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पोस्टमार्टम के बाद शव लेने से किया इनकार
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गांवब्रह्मपुरी में जानकारी करते एडीएम सुभाष चंद्र प्रजापति व पास में बैठे एएसपी अजय प्रताप। संव
- फोटो : FARRUKHABAD
फर्रुखाबाद। रिपोर्ट दर्ज कराने थाने गए भाई का मोबाइल बंद होने और पुलिस की ओर से उस पर कार्रवाई की आशंका से बहन ने पोस्टमार्टम के बाद गौतम का शव लेने से इनकार कर दिया। सीओ सिटी के समझाने पर परिजन माने और शव लेकर चले गए।
बहन कपूरी ने बताया कि भाई ऊदल रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए पुलिस के साथ थाने गया। उसके दोनों मोबाइल नंबर स्विच ऑफ हो गए। पुलिस उसके खिलाफ कोई कार्रवाई कर सकती है। फतेहगढ़ कोतवाल जय प्रकाश पाल ने परिजनों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वह नहीं माने।
जानकारी पर सीओ सिटी प्रदीप कुमार सिंह पोस्टमार्टम हाउस में पहुंचे। उन्होंने परिजनों को बताया कि मुकदमा दर्ज किया जा चुका है। भाई ऊदल का मोबाइल बंद हो गया होगा। परिजन सीओ से भी बहस करते रहे। काफी देर बाद सीओ के समझाने पर परिजन पुलिस के साथ शव लेकर चले गए।
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उधर, मुकदमा दर्ज होने के बाद कॉपी न मिलने पर भाई ऊदल सिंह ने थाना मेरापुर के अंदर अंगौछे का फंदा लगाकर आत्महत्या करने का प्रयास किया। वहां मौजूद लोगों ने उसको रोका। पुलिसकर्मी मूक दर्शक बनकर तमाशा देखते रहे। भाई ऊदल ने बताया कि जब तक मुकदमे की कॉपी नहीं मिलेगी, वह थाने से नहीं जाएगा।
एएसपी व एडीएम से भाई की हुई नोकझोंक
शव न उठने पर पहुुंचे एडीएम सुभाष चंद्र प्रजापित व एएसपी अजय प्रताप से भाई ऊदल व बॉबी की कई बार नोकझोंक हुई। दोनों भाई रिपोर्ट दर्ज होने के बाद ही शव उठने देने की जिद पर अड़े थे। एडीएम ने भरोसा दिया कि पुलिस मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई करेगी।
परिवार को सहायता भी दिलवाई जाएगी। सपा के पूर्व राज्यमंत्री नरेंद्र सिंह यादव व कायमगंज की विधायक सुरभि गंगवार के पति अजीत गंगवार भी दोपहर को वहां पहुंचे। उन्होंने भी परिजनों को समझाने का प्रयास किया था, पर परिजन अपनी जिद पर अड़े रहे थे।
डीएम और एसपी ने ली परिजनों से जानकारी
भाई ऊदल सहित परिजन थाने में मुकदमे की कॉपी लेने के लिए डटे रहे। इसके बाद डीएम संजय कुमार सिंह व एसपी ने मौके पर पहुंच कर लोगों से मामले की जानकारी ली। तीन डॉक्टरों के पैनल से शव का पोस्टमार्टम कराया गया। सूत्रों के मुताबिक, पोस्टमार्टम में मौत की वजह स्पष्ट न होने से विसरा सुरक्षित किया गया है। शराब पीने की पुष्टि हुई है। कमर, कंधा व कोहनी सहित चार जगह चोटों के निशान मिले हैं।
बोले एसपी
एसपी अशोक कुमार मीणा ने बताया कि मेरापुरा थाना पुलिस ने ब्रह्मपुरी गांव में दबिश दी थी और लहन नष्ट करके वापस चली गई थी। इसके बाद रात डेढ़ बजे पीआरवी को सूचना मिली कि गौतम उर्फ सेना बहेलिया की मौत हो गई है। परिजनों ने पुलिस कर्मियों पर मारपीट कर हत्या करने का आरोप लगाया है। मुकदमा दर्ज कर जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। गौतम पर चोरी, अपहरण व शराब बनाने के चार मुकदमे दर्ज हैं।
चार घरों में घुसकर तोड़फोड़ करने का आरोप
