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डेरी मालिक को सोते समय चारपाई से बांधा
अमर उजाला ब्यूरो, फर्रुखाबाद
Updated Sun, 05 Feb 2017 10:32 PM IST
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पीड़ित डेरी संचालक ओमेंद्र यादव।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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मोहम्मदाबाद थाना क्षेत्र के गांव अलावलपुर में डेरी संचालक एवं पूर्व प्रधान के पुत्र को हमलावरों ने पीटने के बाद चारपाई से बांध दिया। पुलिस मामले की छानबीन में जुटी है। घटना का कारण अभी स्पष्ट नहीं हो सका है। दूध डेरी संचालक ओमेंद्र यादव उर्फ भूरे (35) पुत्र रघुवंशी यादव ने बताया कि बीती रात करीब 1:30 बजे वह घर के पास बनी पशुशाला में सो रहे थे। उसी समय बदमाशों ने उन्हें दबोच लिया। मारपीट करने के बाद मुंह में कपड़ा (बनियान) ठूंसने के साथ ही हाथ व पैर चारपाई में ही रस्सी से बांध दी।
पास में रखी 40 किलो वजन की गेहूं की बोरी ऊपर लाद दी और रजाई उढ़ाकर भाग निकले। गांव में अगल मकान में रहने वाला उनका भाई बृजेश यादव सुबह जब वहां पहुंचा तो ओमेंद्र को बंधा देखा। शोर मचते ही भीड़ इकट्ठा हो गई और ओमेंद्र को बंधनमुक्त किया। इसके बाद मोहम्मदाबाद के निजी अस्पताल में उन्हें भर्ती कराया। पिता पूर्व प्रधान रघुवंशी का कहना है कि उनकी किसी से रंजिश नहीं है।
सूचना पर पहुंची पुलिस ने छानबीन के दौरान पशुशाला के पास बनी नादों में शराब के तीन खाली पाउच, पांच डिस्पोजल गिलास, एक नमकीन खाली पैकेट व पास में एक पर्ची मिली है। इसमें गांव के तीन-चार लोगों के नाम लिखे थे। सूचना पर सीओ उमेश शर्मा, कोतवाल प्रमोद शुक्ला ने जाकर परिजनों से पूछताछ की। डाक स्क्वायड आस्कर भी दोपहर दो बजे पहुंचा और सुरागकशी की पर कोई नतीजा नहीं निकला। कोतवाल प्रमोद शुक्ला ने बताया कि तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
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अलावलपुर गांव निवासी डेरी मालिक ओमेंद्र सिंह यादव को 29 मई 2016 को दोपहर में हमलावरों ने पकड़कर पीटा था। तब मक्का के खेत में हाथ पैर बांधने के बाद पास में बने गड्ढे में डाल दिया था। भाई ओमकार यादव ने अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट लिखाई थी। ओमकार का कहना बदमाशों का उद्देश्य उनका अपहरण करना था, लेकिन पशुशाला के गेट में ताला लगा होने के कारण वे सफल नहीं हो सके।
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पास में रखी 40 किलो वजन की गेहूं की बोरी ऊपर लाद दी और रजाई उढ़ाकर भाग निकले। गांव में अगल मकान में रहने वाला उनका भाई बृजेश यादव सुबह जब वहां पहुंचा तो ओमेंद्र को बंधा देखा। शोर मचते ही भीड़ इकट्ठा हो गई और ओमेंद्र को बंधनमुक्त किया। इसके बाद मोहम्मदाबाद के निजी अस्पताल में उन्हें भर्ती कराया। पिता पूर्व प्रधान रघुवंशी का कहना है कि उनकी किसी से रंजिश नहीं है।
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सूचना पर पहुंची पुलिस ने छानबीन के दौरान पशुशाला के पास बनी नादों में शराब के तीन खाली पाउच, पांच डिस्पोजल गिलास, एक नमकीन खाली पैकेट व पास में एक पर्ची मिली है। इसमें गांव के तीन-चार लोगों के नाम लिखे थे। सूचना पर सीओ उमेश शर्मा, कोतवाल प्रमोद शुक्ला ने जाकर परिजनों से पूछताछ की। डाक स्क्वायड आस्कर भी दोपहर दो बजे पहुंचा और सुरागकशी की पर कोई नतीजा नहीं निकला। कोतवाल प्रमोद शुक्ला ने बताया कि तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
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अलावलपुर गांव निवासी डेरी मालिक ओमेंद्र सिंह यादव को 29 मई 2016 को दोपहर में हमलावरों ने पकड़कर पीटा था। तब मक्का के खेत में हाथ पैर बांधने के बाद पास में बने गड्ढे में डाल दिया था। भाई ओमकार यादव ने अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट लिखाई थी। ओमकार का कहना बदमाशों का उद्देश्य उनका अपहरण करना था, लेकिन पशुशाला के गेट में ताला लगा होने के कारण वे सफल नहीं हो सके।