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24 घंटे बंद रही बिजली, दो लाख की आबादी प्रभावित
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राधानगर ट्रांसमिशन से असोथर उपकेंद्र की मेन लाइन का खंभा शनिवार शाम ट्रैक्टर की टक्कर से टूट गया।
जिससे उपकेंद्र से जुड़े करीब 500 गांवों की बिजली बंद हो गई और दो लाख की आबादी प्रभावित हुई। रविवार शाम को दूसरा खंभा लगाने के बाद आपूर्ति बहाल हुई। तब लोगों को राहत मिली।
असोथर उपकेंद्र को राधा नगर ट्रांसमिशन से बिजली आपूर्ति दी जाती है। शनिवार की शाम को चुरियानी गांव के पास एक ट्रैक्टर चालक ने 33 केवीए लाइन के खंभे में टक्कर मार दी जिससे खंभा टूट गया।
उपकेंद्र की बिजली आपूर्ति बंद हो गई। घरवासीपुर, थरियांव, नरैनी, जरौली, गाजीपुर, असोथर फीडर से जुड़े करीब 500 गांव की बिजली बंद हो गई। बिजली न आने से कस्बे के अलावा कौंडर, बौंडर गांव की जलापूर्ति प्रभावित रही।
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उपकेंद्र के छह फीडरों से करीब 2500 ट्यूबवेल के कनेक्शन हैं। बिजली न आने से फसलों की सिंचाई और खेतों का पलेवा करना बंद हो गया है। किसान बिजली आने का इंतजार कर रहे हैं।
वहीं करीब 300 लघु उद्योग धंधे (आटा चक्की, तेल स्पेलर, खराद मशीन) बंद हैं। अवर अभियंता हरिकेश ने कहा कि टूटे खंभे की जगह दूसरा खंभा लगा दिया गया है।
खंभा बदलने और हाईटेंशन लाइन के तार शिफ्ट करने में सुबह से शाम तक का समय लगा है। शाम को आठ बजे बिजली आपूर्ति बहाल करा दी गई है।
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जिससे उपकेंद्र से जुड़े करीब 500 गांवों की बिजली बंद हो गई और दो लाख की आबादी प्रभावित हुई। रविवार शाम को दूसरा खंभा लगाने के बाद आपूर्ति बहाल हुई। तब लोगों को राहत मिली।
असोथर उपकेंद्र को राधा नगर ट्रांसमिशन से बिजली आपूर्ति दी जाती है। शनिवार की शाम को चुरियानी गांव के पास एक ट्रैक्टर चालक ने 33 केवीए लाइन के खंभे में टक्कर मार दी जिससे खंभा टूट गया।
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उपकेंद्र की बिजली आपूर्ति बंद हो गई। घरवासीपुर, थरियांव, नरैनी, जरौली, गाजीपुर, असोथर फीडर से जुड़े करीब 500 गांव की बिजली बंद हो गई। बिजली न आने से कस्बे के अलावा कौंडर, बौंडर गांव की जलापूर्ति प्रभावित रही।
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उपकेंद्र के छह फीडरों से करीब 2500 ट्यूबवेल के कनेक्शन हैं। बिजली न आने से फसलों की सिंचाई और खेतों का पलेवा करना बंद हो गया है। किसान बिजली आने का इंतजार कर रहे हैं।
वहीं करीब 300 लघु उद्योग धंधे (आटा चक्की, तेल स्पेलर, खराद मशीन) बंद हैं। अवर अभियंता हरिकेश ने कहा कि टूटे खंभे की जगह दूसरा खंभा लगा दिया गया है।
खंभा बदलने और हाईटेंशन लाइन के तार शिफ्ट करने में सुबह से शाम तक का समय लगा है। शाम को आठ बजे बिजली आपूर्ति बहाल करा दी गई है।