फतेहपुर। जिला अस्पताल में डॉक्टरों की कमी व संसाधनों का अभाव मरीजों के लिए परेशानी का कारण बने हैं। महिला अस्पताल में सीएमएस का पद खाली है। इससे स्वास्थ्य व्यवस्था का सही से संचालन नहीं हो पा रहा है। अस्पताल में मरीजों को घंटों इंतजार करना पड़ रहा है। एक अल्ट्रासाउंड मशीन में गुरुवार को सुबह आठ बजे से मरीजों की भीड़ जुटने लगी। महिलाएं कुर्सी पर आकर बैठ गईं, लेकिन 12 बजे तक जांच नहीं हो सकी। इसी तरह एक्स-रे और पैथोलॉजी लैब के बाहर भी मरीजों की भीड़ लगी रही।
जिला महिला अस्पताल में ही प्रतिदिन 400 से अधिक महिलाएं ओपीडी के लिए पहुंच रही हैं। इसके अलावा वार्डों में गर्भवती महिलाएं उपचार करा रही हैं। बाल रोग विशेषज्ञ का एक पद रिक्त है। इसी तरह महिला रोग विशेषज्ञ के दो, नेत्र का एक, ईएनटी व रेडियोलॉजिस्ट, पैथोलाजिस्ट चिकित्सक के सात पद खाली हैं। इन सब के बीच ओपीडी में मात्र दो महिला रोग विशेषज्ञ तैनात हैं। ओपीडी के बाहर लाइन में खड़े होकर लंबा इंतजार करने के बाद मरीजों को इलाज मिल रहा है। वहीं जिला अस्पताल में कुल 13 चिकित्सक समेत अन्य स्टाफ के 52 पद खाली हैं। गुरुवार को महिला और पुरुष दोनों के कुल 1750 मरीजों के पर्चे बने। सबसे अधिक भीड़ हड्डी व महिला रोग विशेषज्ञ की ओपीडी में लगी रही। यहां मरीजों की भीड़ काबू करने के लिए डॉक्टर को सुरक्षा कर्मियों को बुलाना पड़ा। इसके बाद हालात सामान्य हुए।