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अंदर अनुशासन का पाठ, बाहर हाय-हाय
ब्यूरो, अमर उजाला फर्रुखाबाद
Updated Sun, 08 Feb 2015 11:20 PM IST
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सपा में बड़े नेताआें के आने पर हंगामा व नारेबाजी थम नहीं रही है। रविवार
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को भी ऐसा ही नजारा रहा। आवास विकास में पार्टी कार्यालय की पहली मंजिल पर
प्रोफेसर पदाधिकारियाें के साथ समीक्षा बैठक कर रहे थे, बाहर नेताआें ने
हंगामा शुरू कर दिया। इन्हाेंने जिलाध्यक्ष हाय-हाय के नारे लगाए। जबरिया
बैठक घुसने की कोशिश करने वालाें को पुलिसकर्मियाें ने दूर तक धकियाया। कई
नए-पुराने पदाधिकारियाें व कार्यकर्ताआें पर हाथ चला दिया गया।
बैठक में जिला संगठन, फ्रं टल संगठन अध्यक्ष, वरिष्ठ नेता व पूर्व जनप्रतिनिधि बुलाए गए थे। इनक ी सूची पुलिस को सौंप दी गई थी। इससे प्रोफेसर से मिलने आए कई वरिष्ठ नेता, पदाधिकारी व कार्यकर्ता बाहर रह गए। इनके अंदर घुसने पर पुलिस व स्वाट टीम ने इन्हें दूर तक खदेड़ दिया। मुंहाचाही करने पर पुलिस ने इन पर हाथ चला दिया। इससे ये भड़क गए और कार्यालय के बाहर हंगामा शुरू कर दिया।
इन्हाेेंने जिलाध्यक्ष हाय-हाय व मुर्दाबाद के नारे लगाए। सुकराम पाल, जीवन यादव, रिंकू शर्मा व होतेलाल को अंदर नहीं जाने दिया गया। इनक ी पुलिस से झड़पें र्हुइं। बाहर दो गुटाें के नेताआें की भिड़ंत से भी माहौल गर्मा गया।
सपा नेता जीवन यादव ने कहा कि पुराने व खांटी सपा नेताआें को तरजीह नहीं दी जा रही है। संगठन में भाजपा, बसपा व कांग्रेस नेताआें को शामिल कर लिया गया। इन्हीं के साथ समीक्षा की जा रही है।
कोई भी सच कहने वाला नहीं है। मिशन 2017 को फे ल करने की कोशिश हो रही है। कायमगंज के मोहम्मद उमर खां ने कहा कि लाठी खाने वाले बैठक से बाहर हैं। रबड़ी खाने वालाें से समीक्षा की जा रही है। आदित्य प्रकाश ने कहा कि पुराने नेताआें व कार्यकर्ताओं को किनारे किया जा रहा है। चार दिन से पार्टी में आने वाले गैरसपाइयाें को सिर आंखाें पर लिया जा रहा। हंगामा की खबर प्रोफेसर तक पहुंची तो उन्हाेंने संदेश भिजवाया कि वह जल्द ही दो दिन के लिए आएंगे तो सभी से वार्ता करेंगे।
मुस्तैद रहा पुलिस फोर्स
प्रोफेसर रामगोपाल के कार्यक्रम को लेकर पुलिस फोर्स एक पैर पर मुस्तैद बना रहा। एक बार हंगामा ज्यादा बढ़ने पर रस्सा खींचकर नेताआें को कार्यालय से दूर कर दिया गया। आवास विकास तिराहा पर मौजूद फोर्स ने बाइकाें को आवास विकास कालोनी की ओर जाने से रोक दिया था।
टेंपो पर पाबंदी से मरीजाें क ो लोहिया अस्पताल तक पैदल जाना पड़ा। प्रोफेसर का काफिला सुबह 11.56 बजे पार्टी कार्यालय के सामने रु का। इनके साथ डीएम एनकेएस चौहान, एसपी विजय यादव भी थे। प्रोफेसर के क ार से उतरते ही स्वाट टीम ने उन्हें घेरकर कार्यालय पहुंचाया। दोपहर बाद 2.56 बजे रामगोपाल पीडब्लूडी गेस्ट हाउस के लिए रवाना हुए। एएसपी आरबी चौरसिया, सीओ वाईपी सिंह, योगश कुमार, कालूराम दोहरे,
