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कंपिल और 250 गांव की चार दिन से बिजली गुल
Updated Wed, 08 Nov 2017 11:42 PM IST
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कंपिल। किसी वाहन की टक्कर से 33 हजार लाइन के टूटे चार पोलों के स्थान पर नए पोल लगाकर तारों को नहीं जोड़ा गया है। इस कारण 250 गांवों में चार दिन से बिजली संकट बना है।
सिवारा विद्युत उपकेंद्र की 33 हजार लाइन के चार पोल रविवार को किसी वाहन की टक्कर से टूट गए थे। इस कारण इस बिजली घर से जुड़े 250 गांव और कस्बे की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। विभागीय अधिकारियों ने टूटे पोलों के स्थान पर नए पोल लगवाने और तार जुड़वाने का काम नहीं कराया।
इस कारण कस्बा और गांवाें में बिजली संकट बना हुआ है। चार दिन से बिजली न आने से कस्बा के लोगों के सामने पेयजल की समस्या भी खड़ी हो गई है। देवेंद्र सिंह, अमन शाक्य, अमर सिंह, राजीव ने बताया कि चार दिन से लाइट न आने से पानी की समस्या पैदा हो गई है।
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मोहल्ले में लगे हैंडपंप का सहारा लेना पड़ता है। हैंडपंप पर पूरे दिन भीड़ रहती है। लोगों के मोबाइल भी बंद हो गए है। इस कारण लोग बाहर रहने वाले परिजन और रिश्तेदारों से संपर्क नहीं कर पा रहे है। जेई सुरेंद्र सिंह चौहान ने बताया पोल लगवाने का काम कराया जा रहा है।
-33 हजार लाइन के पोल किसी वाहन की टक्कर से टूट गए थे
-पोल लगाकर तारों को जोड़ने का नहीं हुआ काम, बिजली संकट बरकरार
अमर उजाला ब्यूरो
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सिवारा विद्युत उपकेंद्र की 33 हजार लाइन के चार पोल रविवार को किसी वाहन की टक्कर से टूट गए थे। इस कारण इस बिजली घर से जुड़े 250 गांव और कस्बे की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। विभागीय अधिकारियों ने टूटे पोलों के स्थान पर नए पोल लगवाने और तार जुड़वाने का काम नहीं कराया।
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इस कारण कस्बा और गांवाें में बिजली संकट बना हुआ है। चार दिन से बिजली न आने से कस्बा के लोगों के सामने पेयजल की समस्या भी खड़ी हो गई है। देवेंद्र सिंह, अमन शाक्य, अमर सिंह, राजीव ने बताया कि चार दिन से लाइट न आने से पानी की समस्या पैदा हो गई है।
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मोहल्ले में लगे हैंडपंप का सहारा लेना पड़ता है। हैंडपंप पर पूरे दिन भीड़ रहती है। लोगों के मोबाइल भी बंद हो गए है। इस कारण लोग बाहर रहने वाले परिजन और रिश्तेदारों से संपर्क नहीं कर पा रहे है। जेई सुरेंद्र सिंह चौहान ने बताया पोल लगवाने का काम कराया जा रहा है।
-33 हजार लाइन के पोल किसी वाहन की टक्कर से टूट गए थे
-पोल लगाकर तारों को जोड़ने का नहीं हुआ काम, बिजली संकट बरकरार
अमर उजाला ब्यूरो