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प्रधान ने ले लिए 20 हजार,अधूरा पड़ा आवास
Updated Wed, 04 Apr 2018 12:05 AM IST
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प्रधान ने ले लिए 20 हजार, अधूरा पड़ा आवास
गोंडा। मुजेहना विकास खंड के ग्राम पंचायत पूरे तेंदुआ के मजरे नवाबजोत टागिंया गांव के रहने वाले जंगली ने परियोजना निदेशक को दिए गए शिकायती पत्र में कहा कि है कि उसे वित्तीय वर्ष 2017-18 में प्रधानमंत्री आवास दिया गया था।
पहली किश्त के रूप में उसे 40 हजार रुपये की धनराशि मिली थी। जंगली का कहना है कि रुपया मिलते ही ग्राम प्रधान चंद्रभान व उनके प्रतिनिधि जीशान खां ने आवास दिलाने में खर्चे के नाम पर 20 हजार रुपये ले लिए। पैसे के अभाव में उसके आवास का निर्माण अधूरा रह गया।
इसकी शिकायत लेकर जब वह गांव के सचिव के पास गया तो सचिव ने उससे अभद्रता करते हुए डांटकर भगा दिया। जंगली का आरोप है कि ग्राम प्रधान, उनके प्रतिनिधि व पंचायत सचिव आपस में मिले हुए हैं।
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जंगली ने परियोजना निदेशक से तीनों के खिलाफ कार्रवाई कर उसका रुपया वापस दिलाए जाने की मांग की है। परियोजना निदेशक वीरपाल ने खंड विकास अधिकारी को मामले की जांच सौंपी है। पीडी ने बताया कि जांच में शिकायत सही मिली तो संबधित के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
गोंडा। मुजेहना विकास खंड के ग्राम पंचायत पूरे तेंदुआ के मजरे नवाबजोत टागिंया गांव के रहने वाले जंगली ने परियोजना निदेशक को दिए गए शिकायती पत्र में कहा कि है कि उसे वित्तीय वर्ष 2017-18 में प्रधानमंत्री आवास दिया गया था।
पहली किश्त के रूप में उसे 40 हजार रुपये की धनराशि मिली थी। जंगली का कहना है कि रुपया मिलते ही ग्राम प्रधान चंद्रभान व उनके प्रतिनिधि जीशान खां ने आवास दिलाने में खर्चे के नाम पर 20 हजार रुपये ले लिए। पैसे के अभाव में उसके आवास का निर्माण अधूरा रह गया।
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इसकी शिकायत लेकर जब वह गांव के सचिव के पास गया तो सचिव ने उससे अभद्रता करते हुए डांटकर भगा दिया। जंगली का आरोप है कि ग्राम प्रधान, उनके प्रतिनिधि व पंचायत सचिव आपस में मिले हुए हैं।
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जंगली ने परियोजना निदेशक से तीनों के खिलाफ कार्रवाई कर उसका रुपया वापस दिलाए जाने की मांग की है। परियोजना निदेशक वीरपाल ने खंड विकास अधिकारी को मामले की जांच सौंपी है। पीडी ने बताया कि जांच में शिकायत सही मिली तो संबधित के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।