञापन
वहीं निजी नर्सिंगहोम में भर्ती मनकापुर के व्यवसाई जगदीश गुप्ता की पत्नी इंद्रावती व एक अन्य व्यक्ति की मौत कोरोना संक्रमण से हो गई। इसके साथ ही अब तक कोरोना से मरने वालों की संख्या 125 तक पहुंच गई है। वहीं सोमवार को आई रिर्पोट के अनुसार 125 लोग कोरोना संक्रमित मिले।
विज्ञापन
स्वास्थ्य विभाग पर पर्याप्त संसाधन न होने के कारण कोरोना की जांच सही समय पर नहीं आ पा रही है। सैंपल देने के चार से पांच दिन बाद कोरोना की रिपोर्ट नहीं मिल पा रही है। जिससे मरीजों की सांसे अटकी रहती हैं। वहीं, जांच कराने के बाद व्यक्ति सभी स्थानों पर घूमता है, जो रिपोर्ट पॉजिटिव आने तक कई लोगों को संक्रमित कर चुका होता है।
करीब छह दिन पहले दो रेल कर्मचारी सहित दर्जनों लोगों ने समुदाय स्वास्थ्य केंद्र पंडरी कृपाल परस कोविड जांच करवा था। पर रिपोर्ट अभी तक नहीं मिल पाई है । इससे पता चलता है कि स्वास्थ विभाग करोना को लेकर कितना गंभीर है ।
गत 28 अप्रैल को रेलवे स्टेशन पर कार्यरत दो टीटीई जिसमें डॉक्टर अजय सिंह व मोहन कुमार सहित दर्जनों लोग ने समुदाय स्वास्थ्य केंद्र पंडरी कृपाल पर कोराना का जांच करवाया। पर छह दिन के बाद भी रिपोर्ट का कुछ अता पता नहीं चल पा रहा है ।
ऐसे में करोना संक्रमण चेन तोड़ने का स्वास्थ्य विभाग का दावा खोखला साबित हो रहा है । इसी लापरवाही से जनपद में कोरोना संक्रमित केसों की संख्या बढ़ती जा रही है। कोरोना संक्रमण की पहली लहर पूरी तरह काबू में थी।
अब स्थिति बिल्कुल विपरीत दिख रही है। किसी को कोरोना संक्रमण के लक्षण महसूस हो रहे हैं। वह कोरोना की आरटीपीसीआर जांच करा रहा है तो उसकी रिपोर्ट के लिए लंबा इंतजार करना पड़ रहा है।