एसडीएम सुनील वर्मा, कोतवाल आरपी यादव, सुनील यादव उनके साथ रहे। आवास विकास कालोनी में स्थित सपा कार्यालय के सामने और आसपास से पुलिस ने ठेली वालों को खदेड़ दिया था। जाम न लगे इसके लिए सिपाही आवास विकास तिराहा से लेकर लोहिया मूर्ति तक गश्त करते रहे। वहीं रोड पर भी पुलिस व्यवस्था रही। जाम न लगे इसके लिए रोडवेज बस अड्डे पर भी फोर्स को तैनात रहा।
बैठक में जिला संगठन, फ्रं टल संगठन अध्यक्ष, वरिष्ठ नेता व पूर्व जनप्रतिनिधि बुलाए गए थे। इनक ी सूची पुलिस को सौंप दी गई थी। इससे प्रोफेसर से मिलने आए कई वरिष्ठ नेता, पदाधिकारी व कार्यकर्ता बाहर रह गए। इनके अंदर घुसने पर पुलिस व स्वाट टीम ने इन्हें दूर तक खदेड़ दिया। मुंहाचाही करने पर पुलिस ने इन पर हाथ चला दिया। इससे ये भड़क गए और कार्यालय के बाहर हंगामा शुरू कर दिया।
इन्हाेेंने जिलाध्यक्ष हाय-हाय व मुर्दाबाद के नारे लगाए। सुकराम पाल, जीवन यादव, रिंकू शर्मा व होतेलाल को अंदर नहीं जाने दिया गया। इनक ी पुलिस से झड़पें र्हुइं। बाहर दो गुटाें के नेताआें की भिड़ंत से भी माहौल गर्मा गया।
सपा नेता जीवन यादव ने कहा कि पुराने व खांटी सपा नेताआें को तरजीह नहीं दी जा रही है। संगठन में भाजपा, बसपा व कांग्रेस नेताआें को शामिल कर लिया गया। इन्हीं के साथ समीक्षा की जा रही है।
कोई भी सच कहने वाला नहीं है। मिशन 2017 को फे ल करने की कोशिश हो रही है। कायमगंज के मोहम्मद उमर खां ने कहा कि लाठी खाने वाले बैठक से बाहर हैं। रबड़ी खाने वालाें से समीक्षा की जा रही है। आदित्य प्रकाश ने कहा कि पुराने नेताआें व कार्यकर्ताओं को किनारे किया जा रहा है। चार दिन से पार्टी में आने वाले गैरसपाइयाें को सिर आंखाें पर लिया जा रहा। हंगामा की खबर प्रोफेसर तक पहुंची तो उन्हाेंने संदेश भिजवाया कि वह जल्द ही दो दिन के लिए आएंगे तो सभी से वार्ता करेंगे।
मुस्तैद रहा पुलिस फोर्स
प्रोफेसर रामगोपाल के कार्यक्रम को लेकर पुलिस फोर्स एक पैर पर मुस्तैद बना रहा। एक बार हंगामा ज्यादा बढ़ने पर रस्सा खींचकर नेताआें को कार्यालय से दूर कर दिया गया। आवास विकास तिराहा पर मौजूद फोर्स ने बाइकाें को आवास विकास कालोनी की ओर जाने से रोक दिया था।
टेंपो पर पाबंदी से मरीजाें क ो लोहिया अस्पताल तक पैदल जाना पड़ा। प्रोफेसर का काफिला सुबह 11.56 बजे पार्टी कार्यालय के सामने रु का। इनके साथ डीएम एनकेएस चौहान, एसपी विजय यादव भी थे। प्रोफेसर के क ार से उतरते ही स्वाट टीम ने उन्हें घेरकर कार्यालय पहुंचाया। दोपहर बाद 2.56 बजे रामगोपाल पीडब्लूडी गेस्ट हाउस के लिए रवाना हुए। एएसपी आरबी चौरसिया, सीओ वाईपी सिंह, योगश कुमार, कालूराम दोहरे,
एसडीएम सुनील वर्मा, कोतवाल आरपी यादव, सुनील यादव उनके साथ रहे। आवास विकास कालोनी में स्थित सपा कार्यालय के सामने और आसपास से पुलिस ने ठेली वालों को खदेड़ दिया था। जाम न लगे इसके लिए सिपाही आवास विकास तिराहा से लेकर लोहिया मूर्ति तक गश्त करते रहे। वहीं रोड पर भी पुलिस व्यवस्था रही। जाम न लगे इसके लिए रोडवेज बस अड्डे पर भी फोर्स को तैनात रहा।