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Fatehpur News: गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के लिए नामांकन और उपस्थिति बढ़ाने पर जोर
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फोटो-14-उन्मुखीकरण कार्यशाला को संबोधित करते संदर्भदाता। संवाद
फतेहपुर। ऐरायां ब्लॉक के परिषदीय विद्यालयों की प्रबंध समितियों के अध्यक्षों और सचिवों के लिए एक दिवसीय प्रशिक्षण एवं उन्मुखीकरण कार्यशाला शुक्रवार को जीटी रोड स्थित एक गेस्ट हाउस में आयोजित की गई। खंड शिक्षाधिकारी रत्नामणि मिश्रा के नेतृत्व में हुए इस कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यालयों की गुणवत्ता में सुधार, बच्चों के नामांकन, ठहराव और नियमित उपस्थिति को बढ़ावा देना रहा।
कार्यशाला में संदर्भदाता दिलीप सिंह ने कहा कि शिक्षा की मजबूत नींव समाज और राष्ट्र के विकास का आधार है जिसमें स्कूल प्रबंध समितियों की भूमिका अहम है। सामुदायिक सहभागिता के जरिये परिषदीय विद्यालयों को सशक्त बनाकर उन्हें गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का केंद्र बनाया जा सकता है।
एसएमसी अध्यक्षों ने भरोसा दिलाया कि वे अधिक से अधिक बच्चों का नामांकन कराने, ड्रॉपआउट कम करने और नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने में सक्रिय भूमिका निभाएंगे। साथ ही दिव्यांग बच्चों की शिक्षा, उनके अनुकूल वातावरण और आवश्यक सुविधाओं पर विशेष ध्यान देने की बात कही गई।
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संदर्भदाता नवनीत सोनी, प्रेमप्रकाश सिंह और सुबोध कुमार ने विद्यालय प्रबंधन, शैक्षिक गुणवत्ता सुधार, नवाचार और बच्चों के सर्वांगीण विकास से जुड़े पहलुओं पर जानकारी दी। उन्होंने शिक्षकों, अभिभावकों और समुदाय के संयुक्त प्रयासों को शिक्षा सुधार की कुंजी बताया।
कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों ने बेसिक शिक्षा के उत्थान और हर बच्चे तक शिक्षा पहुंचाने का संकल्प लिया। इस दौरान विद्यालयों के प्रधानाध्यापक (पदेन सचिव), स्कूल प्रबंध समितियों के अध्यक्ष, विजय त्रिपाठी, आनंद कुमार मिश्र, विनोद कुमार आदि शिक्षक मौजूद रहे।
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कार्यशाला में संदर्भदाता दिलीप सिंह ने कहा कि शिक्षा की मजबूत नींव समाज और राष्ट्र के विकास का आधार है जिसमें स्कूल प्रबंध समितियों की भूमिका अहम है। सामुदायिक सहभागिता के जरिये परिषदीय विद्यालयों को सशक्त बनाकर उन्हें गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का केंद्र बनाया जा सकता है।
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एसएमसी अध्यक्षों ने भरोसा दिलाया कि वे अधिक से अधिक बच्चों का नामांकन कराने, ड्रॉपआउट कम करने और नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने में सक्रिय भूमिका निभाएंगे। साथ ही दिव्यांग बच्चों की शिक्षा, उनके अनुकूल वातावरण और आवश्यक सुविधाओं पर विशेष ध्यान देने की बात कही गई।
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संदर्भदाता नवनीत सोनी, प्रेमप्रकाश सिंह और सुबोध कुमार ने विद्यालय प्रबंधन, शैक्षिक गुणवत्ता सुधार, नवाचार और बच्चों के सर्वांगीण विकास से जुड़े पहलुओं पर जानकारी दी। उन्होंने शिक्षकों, अभिभावकों और समुदाय के संयुक्त प्रयासों को शिक्षा सुधार की कुंजी बताया।
कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों ने बेसिक शिक्षा के उत्थान और हर बच्चे तक शिक्षा पहुंचाने का संकल्प लिया। इस दौरान विद्यालयों के प्रधानाध्यापक (पदेन सचिव), स्कूल प्रबंध समितियों के अध्यक्ष, विजय त्रिपाठी, आनंद कुमार मिश्र, विनोद कुमार आदि शिक्षक मौजूद रहे।

फोटो-14-उन्मुखीकरण कार्यशाला को संबोधित करते संदर्भदाता। संवाद