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बिंदकी सर्राफ लूटकांड का खुलासा फर्जी
Updated Sat, 08 Jul 2017 11:43 PM IST
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बिंदकी सराफ लूटकांड का खुलासा फर्जी
फतेहपुर। बिंदकी में सराफ लूटकांड का खुलासा फर्जी है। आरोपी किसी दूसरे जिले में पकड़े जाएं और एक पर्चा काटकर अपने क्षेत्र की घटनाएं खोल देना खुलासा नहीं, फर्जीवाड़ा है। कोतवाल को चेतावनी देते हुए आईजी रमित शर्मा ने यह टिप्पणी की है। उनका कहना है कि वह रिकवरी के बगैर इसे सही खुलासा नहीं मानेंगे।
मामला बिंदकी के मीरखपुर मोहल्ला निवासी सराफ कुलदीप सोनी को गोली मारकर लूटने का है। कुलदीप की मुश्किल से जान बच पाई थी। करीब दो माह पहले ललौली कस्बे से सराफ को दुकान बंद कर लौटते वक्त बाइक सवार बदमाशों ने लूट लिया था। बाद में कानपुर पुलिस ने लूटपाट के मामलों में फतेहपुर जिले से दो बदमाशों को पकड़ा था।
बिंदकी पुलिस ने इन्हीं बदमाशों पर सराफ कारोबारी समेत कई लूटों का खुलासा कर दिया। पीड़ित परिवार व सराफा कारोबारी बरामदगी न होने की वजह से इस खुलासे से संतुष्ट नहीं थे। अब आईजी रमित शर्मा ने भी अपने स्तर से समीक्षा के बाद खुलासे पर शक जता दिया है। आईजी ने इंस्पेक्टर शैलेंद्र सिंह से लूटे माल की बरामदगी न होने पर चेतावनी के साथ ही स्पष्टीकरण भी मांगा है।
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इंस्पेक्टर ने आईजी को बताया कि आरोपियों ने घटनाएं कबूल की हैं। इस पर आईजी ने कहा है कि रिकवरी न होने का मतलब खुलासा फर्जी है। अपराध कबूल कराना पुलिस की लिखापढ़ी में होता है। वह चाहे जिससे अपराध कबूल कराए। आईजी ने बिंदकी कोतवाल को लूटे माल की रिकवरी के आदेश दिए हैं।
- आईजी ने समीक्षा में जताया शक, दी चेतावनी ,बोले, रिकवरी के बगैर नहीं माना जाएगा सही खुलासा
थानेदारों को एक माह का मौका
जिले में बेकाबू अपराध पर पुलिस टीमें नकेल नहीं कस पा रही हैं। संगीन अपराधों के वर्कआउट का ग्राफ निचले पायदान पर है। ललौली थाना क्षेत्र में लूट की तीन वारदातें, घर में घुसकर बकेवर में दो लूट, थरियांव में सराफ समेत दो लूट, खागा में पांच लूटकांड, सुल्तानपुर घोष में एक , धाता, खखरेरू, औंग में ट्रक लूटकांड, मलवां के कुं वरपुर में घर में घुसकर लूटपाट की वारदातों के खुलासे के लिए आईजी ने थानेदारों को एक माह का मौका दिया है।
आईजी ने कहा है कि भले ही जिले के कप्तान थानेदारों पर अपनी छत्रछाया बनाए रखें, वह सीधे कार्रवाई कर सकते हैं। उनका कहना है कि फर्जी वर्क आउट से अपराध बढ़ता है।
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फतेहपुर। बिंदकी में सराफ लूटकांड का खुलासा फर्जी है। आरोपी किसी दूसरे जिले में पकड़े जाएं और एक पर्चा काटकर अपने क्षेत्र की घटनाएं खोल देना खुलासा नहीं, फर्जीवाड़ा है। कोतवाल को चेतावनी देते हुए आईजी रमित शर्मा ने यह टिप्पणी की है। उनका कहना है कि वह रिकवरी के बगैर इसे सही खुलासा नहीं मानेंगे।
मामला बिंदकी के मीरखपुर मोहल्ला निवासी सराफ कुलदीप सोनी को गोली मारकर लूटने का है। कुलदीप की मुश्किल से जान बच पाई थी। करीब दो माह पहले ललौली कस्बे से सराफ को दुकान बंद कर लौटते वक्त बाइक सवार बदमाशों ने लूट लिया था। बाद में कानपुर पुलिस ने लूटपाट के मामलों में फतेहपुर जिले से दो बदमाशों को पकड़ा था।
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बिंदकी पुलिस ने इन्हीं बदमाशों पर सराफ कारोबारी समेत कई लूटों का खुलासा कर दिया। पीड़ित परिवार व सराफा कारोबारी बरामदगी न होने की वजह से इस खुलासे से संतुष्ट नहीं थे। अब आईजी रमित शर्मा ने भी अपने स्तर से समीक्षा के बाद खुलासे पर शक जता दिया है। आईजी ने इंस्पेक्टर शैलेंद्र सिंह से लूटे माल की बरामदगी न होने पर चेतावनी के साथ ही स्पष्टीकरण भी मांगा है।
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इंस्पेक्टर ने आईजी को बताया कि आरोपियों ने घटनाएं कबूल की हैं। इस पर आईजी ने कहा है कि रिकवरी न होने का मतलब खुलासा फर्जी है। अपराध कबूल कराना पुलिस की लिखापढ़ी में होता है। वह चाहे जिससे अपराध कबूल कराए। आईजी ने बिंदकी कोतवाल को लूटे माल की रिकवरी के आदेश दिए हैं।
- आईजी ने समीक्षा में जताया शक, दी चेतावनी ,बोले, रिकवरी के बगैर नहीं माना जाएगा सही खुलासा
थानेदारों को एक माह का मौका
जिले में बेकाबू अपराध पर पुलिस टीमें नकेल नहीं कस पा रही हैं। संगीन अपराधों के वर्कआउट का ग्राफ निचले पायदान पर है। ललौली थाना क्षेत्र में लूट की तीन वारदातें, घर में घुसकर बकेवर में दो लूट, थरियांव में सराफ समेत दो लूट, खागा में पांच लूटकांड, सुल्तानपुर घोष में एक , धाता, खखरेरू, औंग में ट्रक लूटकांड, मलवां के कुं वरपुर में घर में घुसकर लूटपाट की वारदातों के खुलासे के लिए आईजी ने थानेदारों को एक माह का मौका दिया है।
आईजी ने कहा है कि भले ही जिले के कप्तान थानेदारों पर अपनी छत्रछाया बनाए रखें, वह सीधे कार्रवाई कर सकते हैं। उनका कहना है कि फर्जी वर्क आउट से अपराध बढ़ता है।