गांव ब्रह्मपुरी में दबिश देने गई पुलिस ने शुक्रवार रात गौतम का दरवाजा तोड़ दिया। घर में रखा सामान इधर-उधर फेंक दिया। पड़ोसी सर्वेश का गेट व चारपाई तोड़ डाली। सत्यवीर के घर मेें घुसकर तोड़फोड़ की। इस दौरान घर में बच्चे व महिलाएं ही थीं। गिरीश चंद्र के घर में घुसी पुलिस ने कमरे में रखे बक्से को तोड़ा, सामान उठाकर फेंक दिया। पत्नी मीना के विरोध करने पर धमकी दी।
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बहन कपूरी ने बताया कि भाई ऊदल रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए पुलिस के साथ थाने गया। उसके दोनों मोबाइल नंबर स्विच ऑफ हो गए। पुलिस उसके खिलाफ कोई कार्रवाई कर सकती है। फतेहगढ़ कोतवाल जय प्रकाश पाल ने परिजनों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वह नहीं माने।
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जानकारी पर सीओ सिटी प्रदीप कुमार सिंह पोस्टमार्टम हाउस में पहुंचे। उन्होंने परिजनों को बताया कि मुकदमा दर्ज किया जा चुका है। भाई ऊदल का मोबाइल बंद हो गया होगा। परिजन सीओ से भी बहस करते रहे। काफी देर बाद सीओ के समझाने पर परिजन पुलिस के साथ शव लेकर चले गए।
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उधर, मुकदमा दर्ज होने के बाद कॉपी न मिलने पर भाई ऊदल सिंह ने थाना मेरापुर के अंदर अंगौछे का फंदा लगाकर आत्महत्या करने का प्रयास किया। वहां मौजूद लोगों ने उसको रोका। पुलिसकर्मी मूक दर्शक बनकर तमाशा देखते रहे। भाई ऊदल ने बताया कि जब तक मुकदमे की कॉपी नहीं मिलेगी, वह थाने से नहीं जाएगा।
एएसपी व एडीएम से भाई की हुई नोकझोंक
शव न उठने पर पहुुंचे एडीएम सुभाष चंद्र प्रजापित व एएसपी अजय प्रताप से भाई ऊदल व बॉबी की कई बार नोकझोंक हुई। दोनों भाई रिपोर्ट दर्ज होने के बाद ही शव उठने देने की जिद पर अड़े थे। एडीएम ने भरोसा दिया कि पुलिस मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई करेगी।
परिवार को सहायता भी दिलवाई जाएगी। सपा के पूर्व राज्यमंत्री नरेंद्र सिंह यादव व कायमगंज की विधायक सुरभि गंगवार के पति अजीत गंगवार भी दोपहर को वहां पहुंचे। उन्होंने भी परिजनों को समझाने का प्रयास किया था, पर परिजन अपनी जिद पर अड़े रहे थे।
डीएम और एसपी ने ली परिजनों से जानकारी
भाई ऊदल सहित परिजन थाने में मुकदमे की कॉपी लेने के लिए डटे रहे। इसके बाद डीएम संजय कुमार सिंह व एसपी ने मौके पर पहुंच कर लोगों से मामले की जानकारी ली। तीन डॉक्टरों के पैनल से शव का पोस्टमार्टम कराया गया। सूत्रों के मुताबिक, पोस्टमार्टम में मौत की वजह स्पष्ट न होने से विसरा सुरक्षित किया गया है। शराब पीने की पुष्टि हुई है। कमर, कंधा व कोहनी सहित चार जगह चोटों के निशान मिले हैं।
बोले एसपी
एसपी अशोक कुमार मीणा ने बताया कि मेरापुरा थाना पुलिस ने ब्रह्मपुरी गांव में दबिश दी थी और लहन नष्ट करके वापस चली गई थी। इसके बाद रात डेढ़ बजे पीआरवी को सूचना मिली कि गौतम उर्फ सेना बहेलिया की मौत हो गई है। परिजनों ने पुलिस कर्मियों पर मारपीट कर हत्या करने का आरोप लगाया है। मुकदमा दर्ज कर जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। गौतम पर चोरी, अपहरण व शराब बनाने के चार मुकदमे दर्ज हैं।
चार घरों में घुसकर तोड़फोड़ करने का आरोप
गांव ब्रह्मपुरी में दबिश देने गई पुलिस ने शुक्रवार रात गौतम का दरवाजा तोड़ दिया। घर में रखा सामान इधर-उधर फेंक दिया। पड़ोसी सर्वेश का गेट व चारपाई तोड़ डाली। सत्यवीर के घर मेें घुसकर तोड़फोड़ की। इस दौरान घर में बच्चे व महिलाएं ही थीं। गिरीश चंद्र के घर में घुसी पुलिस ने कमरे में रखे बक्से को तोड़ा, सामान उठाकर फेंक दिया। पत्नी मीना के विरोध करने पर धमकी दी।