फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Etawah News ›   swings broaken and no benches in parks

Etawah News: टूट गए झूले, उजड़ गई हरियाली... पार्कों की बस यही कहानी

Sun, 11 Dec 2022 11:58 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Sun, 11 Dec 2022 11:58 PM IST
विज्ञापन
swings broaken and no benches in parks
इटावा। ग्रामीणों के टहलने और बच्चों के खेलने के लिए गांवों में बनवाए गए पार्क बदहाल हो गए हैं। अनदेखी के कारण पौधे सूख गए हैं। जंग खाकर झूले टूट गए हैं। बच्चे सड़कों पर खेल रहे हैं।
विज्ञापन

करीब तीन साल पहले जिले की महेवा, जसवंतनगर, बसरेहर, भरथना, सैफई, बढ़पुरा, ताखा, चकरनगर ब्लॉक की 18 ग्राम पंचायतों में लाखों के बजट से पार्क बनवाए गए थे। इनमें से आठ मॉडल पार्क के रूप में विकसित किए गए थे। इनमें सुंदर पौधे लगाए गए थे।
विज्ञापन

बेंच की व्यवस्था और झूले भी लगवाए गए थे। शुरुआती दौर में सुबह-शाम इन पार्कों में गांव के लोग टहलने और बच्चे खेलने आते थे, लेकिन देखरेख के अभाव में इनमें से अधिकांश पार्क बदहाल हो गए हैं। कई पार्कों में झूले टूट चुके हैं। बेंच झाड़ियों से घिर चुकी हैं। पार्कों में गंदगी का अंबार है। कई पार्क अराजकतत्वों का अड्डा बन गए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

ताखा क्षेत्र के तीनों पार्क बदहाल
ताखा। ब्लॉक क्षेत्र के गला ढकाऊ में 43.14 लाख की लागत से मॉडल पार्क बनाया गया था। यहां पौधे सूखे पड़े हैं। फव्वारा टूट चुका है। पार्क में रोशनी के लिए लगाईं गईं चार सोलर लाइटों की बैटरी व सोलर प्लेट गायब हैं। वहीं करीब तीन साल पहले सरसईनावर में बनवाए गए 30.60 लाख की लागत से बने पार्क में जिम का सामान टूटा पड़ा है। कुदरैल ग्राम पंचायत के कठौतिया में लगभग 18 लाख की लागत से बने पार्क का भी यही हाल है। (संवाद)
राहिन के मॉडल पार्क में झूले टूटे
बसरेहर। करीब चार साल पहले ब्लाक के राहिन गांव में 30 लाख रुपये की लागत से पार्क बनवाया गया था। देखरेख के अभाव में इस पार्क में यहां इंटरलॉकिंग पर घास उग चुकी है। झूले भी टूट चुके हैं। कुछ झूलों की जंग की वजह से लोहा कट चुका है। इससे बच्चों के बैठने का स्थान ही नहीं बचा है। कई स्ट्रीट लाइटें भी टूट चुकी हैं। यहां छुट्टा पशु डेरा डाले रहते हैं। (संवाद)

महेवा मॉडल पार्क भी बदहाल
निबाड़ीकला। कस्बे में करीब पांच साल पहले 20 लाख रुपये की लागत से मॉडल पार्क बनवाया गया था। यह भी लंबे समय से अनदेखी के कारण बदहाल है। यहां झूले टूटे पड़े हैं। लाइट न होने की वजह से शाम होते ही अराजकतत्वों का जमावड़ा लगा रहता है। पार्क में बैठने के स्थान पर झाड़ियां उग आईं हैं। प्रधान पति अरुण कुमार ने बताया कि वह चार बार लाइटें लगवा चुके हैं, लेकिन चोरी हो जाती हैं। व्यवस्था दुरुस्त कराने का प्रयास किया जा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed