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Ghazipur News: दो घंटे धूप के बाद छाए रहे बादल, बूंदाबांदी

Sat, 28 Dec 2024 11:33 PM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Sat, 28 Dec 2024 11:33 PM IST
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Clouds and drizzle after two hours of sunshine
गाजीपुर। मौसम का मिजाज शनिवार को बदल गया। सुबह दो घंटे धूप होने के बाद पूरे दिन बादल छाए रहे। दोपहर दो बजे के आसपास बूंदाबांदी हुई। बादल छाए रहने से सर्दी बढ़ गई। मौसम वैज्ञानिक कपिल देव शर्मा के मुताबिक आने वाले दो-तीन दिनों में इसी तरह का मौसम रहेगा। बूंदाबांदी के साथ हल्की बारिश का अनुमान है। सर्द हवाओं से ठंड बढ़ेगी। इस सीजन की ठंड में यह पहला दिन रहा जब सबसे अधिक समय तक बादल छाए रहे। दिन में धूप से लोगों को दोपहर में राहत रहती थी। लेकिन, सुबह-शाम ठंड रहती थी, लेकिन धूप नहीं होने से लोगों को दोपहर में राहत नहीं मिल पाई। बदले मौसम के कारण दोपहर में ही लोगों को सिहरन दौड़ गई। रही-सही कसर दोपहर में बूंदाबांदी ने पूरी कर दी। 20 मिनट की बूंदाबांदी हुई। सुबह छह से आठ बजे तक धूप निकली इसके बाद वह भगवान भास्कर बादलों में छिप गए। एक बार वह बादलों की आगोश में समाए, तो फिर पूरे दिन दोबारा दर्शन नहीं हुए। वहीं जनपद का न्यूनतम तापमान 13.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
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तिरपाल से ढंककर धान को भीगने से बचाया
सेवराई। जनपद में दोपहर बारिश से मौसम बिगड़ गया। क्रय केंद्रों पर खुले में रखे धान को भीगने से बचाने के लिए कर्मचारी उसे तिरपाल से ढंकते दिखे। तेज बारिश न होने के कारण कर्मचारियों ने राहत की सांस ली। एक नवंबर से जिले में धान की खरीद हो रही है। इस बार 22 लाख क्विंटल खरीद का लक्ष्य निर्धारित किया है। इसके लिए विभिन्न संस्थाओं के 153 क्रय केंद्र खोले गए हैं। दो महीने बाद अब तक 13 लाख क्विटंल की खरीद हो चुकी है। यह 16400 किसानों से की गई है। खरीद के लिए 28 फरवरी की अवधि निर्धारित है। भदौरा ब्लॉक में धान क्रय केंद्र बनाया गया है। यहां किसानों से सैकड़ों क्विंटल धान खरीदा गया है। शनिवार को मौसम बिगड़ने के साथ ही बूंदाबांदी होने लगी। इससे क्रय केंद्र पर मौजूद कर्मचारियों में हड़कंप मच गई। धान को भीगने से बचाने के लिए वह उसे तिरपाल से ढंकने में जुट गए। खाद्य विपणन निरीक्षक विकास कुमार सिंह ने बताया कि सभी धान का उठान कर लिया गया है। जो धान बचा है उसको बारिश से बचाने के लिए तिरपाल से ढंक दिया गया है।
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