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गंगा किनारे लगाए जाएंगे नींबू, आम और आंवला
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फतेहपुर। नमामि गंगे योजना के तहत गंगा के तटवर्ती गांवों को हरा-भरा किया जाएगा। इस साल 250 हेक्टेयर में बागवानी के लिए कार्य योजना प्रस्तावित की है। इसके तहत नींबू, आम, आंवला, अमरूद के पौधे लगाए जाएंगे। बीते साल 150 हेक्टेयर में बागवानी की गई थी।
उद्यान विभाग के अनुसार गंगा के किनारे स्थित 43 गांवों को हरा-भरा बनाने का काम हो रहा है। इससे न केवल गंगा की धारा अविरल होगी, बल्कि किसान समृद्ध बनेंगे। जिले में 75 किलोमीटर के क्षेत्र से गंगा गुजरती है। नमामि गंगे योजना के तहत गंगा से आठ किलोमीटर तक के गांवों में बागवानी की जानी है। गांवों में जाकर किसानों को जागरूक किया जा रहा है। प्रथम आवक, प्रथम पावक की तर्ज पर किसानों का चयन किया जाता है। उद्यान अधिकारी श्याम सिंह का कहना है किसान को समृद्ध बनाने के लिए योजना चलाई जा रही है। किसान कम से कम 0.2 हेक्टेयर और अधिकतम एक हेक्टेयर क्षेत्रफल में बागवानी कर सकते हैं। एक हेक्टेयर में बागवानी करने वाले किसानों को हर महीने तीन हजार रुपये दिए जाएंगे। आगे दो साल तक सत्यापन कराकर बागवानी करने वाले किसानों के खाते में रुपये भेजे जाएंगे।
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उद्यान विभाग के अनुसार गंगा के किनारे स्थित 43 गांवों को हरा-भरा बनाने का काम हो रहा है। इससे न केवल गंगा की धारा अविरल होगी, बल्कि किसान समृद्ध बनेंगे। जिले में 75 किलोमीटर के क्षेत्र से गंगा गुजरती है। नमामि गंगे योजना के तहत गंगा से आठ किलोमीटर तक के गांवों में बागवानी की जानी है। गांवों में जाकर किसानों को जागरूक किया जा रहा है। प्रथम आवक, प्रथम पावक की तर्ज पर किसानों का चयन किया जाता है। उद्यान अधिकारी श्याम सिंह का कहना है किसान को समृद्ध बनाने के लिए योजना चलाई जा रही है। किसान कम से कम 0.2 हेक्टेयर और अधिकतम एक हेक्टेयर क्षेत्रफल में बागवानी कर सकते हैं। एक हेक्टेयर में बागवानी करने वाले किसानों को हर महीने तीन हजार रुपये दिए जाएंगे। आगे दो साल तक सत्यापन कराकर बागवानी करने वाले किसानों के खाते में रुपये भेजे जाएंगे।
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