{"_id":"5ec6b0d58ebc3e904b44cc84","slug":"health-firozabad-news-agr4428440149","type":"story","status":"publish","title_hn":"कोरोना से बच आए, लेकिन एड्स साथ ले आए","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कोरोना से बच आए, लेकिन एड्स साथ ले आए
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
फिरोजाबाद। लॉकडाउन के दौरान जनपद में प्रवासियों का आवागमन जारी है। उनसे कोरोना का संक्रमण तो नहीं हुआ। किंतु जानलेवा बीमारी एड्स का खतरा अब सुहागनगरी में बढ़ गया है। क्योंकि जनपद में एड्स रोगियों की संख्या दोगुनी हो गई है। लॉकडाउन के कारण प्रवासी मजदूरों का अपने गृह जनपदों में आना हुआ है। डर था कि दूसरे जनपदों से आने वाले प्रवासी मजदूरों से कोरोना न फैल जाए। जिसकी जांच के बाद उन्हें होम क्वारंटीन भी किया गया। इस दौरान घर-घर जाकर स्क्रीनिंग भी कराई गई थी। किंतु बाहर से आने वाले लोगों से कोरोना संक्रमण तो नहीं फैला, मगर जनपद में एड्स का खतरा बढ़ गया है। इस बात का खुलासा एड्स रोगी अस्पताल में दवा लेने पहुंचे मरीजों से हुआ। हर बार से संख्या डेढ़ गुनी हुई, फिर दूसरे माह दोगुनी से अधिक हो गई। हालांकि सभी मरीजों को स्वास्थ्य विभाग द्वारा दवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।
पंजीकृत मरीज 95, दवा ले रहे 200 मरीज
लॉकडाउन से पूर्व एड्स के कुल 95 मरीज पंजीकृत थे। इनको नियमानुसार दवा का वितरण किया जा रहा था। लॉकडाउन के बाहरी लोगों का आना हुआ। वहीं आदेश में कहा गया कि किसी भी जनपद में चिन्हित एड्स रोगी किसी भी जनपद से दवा ले सकता है। इसके बाद लॉकडाउन के पहले महीने में 152 मरीज व दूसरे माह में 200 मरीजों ने दवा ली है।
किसी भी जनपद से लें सकते हैं दवा
जिला अस्पताल के एड्स विभाग में तैनात काउंसलर रेनू तिवारी ने कहा कि पहले जिस जिले में मरीज चिन्हित होते थे, वहीं दवा ले सकते थे। किंतु लॉकडाउन कारण आदेश आया कि किसी भी जनपद से दवा ले सकते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
पंजीकृत मरीज 95, दवा ले रहे 200 मरीज
लॉकडाउन से पूर्व एड्स के कुल 95 मरीज पंजीकृत थे। इनको नियमानुसार दवा का वितरण किया जा रहा था। लॉकडाउन के बाहरी लोगों का आना हुआ। वहीं आदेश में कहा गया कि किसी भी जनपद में चिन्हित एड्स रोगी किसी भी जनपद से दवा ले सकता है। इसके बाद लॉकडाउन के पहले महीने में 152 मरीज व दूसरे माह में 200 मरीजों ने दवा ली है।
विज्ञापन
किसी भी जनपद से लें सकते हैं दवा
जिला अस्पताल के एड्स विभाग में तैनात काउंसलर रेनू तिवारी ने कहा कि पहले जिस जिले में मरीज चिन्हित होते थे, वहीं दवा ले सकते थे। किंतु लॉकडाउन कारण आदेश आया कि किसी भी जनपद से दवा ले सकते हैं।
विज्ञापन