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लोकायुक्त ने डीएम से तलब की जांच रिपोर्ट, सीडीओ को मिली जांच
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गोंडा। विकास खंड मनकापुर की ग्राम पंचायत गुनौरा में सरकारी धन की बंदर बांट की शिकायत जिला स्तरीय अधिकारियों से करने पर कार्रवाई में शिथिलता की गयी। इससे नाराज शिकायतकर्ता राम प्रसाद ने इसकी शिकायत लोकायुक्त उत्तर प्रदेश से किया है। इस मामले में उप लोकायुक्त ने डीएम गोंडा मार्कंडेय शाही को पत्र भेजकर किसी वरिष्ठ अधिकारी से जांच कराके रिपोर्ट तलब किया है।
मामला गुनौरा ग्राम पंचायत से जुड़ा है। आरोप है कि ग्राम प्रधान रह चुके रघुनायक प्रसाद द्विवेदी के कार्यकाल में ग्राम पंचायत में तैनात सचिव पवन कुमार गौतम द्वारा लाखों रूपये विभिन्न योजनाओं में बिना काम कराये ही निकाल लिये गये। इसकी शिकायत संपूर्ण समाधान दिवस व आईजीआरएस तथा अधिकारियों से की गयी, लेकिन जांच में लीपापोती होती रही।
इस मामले में सचिव पर सरकारी कर्मचारी होते हुए लाखों रुपये सरकारी धन का गबन कर लिया गया। शिकायत का पुलिंदा लोकायुक्त उत्तर प्रदेश के दरबार में जब पहुंचा तो लोकायुक्त सचिव /सीनियर जज अनिल कुमार सिंह ने डीएम मार्कंडेय शाही को मामले की जांच किसी वरिष्ठ अधिकारी से कराकर एक दिसंबर तक रिपोर्ट उप लोकायुक्त कार्यालय में भेजने का निर्देश दिया। डीएम मार्कडेय शाही ने बताया कि लोकायुक्त कार्यालय के पत्र पर सीडीओ शंशाक त्रिपाठी को जांच करने की जिम्मेदारी दी गई है।
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मामला गुनौरा ग्राम पंचायत से जुड़ा है। आरोप है कि ग्राम प्रधान रह चुके रघुनायक प्रसाद द्विवेदी के कार्यकाल में ग्राम पंचायत में तैनात सचिव पवन कुमार गौतम द्वारा लाखों रूपये विभिन्न योजनाओं में बिना काम कराये ही निकाल लिये गये। इसकी शिकायत संपूर्ण समाधान दिवस व आईजीआरएस तथा अधिकारियों से की गयी, लेकिन जांच में लीपापोती होती रही।
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इस मामले में सचिव पर सरकारी कर्मचारी होते हुए लाखों रुपये सरकारी धन का गबन कर लिया गया। शिकायत का पुलिंदा लोकायुक्त उत्तर प्रदेश के दरबार में जब पहुंचा तो लोकायुक्त सचिव /सीनियर जज अनिल कुमार सिंह ने डीएम मार्कंडेय शाही को मामले की जांच किसी वरिष्ठ अधिकारी से कराकर एक दिसंबर तक रिपोर्ट उप लोकायुक्त कार्यालय में भेजने का निर्देश दिया। डीएम मार्कडेय शाही ने बताया कि लोकायुक्त कार्यालय के पत्र पर सीडीओ शंशाक त्रिपाठी को जांच करने की जिम्मेदारी दी गई है।
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