{"_id":"67bcbba6c10499c41e038c94","slug":"lawyers-protest-against-advocates-amendment-bill-ghazipur-news-c-313-1-svns1019-128687-2025-02-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"Ghazipur News: अधिवक्ता संशोधन विधेयक के विरोध में वकीलों ने किया धरना-प्रदर्शन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Ghazipur News: अधिवक्ता संशोधन विधेयक के विरोध में वकीलों ने किया धरना-प्रदर्शन
विज्ञापन
तहसील मुख्यालय पर सोमवार को ऑल इंडिया बार एसोसिएशन के आह्वान पर अधिवक्ताओं ने अधिवक्ता संशोधन विधेयक- 2025 के विरोध में जमकर प्रदर्शन किया।
बार एसोसिएशन के अध्यक्ष अशोक सिंह यादव के नेतृत्व में अधिवक्ताओं ने न्यायिक कार्यों का बहिष्कार करते हुए धरना दिया। इस दौरान सरकार विरोधी नारेबाजी की।
धरना-प्रदर्शन के चलते कोर्ट में पूरी तरह सन्नाटा पसरा रहा। दूरदराज से अपने मुकदमों की पैरवी के लिए आए वादकारियों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा। उन्हें घंटों इंतजार के बाद निराश होकर लौटना पड़ा। बार एसोसिएशन के अध्यक्ष अशोक सिंह यादव ने कहा कि सरकार को एडवोकेट अमेंडमेंट बिल 2025 तत्काल वापस लेना चाहिए।
अन्यथा अधिवक्ताओं का आंदोलन और तेज होगा और वह अनिश्चितकालीन न्यायिक कार्य बहिष्कार करने को मजबूर होंगे। यह काला कानून अधिवक्ताओं के हितों के खिलाफ है। इसे किसी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जाएगा।
विज्ञापन
उन्होंने सरकार से एडवोकेट प्रोटेक्शन एक्ट लागू करने, अधिवक्ताओं के लिए 10 लाख रुपये का मेडिकल बीमा और मृतक अधिवक्ताओं के परिजनों को 10 लाख रुपये की सहायता राशि देने की मांग की। धरना-प्रदर्शन में गोरखनाथ सिंह, कमलकांत राय, सुरेंद्र प्रसाद, रामजी राय, मोहम्मद इमरान, मेराज हसन, फैसल होदा, अमरनाथ राम, सुनील कुमार सिंह, घनश्याम, मुनेश, अजय कुमार, श्रवण कुमार, उदय नारायण सिंह, अंजनी कुमार, शशिभूषण राय, दीनदयाल, रमेश सिंह, संजय यादव, श्रीनिवास राम सहित कई अधिवक्ता शामिल थे।
अधिवक्ताओं ने साफ कहा कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं, उनका आंदोलन जारी रहेगा।
विज्ञापन
बार एसोसिएशन के अध्यक्ष अशोक सिंह यादव के नेतृत्व में अधिवक्ताओं ने न्यायिक कार्यों का बहिष्कार करते हुए धरना दिया। इस दौरान सरकार विरोधी नारेबाजी की।
धरना-प्रदर्शन के चलते कोर्ट में पूरी तरह सन्नाटा पसरा रहा। दूरदराज से अपने मुकदमों की पैरवी के लिए आए वादकारियों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा। उन्हें घंटों इंतजार के बाद निराश होकर लौटना पड़ा। बार एसोसिएशन के अध्यक्ष अशोक सिंह यादव ने कहा कि सरकार को एडवोकेट अमेंडमेंट बिल 2025 तत्काल वापस लेना चाहिए।
विज्ञापन
अन्यथा अधिवक्ताओं का आंदोलन और तेज होगा और वह अनिश्चितकालीन न्यायिक कार्य बहिष्कार करने को मजबूर होंगे। यह काला कानून अधिवक्ताओं के हितों के खिलाफ है। इसे किसी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जाएगा।
विज्ञापन
उन्होंने सरकार से एडवोकेट प्रोटेक्शन एक्ट लागू करने, अधिवक्ताओं के लिए 10 लाख रुपये का मेडिकल बीमा और मृतक अधिवक्ताओं के परिजनों को 10 लाख रुपये की सहायता राशि देने की मांग की। धरना-प्रदर्शन में गोरखनाथ सिंह, कमलकांत राय, सुरेंद्र प्रसाद, रामजी राय, मोहम्मद इमरान, मेराज हसन, फैसल होदा, अमरनाथ राम, सुनील कुमार सिंह, घनश्याम, मुनेश, अजय कुमार, श्रवण कुमार, उदय नारायण सिंह, अंजनी कुमार, शशिभूषण राय, दीनदयाल, रमेश सिंह, संजय यादव, श्रीनिवास राम सहित कई अधिवक्ता शामिल थे।
अधिवक्ताओं ने साफ कहा कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं, उनका आंदोलन जारी रहेगा।