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फतेहपुरः उमसभरी गर्मी में लोग पड़ रहे बीमार
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जिला अस्पताल के पैथोलॉजी के सामने गैलरी में लगी मरीजों की भीड़। संवाद
- फोटो : FATEHPUR
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फतेहपुर। उमसभरी गर्मी में घर-घर लोग बीमार पड़ रहे हैं। जिला अस्पताल की ओपीडी में मरीजों की संख्या बढ़ गई है। यूरिन की जांच चार दिन से बंद होने से मरीजों को दिक्कत हो रही है।
मंगलवार को जिला अस्पताल की ओपीडी में आने वाले मरीजों की संख्या हजार तक पहुंच गई। अस्पताल की पैथॉलाजी में यूरिन की जांच चार दिन से बंद हैं। इससे हर रोज औसतन डेढ़ से दो सौ मरीज वापस लौटते हैं। मरीजों को प्राइवेट पैथॉलाजी से जांच करानी पड़ती है। अव्यवस्थाओं का आलम यह है कि वार्ड के बाथरूम का दरवाजा टूटा हुआ है। दोपहर में 12 बजे कई डॉक्टर ओपीडी छोड़कर चले गए। ओपीडी में सहायक और जूनियर रेजीडेंट ने काम संभाला। मरीजों को अल्ट्रासाउंड के लिए लंबा इंतजार करना पड़ा। कई मरीजों के निर्धारित समय तक अल्ट्रासाउंड नहीं हो पाए तो उन्हें अगले दिन बुलाया गया।
यूरिन की जांच बंद होने की जानकारी मिली है। मशीन में प्रयोग होने वाली सामग्री मंगाई गई है। सामग्री आते ही जांच शुरू कराई जाएगी।
- डॉ. आरपी सिंह, प्राचार्य, मेडिकल कॉलेज
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मंगलवार को जिला अस्पताल की ओपीडी में आने वाले मरीजों की संख्या हजार तक पहुंच गई। अस्पताल की पैथॉलाजी में यूरिन की जांच चार दिन से बंद हैं। इससे हर रोज औसतन डेढ़ से दो सौ मरीज वापस लौटते हैं। मरीजों को प्राइवेट पैथॉलाजी से जांच करानी पड़ती है। अव्यवस्थाओं का आलम यह है कि वार्ड के बाथरूम का दरवाजा टूटा हुआ है। दोपहर में 12 बजे कई डॉक्टर ओपीडी छोड़कर चले गए। ओपीडी में सहायक और जूनियर रेजीडेंट ने काम संभाला। मरीजों को अल्ट्रासाउंड के लिए लंबा इंतजार करना पड़ा। कई मरीजों के निर्धारित समय तक अल्ट्रासाउंड नहीं हो पाए तो उन्हें अगले दिन बुलाया गया।
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यूरिन की जांच बंद होने की जानकारी मिली है। मशीन में प्रयोग होने वाली सामग्री मंगाई गई है। सामग्री आते ही जांच शुरू कराई जाएगी।
- डॉ. आरपी सिंह, प्राचार्य, मेडिकल कॉलेज