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भांजे के हत्यारे उम्रकैद
अमर उजाला/बलरामपुर
Updated Wed, 30 Nov 2016 11:52 PM IST
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बीते वर्ष कुल्हाड़ी से भांजे की हत्या करने वाले सगे मामा को एफटीसी द्वितीय ने उम्रकैद की सजा सुनाई है। न्यायाधीश ने आरोपी को 10 हजार रुपये के अर्थदंड से भी दंडित किया है।
पचपेड़वा थाने में 28 फरवरी 2015 को ग्राम पिपरा सड़वा निवासी उरेही पत्नी राममूरत ने मुकदमा दर्ज कराया था कि 27 फरवरी की रात छप्पर में उसके साथ सो रहे बेटे को सगे मामा साधू यादव ने कुल्हाड़ी से हमला कर मार डाला था।
मुकदमा दर्ज करने के बाद पुलिस ने न्यायालय में चार्जशीट दाखिल की। मामला एफटीसी द्वितीय न्यायालय में चला। सरकारी वकील ने मामले में दोषी को कड़ी सजा दिलाने के लिए गवाहों व साक्ष्यों को पेश किया। वहीं दूसरी तरफ बचाव पक्ष के अधिवक्ता ने आरोपी को दोषमुक्त करने की दलील दी।
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दोनों पक्षों को सुनने तथा पत्रावली में मौजूद साक्ष्यों का अवलोकन करने के बाद एफटीसी द्वितीय सुरेंद्र कुुमार सिंह ने आरोपी मामा साधू यादव को आजीवन कारावास की सजा सुनाई तथा 10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया। अर्थदंड न देने पर आरोपी को अतिरिक्त कारावास भुगतना पड़ेगा।
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पचपेड़वा थाने में 28 फरवरी 2015 को ग्राम पिपरा सड़वा निवासी उरेही पत्नी राममूरत ने मुकदमा दर्ज कराया था कि 27 फरवरी की रात छप्पर में उसके साथ सो रहे बेटे को सगे मामा साधू यादव ने कुल्हाड़ी से हमला कर मार डाला था।
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मुकदमा दर्ज करने के बाद पुलिस ने न्यायालय में चार्जशीट दाखिल की। मामला एफटीसी द्वितीय न्यायालय में चला। सरकारी वकील ने मामले में दोषी को कड़ी सजा दिलाने के लिए गवाहों व साक्ष्यों को पेश किया। वहीं दूसरी तरफ बचाव पक्ष के अधिवक्ता ने आरोपी को दोषमुक्त करने की दलील दी।
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दोनों पक्षों को सुनने तथा पत्रावली में मौजूद साक्ष्यों का अवलोकन करने के बाद एफटीसी द्वितीय सुरेंद्र कुुमार सिंह ने आरोपी मामा साधू यादव को आजीवन कारावास की सजा सुनाई तथा 10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया। अर्थदंड न देने पर आरोपी को अतिरिक्त कारावास भुगतना पड़ेगा।